Monday, March 1, 2021
Home रिपोर्ट मीडिया नागरिकता विधेयक पर ही BJP को मिली दोबारा सत्ता, बिना घोषणापत्र पढ़े ही शेखर...

नागरिकता विधेयक पर ही BJP को मिली दोबारा सत्ता, बिना घोषणापत्र पढ़े ही शेखर गुप्ता फैला रहे झूठ-भ्रम

शेखर गुप्ता का कहना है कि बीजेपी को नागरिकता संशोधन विधेयक के लिए वोट नहीं किया गया था। शेखर का यह भी कहना है कि जनता इस विधेयक को कानून बनाने के लिए मोदी सरकार को सत्ता में लेकर नहीं आई थी।

लोकसभा में नागरिकता संशोधन विधेयक (CAB) पास होने के साथ ही लिबरल गिरोह में खलबली मच गई। इस गिरोह ने बिल के खिलाफ जनता को बरगलाने के लिए कई बेतुके और कुतर्क दिए। वामपंथी गिरोह ने अपने आधारहीन और बेतुके तर्क में दावा किया कि यह बिल भारत के संविधान के खिलाफ और ‘धर्मनिरपेक्षता’ के खिलाफ है। साथ ही उन लोगों ने इसे ‘अल्पसंख्यक विरोधी’ बिल भी करार दिया। इनमें से कई तर्क ऐसे हैं, जिसे गिरोह द्वारा बार-बार दोहराया गया।

मीडिया गिरोह से जुड़े कुछ लोगों ने और धर्मनिरपेक्षता के नाम पर विधेयक का विरोध करने वाले वामपंथी तबके ने सोशल मीडिया पर लोगों में खूब भ्रम फैलाने की कोशिश की। अलग-अलग तर्क देकर इसके ख़िलाफ़ लोगों को बरगलाया गया। इसमें द प्रिंट के फाउंडर और वरिष्ठ पत्रकार शेखर गुप्ता का नाम भी शामिल रहा। हालाँकि वो अपने समुदाय द्वारा बार-बार दोहराए जा रहे इस तर्क से तंग आ चुके थे। इसलिए उन्होंने कुछ नया करने का सोचा और वो एक नए तर्क के साथ जनता को बरगलाने के लिए सामने आए। मगर इस तर्क से उन्होंने एक बार फिर से अपनी नासमझी और बेवकूफी का परिचय दे दिया।  

द प्रिंट के शेखर गुप्ता ने CAB को लेकर ’50 WordEdit’ नाम से एक ट्वीट किया। ’50 WordEdit’ कुछ नहीं, बस अपनी बात को 50 शब्दों में समेटेने का द प्रिंट वालों का एक ‘नायाब’ आइडिया है। 50 शब्द में पत्रकारिता के ये तथाकथित झंडाबरदार कह कर निकल लेंगे, आप उसके आगे-पीछे सोचते रहिए। इसी ’50 WordEdit’ में इन्होंने दावा किया कि नागरिकता संशोधन विधेयक वह नहीं है, जिसके लिए भाजपा को वोट दिया गया था। उन्होंने लिखा कि इस बिल के माध्यम से मोदी सरकार बिना मतलब के बँटवारे की बात को लाने की कोशिश कर रही है। जबकि भारत 1947 के बाद से काफी आगे बढ़ चुका है। बीजेपी इस बिल को लाकर 2019 में विचारों का दिवालियापन दिखा रही है। उन्होंने आगे कहा कि भले ही यह बिल संसद से पारित हो जाए, लेकिन यह वह नहीं है जिसके लिए बीजेपी को वोट दिया गया था।

यानी कि शेखर गुप्ता का कहना है कि बीजेपी को नागरिकता संशोधन विधेयक के लिए वोट नहीं किया गया था। शेखर का यह भी कहना है कि जनता इस विधेयक को कानून बनाने के लिए मोदी सरकार को सत्ता में लेकर नहीं आई थी। मगर बेहद अफसोस की बाद है कि शेखर गुप्ता खुद तो सच्चाई से अनजान हैं ही, साथ ही देश की जनता के भीतर भी भ्रम पैदा कर रहे हैं। उनकी बातें सच्चाई से कोसों दूर हैं। यह उनके जैसे वरिष्ठ पत्रकार के लिए अच्छी स्थिति नहीं है। खैर, अब वो पत्रकार रहे भी नहीं शायद!

बीजेपी घोषणापत्र, 2019

बता दें कि 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले भाजपा के घोषणापत्र में स्पष्ट रूप से लिखा गया था कि भाजपा पड़ोसी देशों से धार्मिक अल्पसंख्यक समुदायों के व्यक्तियों को उत्पीड़न से बचाने के लिए नागरिकता संशोधन विधेयक को लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है। साथ ही पार्टी पूर्वोत्तर की स्थानीय संस्कृति एवं रीति रिवाज का संरक्षण करने के लिए प्रतिबद्ध है। इसमें यह भी कहा गया था कि पड़ोसी देश पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से धार्मिक उत्पीड़न के चलते आए हिन्दू, सिख, ईसाई, पारसी, जैन और बौद्ध धर्म को लोगों को CAB के तहत भारतीय नागरिकता दी जाएगी।

गृह मंत्री अमित शाह ने भी नागरिकता संशोधन विधेयक को ऐतिहासिक करार देते हुए सोमवार को कहा कि यह भाजपा के घोषणापत्र का हिस्सा रहा है तथा 2014 और 2019 के लोकसभा चुनाव में देश के 130 करोड़ लोगों ने नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार बनाकर इसकी मंजूरी दी है।

2019 के घोषणापत्र में बीजेपी ने साफ तौर पर नागरिकता संशोधन विधेयक को कानून बनाने की बात कही थी और जनता ने भी 300 से अधिक सांसदों को लोकसभा भेजकर यह साबित कर दिया था कि वह भी इस कानून के पक्ष में है और चाहती है कि कानून बने। तभी उसने भारी मतों से मोदी सरकार को वापस से सत्ता दिया। शेखर गुप्ता, अगर आप लोकतंत्र मानते हैं और लोकतंत्र में विश्वास रखते हैं तो आपको जनता के फैसले को समझना और स्वीकार करना चाहिए। एक बात और, जनता मूर्ख नहीं है, जिसे आप बरगला रहे हैं। उन्होंने सोच-समझकर वोट दिया है और मोदी सरकार जनता के उसी भरोसे और अपने वादे को पूरा कर रही है।

हालाँकि शेखर गुप्ता इससे पहले भी मोदी सरकार के खिलाफ झूठ बोल चुके हैं। बता दें कि मोदी सरकार की ऐतिहासिक जीत से पहले देश में मौजूद समुदाय विशेष के पत्रकार अपने लेखों के जरिए इस बात को साबित करने में जुटे थे कि मोदी सरकार की हर नीति, योजना और प्रयास आम लोगों के ख़िलाफ़ है। लेकिन जब प्रचंड बहुमत के साथ मोदी सरकार सत्ता में वापस लौटी तो शेखर गुप्ता ने एक चर्चा ‘How India Voted’ में स्वीकारा कि चुनाव से पहले पत्रकारों ने मोदी सरकार की कल्याणकारी योजनाओं की सफलता को नजरअंदाज किया था।

शेखर गुप्ता के The Print का रिपोर्टिंग के नाम पर फर्जीवाड़ा, लेखक ने अपने शब्दों के साथ खिलवाड़ पर लताड़ा

हाँ हमने झूठ बोला, मोदी की योजनाओं की सफलता की अनदेखी की: गुप्ता जी का छलका दर्द

कुमारस्वामी थे CM, टेप में अहमद पटेल का नाम, लेकिन शेखर गुप्ता की नज़र में येदियुरप्पा दोषी

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

किसे लगेगा वैक्सीन, कहाँ कराएँ रजिस्ट्रेशन, कितने रुपए होंगे खर्च… 9 सवाल और उसके जवाब से जानें हर एक बात

कोरोना वैक्सीनेशन का दूसरा चरण 1 मार्च 2021 के साथ शुरू हो गया है। दूसरे फेज में 60 साल से ज्यादा और गंभीर रोग से ग्रस्त लोगों को...

केरल में कॉन्ग्रेस ने मुस्लिम वोटरों पर लगाया बड़ा दाँव, मुस्लिम लीग को दे दी 26 सीटें

केरल में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए कॉन्ग्रेस ने 'इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML)' के साथ सीट शेयरिंग फॉर्मूला फाइनल कर लिया है।

’50 करोड़ भारतीय मर जाए’ – यह दुआ करने वाले मौलाना को कॉन्ग्रेस-लेफ्ट गठबंधन में 30 सीटें, फिर भी दरार!

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले वामदलों, कॉन्ग्रेस और मौलाना अब्बास सिद्दीकी के ISF के बीच हुए गठबंधन में दरार दिख रही है।

असम का गमछा, पुडुचेरी की नर्स: PM मोदी ने हँसते-हँसते ली कोरोना वैक्सीन की पहली डोज

अब जब आम लोगों को कोरोना के खिलाफ बनी वैक्सीन लगनी शुरू हो गई है, पीएम नरेंद्र मोदी ने मार्च 2021 के पहले ही दिन कोरोना वैक्सीन की डोज ली।

यूपी में सभी को दी जाएगी एक यूनिक हेल्थ आईडी, शहरों में हजारों गरीबों को घर देने की तैयारी में योगी सरकार

जल्द व बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के लिए उत्तर प्रदेश के सभी लोगों के स्वास्थ्य का इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा। नेशनल डिजिटल हेल्थ मिशन (एनडीएचएम) के अंतर्गत प्रदेश सरकार ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है।

सोनिया को राहुल बाबा को PM बनाने की चिंता, स्टालिन को उधयनिधि को CM- 2जी, 3जी, 4जी सब तमिलनाडु में: अमित शाह

गृह मंत्री ने कहा कि सोनिया गाँधी को राहुल बाबा को प्रधानमंत्री बनाने की चिंता है और स्टालिन जी को उधयनिधि को मुख्यमंत्री बनाने की चिंता है। इन्हें ना देश की चिंता है और ना तमिलनाडु की, उनको बस अपने परिवार की चिंता है।

प्रचलित ख़बरें

‘अल्लाह से मिलूँगी’: आयशा ने हँसते हुए की आत्महत्या, वीडियो में कहा- ‘प्यार करती हूँ आरिफ से, परेशान थोड़े न करूँगी’

पिता का आरोप है कि पैसे देने के बावजूद लालची आरिफ बीवी को मायके छोड़ गया था। उन्होंने बताया कि आयशा ने ख़ुदकुशी की धमकी दी तो आरिफ ने 'मरना है तो जाकर मर जा' भी कहा था।

पत्थर चलाए, आग लगाई… नेताओं ने भी उगला जहर… राम मंदिर के लिए लक्ष्य से 1000+ करोड़ रुपए ज्यादा मिला समर्पण

44 दिन तक चलने वाले राम मंदिर निधि समर्पण अभियान से कुल 1100 करोड़ रुपए आने की उम्मीद की गई थी, आ गए 2100 करोड़ रुपए से भी ज्यादा।

कोर्ट के कुरान बाँटने के आदेश को ठुकराने वाली ऋचा भारती के पिता की गोली मार कर हत्या, शव को कुएँ में फेंका

शिकायत के अनुसार, वो अपने खेत के पास ही थे कि तभी आठ बदमाशों ने कन्धों पर रायफल रखकर उन्हें घेर लिया और फायरिंग करने लगे।

असम-पुडुचेरी में BJP की सरकार, बंगाल में 5% वोट से बिगड़ रही बात: ABP-C Voter का ओपिनियन पोल

एबीपी न्यूज और सी-वोटर ओपिनियन पोल के सर्वे की मानें तो पश्चिम बंगाल में तीसरी बार ममता बनर्जी की सरकार बनती दिख रही है।

‘मैं राम मंदिर पर मू$%गा भी नहीं’: कॉन्ग्रेस नेता राजाराम वर्मा ने की अभद्र टिप्पणी, UP पुलिस ने दर्ज किया मामला

खुद को कॉन्ग्रेस का पदाधिकारी बताने वाले राजाराम वर्मा ने सोशल मीडिया पर अयोध्या में बन रहे भव्य राम मंदिर को लेकर अभद्र टिप्पणी की है।

माँ बन गई ईसाई… गुस्से में 14 साल के बेटे ने दी जान: लाश के साथ ‘जीसस के चमत्कार’ की प्रार्थना

झारखंड के चतरा स्थित पन्नाटांड़ में एक किशोर ने कुएँ में कूद कर आत्महत्या कर ली क्योंकि वो अपने माँ के ईसाई धर्मांतरण से दुःखी था।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

292,201FansLike
81,844FollowersFollow
392,000SubscribersSubscribe