अमेठी से वर्तमान सांसद स्मृति ईरानी ने राहुल गाँधी के लिए 'एहसान फरामोश' शब्द का इस्तेमाल किया। साथ ही कहा कि इनके बारे में तो दुनिया कहती है- थोथा चना बाजे घना।
ज़मीन की मालिक रही फूलमती के बेटे गया प्रसाद पाण्डेय का कहना है, “हमारा विकास, हमारे गाँव का विकास, हमारे क्षेत्र का विकास हो इसलिए हम स्मृति ईरानी को ज़मीन दे रहे हैं।"
एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि एक मजहबी गुरू लोगों से राहुल गाँधी की रैली में भारी मात्रा में इकठ्ठा होने के लिए कह रहा है।
राहुल गाँधी द्वारा 'समुद्र के किसानों' के लिए अलग से मंत्रालय वाले बयान पर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने चुटकी लेते हुए इतालवी भाषा में ट्वीट किया है।
राहुल गाँधी किसान हितों के लड़ते-लड़ते ये भूल बैठे हैं कि उनके आए दिन ऐसे बयानों को सुनने और सहन करने वालों के भी कुछ अधिकार होते हैं, जिन्हें कि मानवाधिकार कहा जाता है।