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‘5 स्टार होटल में मुख़्तार अंसारी के परिजनों से मिले थे सुखजिंदर सिंह रंधावा, हुई थी गुप्त बैठक’: पंजाब के नए CM पर लगे थे आरोप

यूपी के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने आरोप लगाया था कि उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में मुख़्तार अंसारी के परिजनों ने सुखजिंदर सिंह रंधावा को रिसीव किया था और एक फाइव स्टार होटल में उनके बीच गुप्त बैठक भी हुई थी।

सुखजिंदर सिंह रंधावा को पंजाब का नया मुख्यमंत्री नियुक्त किया गया है। कॉन्ग्रेस आलाकमान ने ये फैसला लिया। इससे पहले वो कैप्टेन अमरिंदर सिंह की सरकार में जेल मंत्री थे, जिनके इस्तीफे के बाद उन्हें ये पद प्राप्त हुआ है। उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने मार्च 2021 में आरोप लगाया था कि सुखजिंदर सिंह रंधावा 12-13 मार्च, 2021 को अपने लखनऊ दौरे के दौरान मुख़्तार अंसारी के परिवार वालों से मिले थे।

बता दें कि मुख़्तार अंसारी उत्तर प्रदेश का बड़ा गुंडा है और वो कई महीनों तक पंजाब की जेल में बंद रहा था। पंजाब सरकार पर उसे बचाने के भी आरोप लगे थे, क्योंकि यूपी पुलिस द्वारा बार-बार प्रयास किए जाने के बाद भी उसे उत्तर प्रदेश स्थानांतरित नहीं करने दिया जा रहा था। सिंह ने आरोप लगाया था कि लखनऊ में मुख़्तार अंसारी के परिजनों ने सुखजिंदर सिंह रंधावा को रिसीव किया था और उनके बीच गुप्त बैठक भी हुई थी।

मुख़्तार अंसारी तब रोपड़ जेल में बंद था। आरोप था कि उसके परिजनों और सुखजिंदर सिंह रंधावा के बीच उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में स्थित एक फाइव स्टार होटल में मुलाकात हुई थी। यूपी सरकार ने आरोप लगाए थे कि मऊ के विधायक को पंजाब सरकार बचा रही है और इसीलिए उसकी कस्टडी यूपी पुलिस को नहीं दी जा रही। हालाँकि, रंधावा ने इन आरोपों को नकार दिया था और कहा था कि उन्होंने अपने अधिकारियों और यूपी पुलिस के एक एसपी के साथ लंच किया था।

उन्होंने पूछा था कि अगर उत्तर प्रदेश की सरकार को लगता है कि उन्होंने अपराधियों से मुलाकात की है तो उन गैंगस्टर्स को पकड़ने से उन्हें कौन मना कर रहा है? उन्होंने दावा किया था कि उनके कमरे के बाहर भी सुरक्षाकर्मी थे। उन्होंने कहा था कि तस्वीरों में उनके साथ उपस्थित जिन लोगों को मुख़्तार अंसारी का रिश्तेदार बताया जा रहा है, वो बैंक और कोऑपरेटिव सोसाइटी के पदाधिकारी हैं।

12 मार्च, 2021 को सुखजिंदर सिंह रंधावा एक इंडिगो एयरलाइन फ्लाइट से चंडीगढ़ से लखनऊ पहुँचे थे। उन्हें गोमती नगर स्थित ताजमहल होटल में ठहराया गया था। उसी दिन वो BSNL के एक कार्यक्रम का भी हिस्सा बने थे। अगले दिन दोपहर को वो चंडीगढ़ लौट गए थे। उनके इन कार्यक्रमों की सूची को उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव व पुलिस महानिदेशक (DGP) से साझा किया गया था। मुख़्तार अंसारी की कस्टडी के लिए यूपी सरकार को सुप्रीम कोर्ट तक जाना पड़ा था।

बता दें कि उस समय ये भी दावा किया जा रहा था कि पंजाब के तत्कालीन जेल मंत्री को एयरपोर्ट पर जो टीम रिसीव करने गई थी वह मुख्तार अंसारी की थी। इस टीम ने एयरपोर्ट पर सुखजिंदर सिंह का स्वागत किया। जो गाड़ियाँ उन्हें लेकर आई थीं, उन्हें भी मुख़्तार अंसारी से संबंधित बताया जा रहा था। आरोप था कि सुखजिंदर की गाड़ी चला रहे व्यक्ति नाम का नाम अबास था, जो मुख़्तार अंसारी गैंग का सदस्य था।

भाजपा विधायक कृष्णानंद राय हत्याकांड में मुख़्तार अंसारी का नाम सामने आया था। पंजाब में कैप्टेन अमरिंदर सिंह के नेतृत्व वाली कॉन्ग्रेस सरकार पर आरोप लगा था कि वो मुख़्तार अंसारी को बचा रही है और वो नहीं चाहती है कि उसे यूपी लाया जाए। यूपी में मुख़्तार को एनकाउंटर का डर सता रहा था। हालाँकि, अदालत के हस्तक्षेप के बाद उसे यूपी लाया गया और वहाँ की जेल में बंद किया गया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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