"पश्चिम बंगाल में लोकतंत्र की रक्षा करने के दौरान भाजपा के एक और कार्यकर्ता को बलिदान होना पड़ा है। देबनाथ की तृणमूल कॉन्ग्रेस के अपराधियों ने गोली मारकर हत्या की है।"
2008 में CPIM के कार्यकर्ताओं ने भाजपा नेता केवी सुरेंद्रन की उनके घर पर धारदार हथियारों से हत्या कर दी थी। इसके बाद पुलिस घायल सुरेन्द्रन को लेकर अस्पताल पहुँची जहाँ उन्होंने दम तोड़ दिया था।
झड़प के दौरान, दोनों गुटों ने एक-दूसरे पर कच्चे बम फेंके और गोलियाँ भी बरसाई। स्थिति पर नियंत्रण के लिए जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने आँसू गैस के गोले दागे। फ़िलहाल घायलों को इलाक़े के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मृतक की पहचान आनंद पाल के तौर पर हुई है। आनंद मंगलवार (जून 18, 2019) को नाटाबाड़ी इलाके में एक सुनसान जगह पर मृत पाया गया। भाजपा ने इस हत्या का आरोप सीधे सीधे मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर लगाया है।
उत्तर 24 परगना जिले के बशीरहाट लोकसभा क्षेत्र के संदेशखली इलाके में भाजपा का झंडा खोलने को लेकर तृणमूल व भाजपा समर्थकों के बीच विवाद शुरू हुआ। देखते ही देखते विवाद गहराता चला गया। इस बीच वहाँ दोनों गुटों के लोगों के बीच हाथापाई शुरू हो गई।
हत्या की घटना के बाद पुलिस ने सुमन कुंडू और सुजय दास को कथित तौर पर गोली मारने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। दोनों को बैरकपुर उप-मंडल अदालत में बुधवार (5 जून) को पेश किया गया। दोनों के पास से कुछ हथियार और कारतूस भी बरामद किए गए।