कलबुर्गी के हफ्त गुम्बज इलाके के एक स्थानीय निवासी किशन राव हगरगुंडगी के घर की दीवार पर ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ का विवादास्पद नारा लिखा हुआ पाया गया। इसके अलावा अज्ञात बदमाशों ने दीवार पर चारकोल से पीएम मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक बातें लिखी थी।
NSUI के प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश पांडेय ने पहले पुलिस कर्मी को धक्का मारकर गिरा दिया। फिर उसके साथियों ने पुलिस कर्मियों से हाथापाई शुरू कर दी। वायरल वीडियो में कार्यकर्ता, सुरक्षा की दृष्टि से तैनात पुलिस कर्मियों को एक के बाद एक लात घूँसों से पीटते देखे गए।
“मुझे इस बात की घोषणा करते हुए खुशी है कि कल हमारे प्रतिनिधि 3 बिलियन डॉलर से ज्यादा की डिफेंस डील करने जा रहे हैं, जिनमें मिलिट्री हेलीकॉप्टर और भारतीय सुरक्षाबलों के लिए अन्य चीजों शामिल होंगी।”
'नमस्ते ट्रंप' कार्यक्रम के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस्लामिक आतंकवाद और पाकिस्तान का मसला जोर-शोर से उठाया। इससे पहले प्रधानमंत्री के अमेरिकी दौरे के वक्त 'हाउडी मोदी' में भी उन्होंने इस्लामिक आतंकवाद का मिलकर सफाया करने की बात कही थी।
ट्रंप की आगवानी के लिए अहमदाबाद पूरी तरह तैयार है। मोटेरा स्टेडियम में लोगों की एंट्री होने लगी है। इसके अलावा ट्रंप आगरा और दिल्ली की भी यात्रा करेंगे। इस दौरान पॉंच बड़े समझौतों की उम्मीद है।
महाकाल एक्सप्रेस की शुरुआत 20 फरवरी से होनी है। ट्रेन की एक सीट भगवान महाकाल के लिए आरक्षित है, जिस पर शिव मंदिर बनाया गया है। ट्रेन के बी5 कोच की सीट नंबर 64 पर इस मंदिर को स्थापित किया गया है।
स्वास्तिक जलाना, गाय को काट कर कमल पर दिखाना, आजादी के नारे, तेरा बाप भी देगा आजादी, खिलाफत की बातें, बुर्के में हिंदू औरतों को दिखाना, ये भी एक तरह की हिंसा है। इसे वैचारिक हिंसा कहते हैं।
तस्वीर हटाने के आरोप में मोहम्मद राहिल को गिरफ्तार किया गया है। कहा जा रहा है कि उसने बगैर किसी की अनुमति के तस्वीर हटाई थी। सीएए से नाराज होकर उसने ऐसा किया था।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पाकिस्तान में निकले रोजगार के एक विज्ञापन का जिक्र किया। इसमें सफाई के कामों के लिए कर्मचारियों की वैकेंसी निकाली गई थी। इस वैकेंसी में सिर्फ गैर-मुस्लिमों को ही पात्र बताया गया था।
“प्रधानमंत्री मोदी कॉन्ग्रेस पर आरोप लगाते हैं कि हम पाकिस्तान की भाषा में बात कर रहे हैं, लेकिन यही वो शख्स हैं जिन्होंने खुद को पड़ोसी देश के स्तर तक गिरा लिया है। वह मोहम्मद अली जिन्ना के दो-राष्ट्र सिद्धांत का पालन कर रहे है और भारत के हिंदू जिन्ना के रूप में उभरे हैं।”