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Asianet के दफ्तर पर 4 घंटे केरल पुलिस की छापेमारी, वामपंथी SFI के गुंडों ने भी किया था हमला

लोग इस घटना को सत्ताधारी CPM द्वारा 'Asianet News' चैनल को नेस्तनाबूत करने की कोशिश के रूप में भी देख रहे हैं। क्राइम ब्रांच के अस्सिस्टेंट कमिश्नर वी सुरेश दल-बल के साथ चैनल के दफ्तर पहुँचे और 4 घंटों तक छापेमारी की।

केरल पुलिस ने रविवार (5 फरवरी, 2023) को मलयालम मीडिया संस्थान Aisanet के कोझीकोड स्थित दफ्तर में छापेमारी की है। चैनल के एक न्यूज़ रिपोर्ट के विरुद्ध शिकायत दर्ज कराई गई थी। ये मामला विधानसभा में भी उठा था। सत्ताधारी वामपंथी गठबंधन के णर्दलिया विधायक पीवी अनवर ने चैनल के खिलाफ विधानसभा में बयान दिया था। नीलांबुर के MLA के बयान पर मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने कहा था कि चैनल के खिलाफ शिकायत प्राप्त हो गई है और पुलिस कानूनी तरीके से जाँच कर रही है।

साथ ही Asianet चैनल के विरुद्ध एक FIR भी दर्ज की गई थी। ये भी याद दिला दें कि वामपंथी छात्र संगठन ‘स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI)’ के गुंडों ने भी मीडिया संस्थान के दफ्तर पर धावा बोल दिया था। उन्होंने न सिर्फ गार्ड से धक्का-मुक्की की थी, बल्कि तोड़फोड़ भी मचाई थी। इसके 2 दिन बाद ही अब पुलिस यहाँ पहुँची है। SFI वाले मामले में पुलिस ने केस दर्ज करते हुए 8 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया था।

लोग इस घटना को सत्ताधारी CPM द्वारा ‘Asianet News’ चैनल को नेस्तनाबूत करने की कोशिश के रूप में भी देख रहे हैं। क्राइम ब्रांच के अस्सिस्टेंट कमिश्नर वी सुरेश दल-बल के साथ चैनल के दफ्तर पहुँचे और 4 घंटों तक छापेमारी की। हालाँकि, इस दौरान उन्हें कुछ भी नहीं मिला। पुलिस का कहना है कि चैनल के एक कार्यक्रम के दौरान गड़बड़ियाँ की गई थीं। ये कार्यक्रम ड्रग्स पर था। इसका शीर्षक था – ‘नारकोटिक्स एक गंदा कारोबार है’।

इस कार्यक्रम में केरल में ड्रग्स के बढ़ते प्रभाव और ड्रग माफिया द्वारा लोगों को फँसाए जाने के खेल का खुलासा किया गया था। आरोप है कि एक पीड़ित की आवाज इसी चैनल के एक अन्य कार्यक्रम में प्रयोग की गई आवाज़ से मिलती है। साथ ही एक लड़की को नई पीड़ित बता कर पुरानी पीड़ित की आवाज़ का इस्तेमाल किया गया, ये भी आरोप है। हालाँकि, पीड़िता के पिता ने स्पष्ट कर दिया है कि चैनल ने जो भी दिखाया वो सही है और कुछ भी गलत नहीं कहा गया है।

जबकि, सत्ताधारी वामपंथी दल का मानना है कि ‘Asianet News’ केंद्र सरकार के इशारों पर राज्य की LDF सरकार को बदनाम करने में लगा है। मीडिया संस्थान में केंद्रीय सूचना एवं प्रौद्योगिकी राज्यमंत्री राजीव चंद्रशेखर ने भी निवेश किया था, जिसे आधार बना कर CPM नेता इस पर निशाना साधते हैं। ‘एशियानेट न्यूज़ नेटवर्क’ के एग्जीक्यूटिव चेयरमैन राजीव कालरा ने इसे एक बनावटी केस करार देते हुए कहा कि संस्थान अब लीगल एक्शन लेगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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