सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी सामने आई है। एक यूजर ने वीडियो को शेयर करते हुए दावा किया है कि एफआईआर के अनुसार दोनों का हाथ बाँधकर उन्हें पत्थरों और डंडो से मारा गया।
अस्पताल में अंतिम श्रेणी के लोगों के लिए चार रिक्तियाँ थीं, जिसके लिए 100 लोगों को शॉर्टलिस्ट किया गया था। इसमें गिरफ्तार आरोपितों के परिवार वालों को तीन पोस्ट दी गई हैं।
मोहम्मद आसिफ फोटो खिंचवाने के बहाने अपने परिवार के सभी लोगों को मकान के तहखाने में लेकर गया और वहीं लकड़ी के ढाँचे में पानी में डुबोकर सभी की जान ले ली।