Homeराजनीतिकेरल गोल्ड तस्करी में CM विजयन और 3 कैबिनेट मंत्री डायरेक्ट शामिल: मुख्य आरोपित...

केरल गोल्ड तस्करी में CM विजयन और 3 कैबिनेट मंत्री डायरेक्ट शामिल: मुख्य आरोपित स्वप्ना सुरेश ने किया खुलासा

स्वप्ना सुरेश ने कस्टम अधिकारियों को साफ बताया कि केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन खुद ही तस्करी के मामले में शामिल हैं। मुख्यमंत्री महावाणिज्य दूत के सीधे संपर्क में थे। उनके 3 कैबिनेट मंत्री भी...

केरल के सोना और डॉलर तस्करी मामले में मुख्य आरोपित स्वप्ना सुरेश ने बेहद चौंकाने वाला खुलासा किया है। सुरेश ने डॉलर स्मगलिंग को लेकर कस्टम अधिकारियों को साफ बताया कि केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन खुद भी डॉलर की तस्करी के मामले में शामिल हैं।

सुरेश ने बताया है कि मुख्यमंत्री महावाणिज्य दूत (Consulate General) के सीधे संपर्क में थे। उनके अलावा उनकी सरकार के तीन और कैबिनेट मंत्री इस डॉलर की तस्करी के मामले में शामिल थे।

स्वप्ना सुरेश के इस चौंकाने वाले बयान के बाद केरल विधानसभा में विपक्षी नेता भी हमलावर हो गए हैं। रमेश चेन्निथला का कहना है कि कॉन्ग्रेस द्वारा सोने की तस्करी और डॉलर की तस्करी के मामले में लगाए गए सभी आरोप सही साबित हो रहे हैं।

बता दें कि केरल के इस स्मगलिंग केस में जब से स्वप्ना सुरेश का नाम उजागर हुआ था, तभी से मुख्यमंत्री पिनराई विजयन को लेकर सवाल उठ रहे थे। पिछले दिनों इस केस में प्रवर्तन निदेशालय ने PMLA के तहत आरोपित स्वप्ना सुरेश, सरीथ पीएस और संदीप नैयर के अकॉउंट से 1.85 करोड़ रुपए सीज किए थे

उससे पूर्व ईडी द्वारा दायर चार्जशीट के विवरण में केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन का उल्लेख आया था। इसमें कहा गया था कि गोल्ड तस्करी की मुख्य आरोपित स्वप्ना सुरेश केरल के पूर्व प्रमुख सचिव एम शिवशंकर की उपस्थिति में मुख्यमंत्री पिनराई विजयन से कई बार मिली थीं।

सीएम को इस बात की भी जानकारी थी कि स्वप्ना को राज्य की सरकारी एजेंसी स्पेस पार्क ने हायर किया है। उन्होंने स्वप्ना से ‘अनौपचारिक’ रूप से संपर्क बनाए रखने के लिए कहा था।

मामले में लगातार नाम उछलने के कारण पिनरई विजयन ने पिछले दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा था। इस पत्र में उन्होंने राष्ट्रीय जाँच एजेंसियों के पड़ताल के तरीके पर सवाल उठाया था और उन पर बिना किसी उद्देश्य के जाँच का आरोप लगाया था।

उन्होंने लिखा था कि इससे ‘ईमानदार अधिकारी हतोत्साहित’ हो रहे हैं। उनके अनुसार मामले की पूछताछ को रस्‍सी फेंक कर मछली पकड़ने का अभियान नहीं बनना चाहिए, जिससे केंद्रीय जाँच एजेंसियों की विश्वसनीयता का भारी नुकसान होता है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

हमें पितृसत्ता की अधूरी कहानी क्यों सुनाई गई? Patriarchy? Think Again

भारत की शुरुआती वैदिक सभ्यता में महिलाओं का समाज में बहुत सम्मानजनक स्थान था, जहाँ उन्हें शिक्षा और धार्मिक अनुष्ठानों का पूरा अधिकार था। वैदिक साहित्य में गार्गी और मैत्रेयी जैसी महिलाओं के उदाहरण मिलते हैं, जो दार्शनिक चर्चाओं और बौद्धिक विमर्श में सक्रिय थीं।

संभल की डेमोग्राफी: हिंदू 13 हजार से हुए 47 हजार, मुस्लिम 23 हजार से हो गए 1 लाख 71 हजार – मुस्लिम भीड़ की...

2011 की जनगणना के अनुसार संभल शहर की डेमोग्राफी 77.67% मुस्लिम आबादी जबकि हिंदू आबादी सिर्फ 22% वाली बताई गई है। वर्तमान में मुस्लिम 80% तक।
- विज्ञापन -