पहले मुस्लिम पक्षकारों को मस्जिद के लिए 5 एकड़ राम जन्मभूमि के 67 एकड़ जमीन के भीतर चाहिए था, मगर अब उनकी ये माँग हिंदुओं को वैकल्पिक 5 एकड़ जमीन देने पर स्थानांतरित हो गई है।
पड़ोसी राज्य ओरछा व दतिया के हमलों को नाकाम करने वाली रानी जिसे अंग्रेजों ने घेर लिया, फिर भी उसने घुटने नहीं टेके। 29 साल की उम्र में वीरगति को प्राप्त करने वाली उस मर्दानी की वीरगाथा सदियों तक यूॅं ही गूॅंजती रहेगी।
सीताराम येचुरी ने कहा है कि मस्जिद में मूर्तियों की स्थापना गंभीर रूप से कानून का उल्लंघन है। बावजूद इसके जमीन कानून तोड़ने वालों को दे दी गई। साथ ही एएसआई भी मंदिर तोड़कर मस्जिद बनाने की बात साबित नहीं कर पाई।
क्या वाक़ई पुरुष इतना भावना-हीन है कि उसे किसी भी तकलीफ पर दर्द नहीं होता। वह रो नहीं सकता। या वह इतना संबल है कि हर परेशानी को सँभाल सकता है। नहीं, यह भी सदियों से चली आ रही है परिपाटी की तरह पूर्वाग्रह से ग्रसित एक धारणा है।
वीर सावरकर की फोटो को दीवार से उखाड़ कर पहली बेंच पर पटक दिया गया था। फोटो पर स्याही लगी हुई थी। इसके बाद छात्र आक्रोशित हो उठे और धरने पर बैठ गए। छात्रों के आक्रोश को देख कर एचओडी वहाँ पर पहुँचे। उन्होंने तीन सदस्यीय कमिटी गठित कर जाँच का आश्वासन दिया।
जब शरद पवार से पूछा गया कि क्या सोनिया गाँधी महाराष्ट्र में शिवसेना के साथ मिल कर सरकार गठन करने के ख़िलाफ़ हैं, पवार ने कहा कि सरकार गठन को लेकर कोई चर्चा ही नहीं हुई। उन्होंने कहा कि किसी अन्य तीसरे दल के बारे में चर्चा हुई ही नहीं।
16 वर्ष के बच्चे ने मराठा साम्राज्य की कमान सँभाली। जलवा ऐसा कि दिल्ली के सिंहासन पर कौन बैठेगा, ये भी उसके इशारे पर तय होता था। जानिए, कौन था मैसूर के हैदर अली और हैदराबाद के निज़ाम को धूल चटाने वाला महायोद्धा?
आज से 20 साल बाद जब 'संस्कृत विद्या धर्म विज्ञान संकाय' में वैदिक मंगलाचरण की जगह कुरान और हदीस की आयतें गूँजेगी, विश्व हिन्दू पंचांग की जगह कुरान और बाइबिल का प्रकाशन होगा, तो बुढ़ापे में आप इस कुण्ठा से जरूर गुजरेंगे कि जब मालवीय मूल्यों और हिन्दू सनातन धर्म और संस्कृति के रक्षार्थ कुछ छात्र लड़ रहे थे तो आप मौन थे......
पीएम मोदी ने कहा कि राज्यसभा ने जीएसटी के रूप में वन नेशन-वन टैक्स की सहमति बनाकर देश को दिशा देने का काम किया है। देश की एकता और अखंडता के लिए अनुच्छेद 370 और 35ए को हटाने की शुरुआत पहले इसी सदन में हुई।
“बीजेपी-शिवसेना ने हमारे खिलाफ चुनाव लड़ा था, तो फिर कॉन्ग्रेस, एनसीपी और शिवसेना का गठबंधन कैसे हो सकता है। शिवसेना और भाजपा अलग हैं। हम और कॉन्ग्रेस अलग हैं, उनको उनका रास्ता तय करना है।”