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8 बच्चे होंगे तो पंक्चर ही बनाएँगे… हम मुसलमानों को टोपी से टाई तक लाना चाहते हैं: UP सरकार के मंत्री मोहसिन रजा

“दो बच्चों को हम डॉक्टर और इंजीनियर बना सकते हैं, लेकिन 8 बच्चे होंगे तो साइकिल की दुकान पर पंक्चर बनाएँगे और फावड़ा लेकर मजदूरी ही करेंगे। हम धर्म और संप्रदाय को टारगेट नहीं कर रहे, देश को आगे ले जाना चाहते हैं।”

उत्तर प्रदेश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री मोहसिन रजा ने योगी आदित्यनाथ सरकार की नई जनसंख्या नीति पर बयान देते हुए कहा, “राज्य में जनसंख्या पॉलिसी बहुत जरूरी है। हमारी सरकार ने इस विषय पर जनता से भी राय माँगी है। इसके बाद ही हम इस कानून को लाएँगे।”

विपक्ष के रवैये पर निशाना साधते हुए मोहसिन रजा ने कहा, “हम (भारतीय जनता पार्टी की सरकार) मुसलमानों को टोपी से टाई की तरफ ले जाना चाहते हैं, लेकिन ये (विपक्ष) चाहते हैं कि वो अशिक्षित रहें। वो (मुस्लिम) रोज ऐसे ही आपके घर के आगे फेरी लगाते रहें, रद्दी खरीदते रहें, कबाड़ खरीदते रहें और छोटे-मोटे पंक्चर और परचून की दुकान पर बैठे दिखाई दें। ये हश्र इन्होंने किया है। इससे पहले कॉन्ग्रेस ने किया था और आज उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी कर रही है। ये इनका एजेंडा हो सकता है, हमारा एजेंडा सबका साथ सबका विकास है, जिस पर योगी सरकार काम कर रही है।”

उन्होंने आगे कहा, “जनसंख्या नियंत्रण हम सबकी चिंता है। हम 8 भाई-बहन हैं, लेकिन क्या आज हम 8 बच्चे पैदा कर सकते हैं? नहीं कर सकते हैं, क्योंकि हम उनको अच्छा संसाधन नहीं दे सकते, उनको अच्छी शिक्षा नहीं दे सकते, तो ये इस कानून को घूमा क्यों रहे हैं? इनकी कोई जननीति नहीं है। ये अपने निजी स्वार्थों की राजनीति करते रहे हैं। अब इनको प्रदेश की जनता समझ चुकी है। इसलिए ये हाशिए पर पड़े हुए हैं। आगे भी ये हाशिए पर ही रहेंगे।”

न्यूज 18 की रिपोर्ट के मुताबिक मोहसिन रजा ने ये भी कहा, “दो बच्चों को हम डॉक्टर और इंजीनियर बना सकते हैं, लेकिन 8 बच्चे होंगे तो साइकिल की दुकान पर पंक्चर बनाएँगे और फावड़ा लेकर मजदूरी ही करेंगे। हम धर्म और संप्रदाय को टारगेट नहीं कर रहे हैं, बल्कि देश को आगे ले जाना चाहते हैं।”

उल्लेखनीय है कि उत्तर प्रदेश में जनसंख्या नियंत्रण के लिए कानूनी उपायों के रास्ते बनने लगे हैं। राज्य विधि आयोग ने यूपी जनसंख्या (नियंत्रण, स्थिरीकरण व कल्याण) विधेयक-2021 का ड्राफ्ट तैयार कर लिया है। इसमें दो से अधिक बच्चे होने पर सरकारी नौकरियों में आवेदन से लेकर स्थानीय निकायों में चुनाव लड़ने पर रोक लगाने का प्रस्ताव है। सरकारी योजनाओं का भी लाभ न दिए जाने का जिक्र है। आयोग ने ड्राफ्ट अपनी वेबसाइट http://upslc।upsdc।gov।in/ पर अपलोड कर दी है। 19 जुलाई तक जनता से राय माँगी गई है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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