इस महीने लद्दाख और मार्च में जम्मू-कश्मीर पहले 'खेलो इंडिया' शीतकालीन खेलों की मेजबानी करेगा। पहली प्रतियोगिता लद्दाख में फरवरी के तीसरे हफ्ते में जबकि दूसरी प्रतियोगिता जम्मू-कश्मीर में मार्च के पहले हफ्ते में होगी।
लद्दाख संघ राज्य क्षेत्र के लिए 5958 करोड़ रुपए आवंटित किए गए। नवगठित संघ राज्यों के लिए 2020-21 में 30,757 करोड़ रुपए के आवंटन का प्रस्ताव है। इसमें से लद्दाख संघ राज्य क्षेत्र के लिए 5958 करोड़ रुपए का प्रस्ताव रखा गया है।
पहली बार विलय दिवस पर सरकारी छुट्टी होगी। भारतीय जनता पार्टी, पैंथर्स पार्टी समेत कई राजनीतिक दल और सामाजिक संगठन बरसों से विलय दिवस पर अवकाश की माँग कर रहे थे।
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने संसद में कहा था कि पीओके के लिए जान भी दे देंगे। इसके बाद से लगातार कयास लगाए जा रहे हैं कि भारत सरकार पीओके और अक्साई चीन को अवैध कब्जों से छुड़ाने के लिए प्रयासरत हैं।
केंद्रीय गृह मंत्रालय की तरफ़ से IAS उमंग नरुला को लद्दाख के उपराज्यपाल के सलाहकार के तौर पर नियुक्त किया गया है। इसके अलावा, IPS अधिकारी एसएस खंडारे को लद्दाख पुलिस का प्रमुख बनाया गया है। लद्दाख के अलावा जम्मू-कश्मीर के नए उपराज्यपाल गिरिश चंद्र मुर्मू होंगे।
जम्मू-कश्मीर के मौजूदा राज्यपाल सत्यपाल मलिक को गोवा का राज्यपाल बनाया गया है। उनके स्थान पर गिरीश चंद्र मुर्मू को जम्मू-कश्मीर का पहला एलजी बनाया गया है। वहीं राधाकृष्ण माथुर लद्दाख के पहले एलजी होंगे। यह फैसला 31 अक्टूबर को लागू होगा।
थल सेना ने जहाँ लद्दाख में सैन्य एक्सरसाइज़ शुरू की है, वहीं वायुसेना ने भारत की पूर्वी सीमा के सबसे आखिरी छोर पर बसे गाँव की अपनी हवाई पट्टी फिर से चालू कर दी है- मकसद है चीनी सेना की किसी घुसपैठ या अन्य आक्रामकता का समय रहते मुंहतोड़ जवाब देने के लिए तैयार रहना।
"पूर्व प्रधानमंत्री नेहरू ने ‘फॉरवर्ड पॉलिसी’ अपनाई जिसमें कहा गया कि हमें एक-एक इंच चीन की ओर बढ़ना चाहिए। कार्यान्वयन के दौरान यह ‘बैकवर्ड पॉलिसी’ बन गई। यही वजह है कि अक्साई चीन पूरी तरह से चीन के नियंत्रण में है। उसके जवान डेमचोक ‘नाला’ तक पहुँच गए।"
ईद-उल-अजहा के मौके पर पाकिस्तान ने बीएसएफ से ईद की मिठाई लेने से इनकार कर दिया है। भारतीय जवानों ने बाघा-अटारी बॉर्डर पर पाकिस्तानी रेंजर्स को ईद की मिठाई दी लेकिन उन्होंने मना कर दिया।
नामग्याल ने कहा था कि लद्दाख के लोगों ने शुरू से ही सरकार को बता दिया था कि उन्हें कश्मीर के अलावा किसी भी और तरीके से देश में रहना मंज़ूर है- भले ही वह केंद्र-शासित प्रदेश (UT) के रूप में हो।