जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बलों ने इस साल अब तक 100 से ज्यादा आतंकियों को मार गिराया। इनमें से 68 को 1 अप्रैल से 10 जून के बीच मार गिराया गया, जब कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए पूरे देश में लॉकडाउन लागू था।
शोपियाँ में यह तीसरी बड़ी मुठभेड़ है, जिसमें 14 आतंकवादी मारे जा चुके हैं। इसके अलावा 2 हफ्ते (1 जून से 10 जून) में कई टॉप कमांडर्स समेत 23 आतंकी मारे गए हैं।
जम्मू-कश्मीर में गुरुवार देर रात को राजौरी जिले के मेहारी गाँव में सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच हुए मुठभेड़ में एक आतंकी मारा गया और उसके पास से भारी मात्रा में गोला बारूद बरामद किया गया।
अब्दुल रहमान 2017 से कश्मीर में एक्टिव था। 2019 के एक एनकाउंटर से ये बच निकला था। रियाज नायकू के बाद ये बहुत बड़ी सफलता है। उन्होंने बताया कि 28 मई को पुलवामा में मिले कार बम को उसी ने तैयार किया था।
आशंका जताई जा रही है कि आतंकी सरगना पर यह हमला पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आइएसआइ ने करवाया है, जिसका उद्देश्य सलाहुद्दीन को भयभीत करना था, न कि उसकी हत्या करना।