नक्सलियों से हुई मुठभेड़ में 17 जवान वीरगति को प्राप्त हुए हैं। अब तक कहा जा रहा था कि ये सभी जवान लापता हैं लेकिन अब उनके वीरगति को प्राप्त होने की पुष्टि हो गई है। इनमें से 12 डीआरजी के हैं जबकि 5 एसटीएफ के हैं।
नक्सलियों ने 600 सुरक्षा बलों की टीम पर फायरिंग की। नक्सलियों के नए मुखिया बासवराजू ने आक्रामक रुख अख्तियार किया है। नक्सलियों ने अपने हथियारों को भी दुरुस्त कर लिया है और वो ग्रेनेड लॉन्चर का प्रयोग करने में लगे हुए हैं।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि हुँगा कवासी की हत्या की घटना की जानकारी मिलने के बाद क्षेत्र के लिए पुलिस दल रवाना किया गया और घटना के लिए जिम्मेदार नक्सलियों की खोज शुरू की गई। कवासी के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
मनी लॉन्ड्रिंग कानून के तहत अरविन्द यादव और उसके परिवार के सदस्यों की संपत्ति कुर्क करने का अस्थायी आदेश जारी हुआ। इसके तहत एक ट्रक और लगभग 14 एकड़ जमीन कुर्क किए गए। ट्रक की कीमत 11 लाख रुपए, जबकि जमीन की कीमत 11 करोड़ रुपए से ज्यादा है।
सोशल मीडिया पर वामपंथी गिरोह के लोगों द्वारा रिपब्लिक टीवी को केंद्र सरकार का गुणगान करने वाले चैनल के रूप में प्रदर्शित किया जाता है। ऐसे में इस चैनल के रिपोर्टर को देखकर जेएनयू प्रदर्शनकारी के द्वारा माँ की गाली देना वामपंथियों के विरोध से ज्यादा मोदी व हिंदू घृणा दर्शाती है।
"...लेकिन 5 मिनट के अंदर ही ऐसा लगा कि हॉस्टल के शीशे टूट रहे हैं, मैं लॉबी में गया, देखा नकाबपोश लोग हाथों में लोहे का रॉड तथा डंडे लिए पेरियार हॉस्टल के हरेक कमरे में घुसते चले जा रहे हैं, और डंडों से बेतरतीब प्रहार करके दरवाजे और खिड़कियों को तोड़ रहे हैं।"
2010 दंतेवाड़ा में सीआरपीएफ के 76 जवानों की मौत। 2013 झीरम घाटी में कॉन्ग्रेस नेताओं को निशाना बनाकर हमला। सभी हमलों का मास्टरमाइंड था रमन्ना। 1989 में दो साथियों के साथ जेल से फरार हुआ तो उसकी तस्वीर तक हासिल नहीं कर पाई पुलिस।
नक्सली हिंदूवादी संगठनों के विस्तार को रोकने के लिए बड़ी साज़िश कर रहे हैं। इसके लिए गुरिल्ला युद्धनीति और लैंडमाइंस का प्रयोग करने की योजना नक्सलियों द्वारा बनाई जा रही है। नक्सली बिहार के विभिन्न जिलों में घूम कर संगठन को मजबूत करने में लगे हुए हैं।
30 नवंबर को होने वाले पहले चरण के मतदान से पूर्व यह हमला हुआ है। जिस जगह हमला किया गया वहॉं से 30 किमी दूर गुरुवार को गृह मंत्री अमित शाह ने रैली की थी। घटनास्थल से 80 किमी दूर पलामू ज़िले में सोमवार को पीएम मोदी की रैली होनी है।
न्याय तलाशते वामपंथी बहुत पीछे जाते हैं तो 1528 में पहुँचते हैं जहाँ रहमदिल, आलमपनाह बाबर, जिसके माता और पिता पक्ष पर करोड़ों हत्याओं का रक्त है, कंधे पर पत्थर उठा कर एक जंगल-झाड़ में, छेनी-हथौड़ा से कूटते हुए मस्जिद बनाता दिखता है।