आरोपित महिला ने प्रेमी के साथ मिल कर अपने पति की हत्या कर दी थी, जिसके बाद हाईकोर्ट ने उन दोनों को उम्रक़ैद की सज़ा सुनाई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस सज़ा को रद्द कर दिया।
इंतज़ार और निधि की दोस्ती फेसबुक के जरिए हुई थी। इसके बाद दोनों ने मिलना शुरू किया था। हालाँकि निधि की शादी पहले ही दिल्ली के एक व्यापारी संजय मिश्रा से हो चुकी थी।
अब आप इसी हत्या की कहानी के नाम बदल दीजिए, प्रकाश को ट्रक पर बिठा दीजिए, फ़ैयाज़ और क़ुरैशी को पुलिस बना दीजिए। तब ये घटना, भले ही इसमें घृणा का एंगल न हो, साम्प्रदायिक हो जाएगी।
ग्वालियर भाजपा के ग्रामीण जिला मंत्री नरेंद्र रावत के भाई छतरपाल सिंह रावत की लाश पार्वती नदी के पुल के पास मिली। छतर सिंह के शरीर पर ज़ख़्म के कई निशान भी मिले हैं।
मध्य प्रदेश में इससे पहले भी हत्या की ऐसी ही घटना हो चुकी है। कुछ दिनों पहले बीजेपी नेता प्रहलाद बंधवार की भी अज्ञात मोटरसाइकिल सवारों ने सिर में गोली मारकर हत्या कर दी थी