Saturday, May 25, 2024
Homeराजनीतिवीर सावरकर के नाम से जाना जाएगा बांद्रा-वर्सोवा समुद्र सेतु: CM एकनाथ शिंदे का...

वीर सावरकर के नाम से जाना जाएगा बांद्रा-वर्सोवा समुद्र सेतु: CM एकनाथ शिंदे का ऐलान, बोले – स्वातंत्र्य वीर से भयभीत हैं कुछ लोग, बंद हो सकती है उनकी दुकानें

दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए सीएम शिंदे ने कहा कि कुछ लोग सिर्फ अपने स्वार्थ के लिए जानबूझकर वीर सावरकर का नाम बदनाम कर रहे हैं।

स्वातन्त्र्य वीर सावरकर की जयंती पर महाराष्ट्र सरकार ने बड़ा ऐलान किया है। सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा है कि बांद्रा-वर्सोवा सी लिंक ब्रिज का नाम वीर सावरकर के नाम पर होगा। इसके अलावा उन्होंने अलग-अलग क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वालों को वीर सावरकर वीरता पुरस्कार दिए जाने का भी ऐलान किया।

दरअसल, रविवार (28 मई, 2023) को पूरा देश वीर सावरकर की 140वीं जयंती मना रहा था। इस अवसर पर मीडिया से बात करते हुए महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा, “वीर सावरकर जयंती को सरकार ‘वीर सावरकर गौरव दिवस’ के रूप में मना रही है। सरकार ने बांद्रा-वर्सोवा सी लिंक का नाम बदलकर ‘स्वातंत्र्यवीर सावरकर बांद्रा-वर्सोवा समुद्र सेतु’ करने का फैसला किया है। अलग-अलग क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाले लोगों को वीर सावरकर वीरता पुरस्कार देने का भी फैसला किया गया है।”

वहीं, इससे पहले दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए सीएम शिंदे ने कहा कि कुछ लोग सिर्फ अपने स्वार्थ के लिए जानबूझकर वीर सावरकर का नाम बदनाम कर रहे हैं। ऐसे लोगों को डर सता रहा है यदि सावरकर के विचार समाज में लोकप्रिय हो गए, तो उनकी दुकान बंद हो जाएगी। अंदाजा लगाइए कि ये लोग कितना अधिक भयभीत हैं। सावरकर के निधन के 57 साल बाद भी वे उनका विरोध करते जा रहे हैं।

बांद्रा-वर्सोवा सी लिंक ब्रिज का नाम वीर सावरकर के नाम पर रखे जाने पर महाराष्ट्र के उप-मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सीएम शिंदे के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। साथ ही फडणवीस कहा है कि उन्होंने पत्र लिखकर इस बारे में माँग भी की थी।

देवेंद्र फडणवीस ने ट्वीट कर कहा “स्वतंत्रता सेनानी विनायक दामोदर सावरकर की जयंती के अवसर पर मुंबई में बांद्रा-वर्सोवा ब्रिज का नामकरण ‘स्वातंत्र्यवीर सावरकर बांद्रा-वर्सोवा समुद्र सेतु’ करने की घोषणा करने के लिए मैं मुख्यमंत्री एकनाथराव शिंदे का हृदय से आभारी हूँ। 16 मार्च 2023 को मैंने पत्र के माध्यम से इस संबंध में माँग की थी।  हमारे महापुरुषों के कार्यों को नई पीढ़ी याद करती रहेगी और आने वाले कल के सशक्त भारत के लिए गौरवशाली पीढ़ियों का निर्माण करेगी।”

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

OBC आरक्षण में मुस्लिम घुसपैठ पर कलकत्ता हाई कोर्ट का फैसला देश की आँख खोलने वाला: PM मोदी ने कहा – मेहनती विपक्षी संसद...

पीएम मोदी ने कहा कि मेरे लिए मेरे देश की 140 करोड़ जनता साकार ईश्वर का रूप है। सरकार और राजनीति दलों को जनता प्रति उत्तरदायी होना चाहिए।

SFI के गुंडों के बीच अवैध संबंध, ड्रग्स बिजनेस… जिस महिला प्रिंसिपल ने उठाई आवाज, केरल सरकार ने उनका पैसा-पोस्ट सब छीना, हाई कोर्ट...

कागरगोड कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ रेमा एम ने कहा था कि उन्होंने छात्र-छात्राओं को शारीरिक संबंध बनाते देखा है और वो कैंपस में ड्रग्स भी इस्तेमाल करते हैं।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -