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टूरिस्ट बनकर भारत में घुसे बांग्लादेशी, फिर यहीं बस गए: दिल्ली पुलिस ने 5 को दबोचकर वापस भेजा, जिस गेस्ट हाउस में मिले उसके मालिक पर भी केस

बांग्लादेशी व अन्य घुसपैठियों को चिन्हित करने के लिए पुलिस ने एक अलग से टीम बना रखी है। इसी टीम की निगरानी के दौरान पुलिस को सरिता विहार इलाके में आने वाले मदनपुर खादर क्षेत्र के मवासी गेस्ट हाउस के अंदर रह रहे कुछ संदिग्धों का पता चला। इस सूचना पर पुलिस ने दबिश दी तो गेस्ट हाउस में 5 लोग मिले।

दिल्ली पुलिस ने राष्ट्रीय राजधानी में अवैध तौर पर रह रहे बांग्लादेश के 5 नागरिकों को हिरासत में लिया है। ये सभी वीजा की अवधि खत्म होने के बावजूद भारत में ही रह रहे थे। इसमें महिलाएँ भी शामिल हैं। इन सभी को जरूरी कानूनी कार्रवाई के बाद उनके मुल्क वापस भेज दिया गया है। शुक्रवार (3 जनवरी 2025) को पुलिस ने इस कार्रवाई की जानकारी दी है। घुसपैठियों को चिन्हित करके उनकी धरपकड़ का अभियान अभी भी जारी है।

शुक्रवार को मीडिया से बात करते हुए दक्षिण पूर्व दिल्ली पुलिस के DCP रवि कुमार ने इस कार्रवाई की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि बांग्लादेशी व अन्य घुसपैठियों को चिन्हित करने के लिए पुलिस ने एक अलग से टीम बना रखी है। इसी टीम की निगरानी के दौरान पुलिस को सरिता विहार इलाके में आने वाले मदनपुर खादर क्षेत्र के मवासी गेस्ट हाउस के अंदर रह रहे कुछ संदिग्धों का पता चला। इस सूचना पर पुलिस ने दबिश दी तो गेस्ट हाउस में 5 लोग मिले। इनकी जाँच में ये सभी बांग्लादेश के नागरिक निकले।

जाँच में यह पता चला कि पाँचों बांग्लादेशियों की टूरिस्ट वीजा अवधि अगस्त 2024 में खत्म हो चुकी है। इसके बावजूद ये सभी अपने देश वापस नहीं लौटे। इन पाँचों को कस्टडी में लेकर जरूरी कानूनी कार्रवाई के बाद वापस बांग्लादेश भेज दिया गया है। पुलिस ने गेस्ट हाउस के मालिक के खिलाफ भी FIR दर्ज की है। पुलिस का कहना है कि गेस्ट हाउस के मालिक ने पाँचों बांग्लादेशियों को अपने यहाँ किराये पर रखने से पहले उनके कागजातों की सही से जाँच नहीं की थी।

गौरतलब है कि गुरुवार को दक्षिण पश्चिम जिले में भी पुलिस ने एक तलाशी अभियान चलाया था। तब पुलिस ने साल 2012 से अवैध तौर पर भारत में रह रहे 2 बांग्लादेशियों को पकड़ा था। इनकी पहचान 54 वर्षीय लियाकत और 39 वर्षीया नसरीन के तौर पर हुई थी। लियाकत और नसरीन रिश्ते में मियाँ-बीवी हैं। इन दोनों को भी विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (FRRO) के माध्यम से बांग्लादेश वापस लौटा दिया गया है।

इसी के साथ साथ दिल्ली पुलिस ने कई अन्य स्थानों पर अवैध घुसपैठियों के खिलाफ कार्रवाई की है। इन्हीं में से एक घुसपैठी को लवली खतूम इस्लाम के तौर पर चिन्हित हुई थी। लवली खातून पिछले 4 वर्षों से दिल्ली में रह रही थी। घुसपैठियों के खिलाफ एक अन्य कार्रवाई में वसंत कुञ्ज इलाके से भी एक बंगलदेश पकड़ कर वापस अपने मुल्क भेजा गया था। उसकी पहचान ढाका के डेमरा गाँव निवासी मोहम्मद बबलू के तौर पर हुई थी।

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राहुल पाण्डेय
राहुल पाण्डेयhttp://www.opindia.com
धर्म और राष्ट्र की रक्षा को जीवन की प्राथमिकता मानते हुए पत्रकारिता के पथ पर अग्रसर एक प्रशिक्षु। सैनिक व किसान परिवार से संबंधित।

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