Homeदेश-समाजनए साल के पहले दिन अमेरिका में आतंकी हमला, भीड़ में गाड़ी घुसा लोगों...

नए साल के पहले दिन अमेरिका में आतंकी हमला, भीड़ में गाड़ी घुसा लोगों को कुचला: पुलिस-बचाने वालों पर की फायरिंग, 12 की मौत

इसे आतंकी हमला बता कर शहर की मेयर ने लोगों से फिलहाल सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि वो जाँच एजेंसियों सहित व्हाइट हॉउस के सम्पर्क में हैं। पु

अमेरिका के लुसियाना में नए साल का जश्न मना रहे लोगों पर आतंकी हमला हुआ है। हमला करने वाले ने एक मिनी ट्रक को भीड़ में घुसा दिया और लोगों को कुचल दिया। इसके बाद ट्रक ड्राईवर ने गोलीबारी भी की। रिपोर्ट लिखे जाने तक 12 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 30 के घायल होने की सूचना है। घटना बुधवार (1 जनवरी, 2025) की है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, घटना लुसियाना के न्यू ऑरलियंस शहर की है। यहाँ बोरबन स्ट्रीट पर जमा हो कर बुधवार की सुबह सैकड़ों लोग साल 2025 का स्वागत कर रहे थे। इसी दौरान एक मिनी ट्रक भीड़ में से लोगों को कुचलते हुए घुस गया। कोई कुछ समझ पाता इस से पहले ट्रक के नीचे कई लोग दब गए।

इसके बाद यह ट्रक रुक गया। जब तक लोग हादसे में घायल हुए कुचल चुके लोगों की मदद के लिए दौड़े तब तक ट्रक ड्राइवर उतर कर लोगों पर गोलियाँ बरसाने लगा। इसमें भी कई लोग मारे गए। उसने 2 पुलिसवालों पर भी गोलियाँ बरसाई। रिपोर्ट में बताया गया है कि ट्रक ड्राइवर भी मारा गया है। यह स्पष्ट नहीं है कि वह किसी पुलिसकर्मी की गोली से मरा या खुद ही गोली मार ली।

इस घटना के कई वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। वायरल वीडियो में लोगों को हमले से बच कर भागते और चीखते-चिल्लाते देखा जा सकता है। हमले की सूचना के बाद पुलिस और फायर डिपार्टमेंट समेत बाकी एजेंसियाँ पहुँच गए थे। घटनास्थल पर FBI भी पहुँच गई है।

इसे आतंकी हमला बता कर शहर की मेयर ने लोगों से फिलहाल सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि वो जाँच एजेंसियों सहित व्हाइट हॉउस के सम्पर्क में हैं। पुलिस ने हमले में इस्तेमाल किए गए ट्रक को भी जब्त कर लिया है। FBI द्वारा की गई वाहन की जाँच के दौरान उसमें बम बरामद हुआ है। इमरजेंसी सेवाओं को अलर्ट कर दिया गया।

अब तक 12 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 30 से अधिक लोग घायल हैं। इनका इलाज अस्पताल में चल रहा है। घायलों में कुछ की हालत गंभीर है जिसकी वजह से मृतकों की तादाद में इजाफा होने की आशंका जताई जा रही है। बताते चलें कि इस से पहले वाहनों को हथियार बना कर फ़्रांस और जर्मनी में भी हमले हो चुके हैं। ऐसे हमलों को ‘लोन वुल्फ अटैक’ कहा जाता है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

चेहरे चमक गए, पर मुद्दे धुंधले पड़े: CJP की अंदरूनी लड़ाई ने आंदोलन की साख पर उठाए सवाल, छात्रों के टूटते भरोसे की कहानी

CJP के भीतर विवाद, नेताओं की सक्रियता और छात्रों की नाराजगी ने आंदोलन की विश्वसनीयता पर बहस छेड़ दी है। समझें कैसे असली मुद्दे पीछे छूट गए?

CJP प्रोपेगेंडा आपकी टाइमलाइन तक कैसे पहुँच रहा? समझिए Meta का एल्गोरिदम और मॉडरेशन कैसे साध रहे ग्लोबल लेफ्ट का नैरेटिव

CJP के प्रदर्शन से जुड़े Videos और पोस्ट Meta का एल्गोरिदम कैसे लोगों के फीड तक पहुँचा रहा है, जिन्होंने फॉलो नहीं किया, वो भी इनको देख रहे।
- विज्ञापन -