विषय

lead story

‘नरक से भी बदतर है दिल्ली, एक बार में बम से ही उड़ा दो’: 21 शहरों में सबसे दूषित पानी दिल्ली में

इस मामले में कोर्ट ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को भी नोटिस जारी किया है। अपने नोटिस के ज़रिए कोर्ट ने लोगों को पीने का साफ़ पानी और साफ़ हवा मुहैया न करा पाने पर मुआवज़ा देने की बात भी कही है।

जब चमकी मारवाड़ी तलवार तो सलावत खान के दिल के हो गई पार, दरबार छोड़ नंगे पाँव भागा शाहजहाँ

ये कहानी है उस योद्धा की, जिसकी गाथा मारवाड़ में आज भी सुनाई जाती है। वो राठौड़, जिसके प्रताप से भयभीत होकर शाहजहाँ नंगे-पाँव अपने ही दरबार से भाग खड़ा हुआ। जिसकी वीरता देख मुगलों ने छल का सहारा लिया और प्रपंच की आड़ ली।

मुस्लिमों को ख़ुश करने के लिए इंदिरा ने पागल महिला के सामने टेके थे घुटने: दे दिया था दिल्ली का महल

एक ज़माने में फ़िरोज़शाह तुगलक जब शिकार पर निकलते थे तो इसी महल में ठहरते थे। 1993 के बाद इस मालचा महल को लेकर कई जनश्रुतियाँ प्रचलित हुईं, जिनमे कहा गया कि इस महल में रहने वाली विलायत बेग़म ने हीरे को पीसकर निगल लिया और आत्म-हत्या कर ली।

ध्रुव राठी, आकाश बनर्जी, पीईंग हृयूमन, कुणाल कामरा… तुम करो तो प्यार-व्यार, हम करें तो…

वामपंथियों की पैदल सेना में सबसे ज्यादा लोग दिल्ली जैसी जगहों के कॉलेजों के नए बच्चे होते हैं। व्यवस्थित तरीके से उनके दिमाग में झूठ का सहारा ले कर खास धर्म और विचार के खिलाफ जहर भरा जाता है। रवीश और केजरीवाल से ले कर कामरा, राठी, बनर्जी, पीईंग ह्यूमन आदि इसकी पूरी योजना बनाते हैं।

ऑपइंडिया Exclusive: अजित पवार के पक्ष में 27 विधायक, मतदान से दूर रह सकते हैं कॉन्ग्रेस MLA

कॉन्ग्रेस और शिवसेना के भीतर लड़ाई चल रही है। कॉन्ग्रेस का एक खेमा शुरुआत से ही शिवसेना के साथ जाने के हक में नहीं रहा है। पूर्व उप मुख्यमंत्री छगन भुजबल ने अजित पवार को बताया है कि पार्टी में 30-35 ऐसे विधायक हैं, जो उनकी अनुपस्थिति में असहज महसूस कर रहे हैं। ये आँकड़ा बढ़ भी सकता है।

भाजपा को सरकार बनाने से रोकने की वो साजिश जब डिप्टी सीएम को हवाई जहाज पर छापेमारी के लिए भेजा गया

वह सरकार कितनी अनैतिक थी इसका अंदाजा आप इस बात से लगा सकते हैं कि जो डिप्टी सीएम बना था, उसने सीएम की पार्टी से बगावत कर ही चुनाव जीता था। वे सीएम के बेटे को ही हराकर विधानसभा पहुॅंचे थे।

शिवसेना-कॉन्ग्रेस-एनसीपी की मुराद नहीं हुई पूरी, अब मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट सुनाएगा फैसला

सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि अजित पवार ने 22 नवंबर को पत्र दिया था। पत्र में कहा गया था कि एनसीपी के सभी 54 विधायकों ने उन्हें नेता चुना है और सरकार बनाने के लिए अधिकृत किया है।

महाराष्ट्र पर ‘सुप्रीम’ फैसला आज, एनसीपी का दावा- लौटे आए 54 में से 52 विधायक

शिवसेना-कॉन्ग्रेस-एनसीपी की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले से स्पष्ट हो सकती है राजनीतिक तस्वीर। अजित पवार को मनाने की कोशिश में जुटी एनसीपी। छगन भुजबल ने की मुलाकात। संसद में भी हंगामे के आसार।

41 सालों में 4 बार CM रहे लेकिन कभी जनता ने शरद पवार को बहुमत नहीं दिया: बोया पेड़ बबूल का…

शरद पवार 1978 में पार्टी तोड़ कर CM बने। 1988 में राजीव ने मुख्यमंत्री बनाया। 1990 में जोड़-तोड़ से सरकार बनाई। 1993 में तत्कालीन CM के इस्तीफे के बाद मुख्यमंत्री बने। उन्होंने जो लिगेसी सेट की है, भतीजा उसका ही अनुसरण कर रहा है। मिलें अजित प्रकरण के अन्य किरदारों से।

अजित के घर में देखे गए शिवसेना नेता: शरद पवार ने कहा- NCP भाजपा के साथ नहीं, भतीजा ग़लत बोल रहा

शिवसेना, कॉन्ग्रेस और एनसीपी, तीनों दलों के विधायक अलग-अलग होटलों में रुके हुए हैं। उद्धव ठाकरे ने इन विधयकों से मुलाक़ात की। उन्होंने और शरद पवार ने एनसीपी विधायकों को सम्बोधित करते हुए कहा कि उनका ये गठबंधन लम्बे समय तक चलेगा।

ताज़ा ख़बरें

प्रचलित ख़बरें