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‘भगवा को राष्ट्रीय ध्वज बना देगी भाजपा, तिरंगा हटा देगी’: महबूबा मुफ्ती ने फिर रोया दुखड़ा, कहा- कश्मीर की पुरानी स्थिति लौटाओ

जब से जम्मू-कश्मीर (Jammu-Kashmir) में धारा 370 खत्म हुआ है, तब से वहाँ की मुख्यमंत्री रहीं महबूबा मुफ्ती (Ex CM Mehbooba Mufti) बदहवास हैं। वे कभी लोगों द्वारा बंदूक उठाने की धमकी देती हैं, कभी सरकार द्वारा डेमोग्राफी बदलने की कोशिश का डर दिखाती हैं। लोगों को इस बार उन्होंने देश का झंडा बदलकर भगवा करने का डर दिखाया है।

पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) की चीफ महबूबा ने कहा कि भाजपा सरकार (BJP Government) ने जम्मू-कश्मीर का अपना झंडा छीना, संविधान छीना, 370 हटाकर विशेष दर्जा छीना और अब वह देश का जल्दी ही संविधान बदलने जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा देश के राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा को बदलकर भगवा कर देगी।

भाजपा के साथ ही जम्मू-कश्मीर में गठबंधन सरकार चला चुकीं महबूबा मुफ्ती ने कहा कि भाजपा ने देश के संविधान को बुलडोजर से कुचल कर रख दिया है। जम्मू-कश्मीर से लद्दाख को अलग कर केंद्रशासित प्रदेश पर भी उन्होंने अपना दुखड़ा रोया। महबूबा ने कहा कि लद्दाख जम्मू-कश्मीर का अभिन्न अंग है। उन्होंने जम्मू-कश्मीर की पुरानी स्थिति बहाल करने की माँग की।

इतना ही नहीं, महबूबा मुफ्ती ने जम्मू-कश्मीर से सशस्त्र बलों और AFSPA की व्यवस्थित वापसी की भी माँग की। हालाँकि, राज्य में इस्लामी आतंकियों द्वारा किए जा रहे हमले और हिंदुओं के खिलाफ हो रही टारगेट कीलिंग का जिक्र नहीं किया और ना ही बताया कि सुरक्षा बलों के वापस लौटा लेने के बाद इन हिंदुओं की सुरक्षा कैसे होगी।

अपने पिता मुफ्ती मोहम्मद सईद की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर महात्मा गाँधी (Mahatma Gandhi) के भारत के साथ गया था, नाथूराम गोडसे (Nathuram Godse) के भारत के साथ नहीं। PDP के संस्थापक अपने पिता को लेकर महबूबा ने कहा कि वे विशुद्ध भारतीय थे।

बेलगाम में श्रीराम सेना के जिलाध्यक्ष पर गोलियों से हमला, ड्राइवर घायल: पादरियों पर लगाया था धर्मांतरण का आरोप

कर्नाटक के बेलगाम में श्रीराम सेना के जिलाध्यक्ष रवि कोकिताकेरा पर गोली चलाने की घटना प्रकाश में आई है। मामला हिंदलगा गाँव के पास 7 जनवरी 2023 की देर रात का है। फायरिंग में अध्यक्ष के ड्राइवर के घायल होने की सूचना है।

अधिकारियों ने रविवार (8 जनवरी 2023) को घटना की जानकारी देते हुए बताया कि श्रीराम सेना के जिलाध्यक्ष रवि कोकिताकेरा को किसी अज्ञात व्यक्ति ने गोली मारी। घटना में उनका ड्राइवर बुरी तरह घायल हो गया जबकि रवि बाल-बाल बचे।

पुलिस के अनुसार, दोनों को पास के अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। दोनों खतरे से बाहर हैं। पुलिस अब उन अज्ञातों की तलाश में जुटी है जिन्होंने रवि पर फायरिंग की।

बताया जा रहा है कि रवि पर चलाई गई गोली उन्हें छूकर निकली, जो दूसरे व्यक्ति को लगी। वह भी इलाज के लिए अस्पताल में है। पुलिस की पूछताछ में अब तक सामने आया है कि जिलाध्यक्ष के साथ किसी की दुश्मनी नहीं थी। आगे पुलिस इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर अज्ञातों पर मुकदमा दर्ज किया है।

एक वीडियो सामने आया है जिसमें रवि बताते दिख रहे हैं कि उनपर हमला करने वाले बाइक पर आए थे और उसके बाद उन्होंने उनकी कार पर गोली चलाई। घटना में उनका ड्राइवर भी घायल हुआ है जिसे अस्पताल में भर्ती करवाया गया है।

बता दें कि रवि ने साल 2021 में बेलगाम में हो रहे हिंदू धर्मांतरण के लिए एक ईसाई पादरियों के समूह पर आरोप लगया था। उन्होंने कहा था कि बाहरी राज्य के पादरी आकर बेलगाम में हिंदुओं का धर्मांतरण कर रहे हैं।

दक्षिण सूडान के राष्ट्रपति ने राष्ट्रगान के दौरान खड़े-खड़े पैंट में कर दिया पेशाब, वीडियो वायरल होने पर 6 पत्रकार गिरफ्तार

दक्षिण सूडान के राष्ट्रपति द्वारा पैंट में पेशाब करने का वीडियो वायरल होने के बाद सुरक्षा बलों ने 6 पत्रकारों को हिरासत में लिया है। सुरक्षा बलों को संदेह है कि राष्ट्रगान के दौरान हुई इस घटना का फुटेज इन्हीं पत्रकारों ने वायरल किया है। पत्रकारों की हिरासत को लेकर अंतरराष्ट्रीय संस्था ने आपत्ति जताई है।

71 वर्षीय राष्ट्रपति सल्वा कीर का यह वीडियो क्लिप एक आधिकारिक कार्यक्रम के दौरान फिल्माया गया है। दरअसल, वीडियो में सल्वा कीर राष्ट्रगान के लिए खड़ा दिखाई दे रहे हैं। इसी दौरान उनकी पैंट पर एक दाग फैल गया और यह दाग उनके पैरों तक फैल गया। कीर और उनके दल द्वारा नोटिस किए जाने के बाद कैमरा अचानक से दूर हो जाता है।

कीर की इस घटना का वीडियो वायरल हो गया। इसके बाद दक्षिण सूडान के नेशनल सिक्योरिटी सर्विसेज के अधिकारियों ने सरकारी चैनल दक्षिण सूडान ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन (SSBC) के छह पत्रकारों को हिरासत में ले लिया। अधिकारियों को संदेह है कि फुटेज इन्हीं पत्रकारों ने जारी किया है।

पत्रकारों के हित के लिए काम करने वाली अंतरराष्ट्रीय संस्था कमेटी टू प्रोटेक्ट जर्नलिस्ट्स (CPJ) ने इन पत्रकारों को तुरंत रिहा करने की माँग की। संस्था के अधिकारियों को कहना है कि हिरासत में लेने का यह अफ्रीकी देशों वाला वही पैटर्न है, जब अधिकारियों को लगता है कि कवरेज उनके अनुसार नहीं है तो वे पत्रकारों को गिरफ्तार कर लेते हैं।

CJP ने बताया कि जिन पत्रकारों को हिरासत में लिया गया है, वे हैं- कंट्रोल रूम के निदेशक जोवाल टोम्बे, कैमरा ऑपरेटर और तकनीशियन विक्टर लाडो, कैमरा ऑपरेटर जोसेफ ओलिवर और जैकब बेंजामिन, कैमरा ऑपरेटर और तकनीशियन मुस्तफा उस्मान और कंट्रोल रूम तकनीशियन चेरबेक रूबेन हैं।

कीर का यह वीडियो पिछले महीने सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ था। वीडियो में राष्ट्रपति की हालत देखकर उनके स्वास्थ्य को लेकर सवाल उठने लगे थे और गरीबी एवं भुखमरी जूझ रहे दक्षिणी सूडान को चलाने की उनकी क्षमता पर सवाल उठने लगे थे। हालाँकि, अधिकारी उनके स्वास्थ्य को लेकर उठने वाले सवालों को हमेशा नकारते रहे हैं।

बता दें कि साल 2011 में स्वतंत्रता के बाद से कीर दक्षिण सूडान पर शासन कर रहे हैं। कीर के सत्ता सँभालने के बाद से देश में कभी चुनाव नहीं हुए हैं। हालाँकि, पहला चुनाव साल 2024 में निर्धारित किया गया है।

राजकोट में रात को भी चमका ‘सूर्य’: 45 गेंदों पर शतक जड़ के सूर्यकुमार यादव ने श्रीलंका को किया पस्त, बरसाए 9 छक्के

गुजरात के राजकोट में शनिवार (7 दिसंबर, 2022) को भारत और श्रीलंका के बीच खेले जा रहे तीसरे T20 अंतरराष्ट्रीय मैच में सूर्यकुमार यादव ने शानदार शतकीय पारी खेली। उन्होंने मात्र 45 गेंदों में अपना शतक पूरा कर दिया। पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारत की तरफ से चौथे नंबर पर उतर कर सूर्यकुमार यादव ने 51 गेंदों में 7 चौको और 9 छक्कों की मदद से 112 रनों की धुआँधार पारी खेली। ये उनका तीसरा अंतरराष्ट्रीय शतक है।

पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारत की स्थिति ठीक नहीं थी और ईशान किशन मात्र 1 रन बना कर चलते बने। राहुल त्रिपाठी 16 गेंदों में 35 रन का तेज़ कैमियो खेल कर आउट हो गए। इसके बाद शुभमन गिल ने सूर्यकुमार यादव के साथ मिल कर पारी को आगे बढ़ाया और 111 रनों की साझेदारी की। अंत में कप्तान हार्दिक पंड्या और दीपक हुड्डा सस्ते में चलते बने, लेकिन अक्षर पटेल ने 9 गेंदों मर नाबाद 21 रन बना कर सूर्यकुमार यादव का बखूबी साथ दिया।

सूर्यकुमार यादव ने भी नाबाद पारी खेली। करुणारत्ने और मधुशंका, श्रीलंका के दोनों ही गेंदबाजों को 4 ओवर में 50 से अधिक रन पड़े। सूर्यकुमार यादव इससे पहले इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के खिलाफ T20 शतक जड़ चुके हैं। ये इस फॉर्मेट में भारत की तरफ से दूसरा सबसे तेज़ शतक है। रोहित शर्मा ने 2017 में श्रीलंका के खिलाफ ही 35 गेंदों में 100 रन पूरे किए थे। सूर्यकुमार यादव पहले ऐसे बल्लेबाज हैं, जो ओपनिंग न उतर कर भी T20 में 3 शतक बना चुके हैं।

श्रीलंका की शुरुआत तो तेज़ रही लेकिन 5वें, 6ठे और 7वें ओवर में एक-एक कर तीन विकेट गिर गए और टीम लड़खड़ा गई। 10वें ओवर में चौथा विकेट ढह गया। अक्षर पटेल ने भारत को पहली सफलता दिलाई। अंत में श्रीलंका की हार हुई। चूँकि भारत ने 228 रनों का पहाड़ सा स्कोर खड़ा किया था, श्रीलंका की हार की पटकथा इसके टॉप ऑर्डर के फेल होने के साथ ही लिखी जा चुकी थी, क्योंकि 12वें ओवर में आधी टीम पवेलियन में थी। सूर्यकुमार यादव ‘मैन ऑफ द मैच’ भी रहे।

कोलकाता से मोहम्मद सद्दाम और सईद अहमद गिरफ्तार: ISIS के लिए कर रहे थे मुस्लिम युवकों की भर्ती, टेरर फंडिंग में भी लिप्त

कोलकाता में इस्लामिक स्टेट (IS) से जुड़े होने के संदेह में 2 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पश्चिम बंगाल पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने दोनों को कोलकाता से हावड़ा को जोड़ने वाले विद्यासागर सेतु से गिरफ्तार किया है। दोनों संदिग्धों की पहचान मोहम्मद सद्दाम और सईद अहमद के तौर पर हुई है। दोनों पर कोलकाता के पूर्वी ढलान से आईएस में मुस्लिमों की भर्ती करने, हथियार गोला-बारूद और विस्फोटक जमा करने और आतंकी गतिविधियों के लिए धन जुटाने के आरोप लगे हैं।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, एसटीएफ कई दिनों से सद्दाम और सईद पर नजर रखी हुई थी। खूफिया एजेंसियों को इनपर आतंकी गतिविधियों में शामिल होने की जानकारी मिली थी। एजेंसियों को मुखबिरों से जानकारी मिली कि दोनों खिदिरपुर में किसी गुप्त बैठक में शामिल होने के लिए निकले हैं। इसके बाद एसटीएफ की टीम ने बाइक पर जा रहे सद्दाम और सईद को विद्यासागर सेतु से गिरफ्तार कर लिया। दोनों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उनके घर पर दबिश दी।

उनके घर से डेबिट कार्ड, कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, लैपटॉप और जिहाद को बढ़ावा देने वाले सबूत मिले हैं। इन सबकी जाँच की जा रही है।

पुलिस ने जानकारी दी कि गिरफ्तारी के बाद दोनों को कोर्ट में पेश किया गया। कोलकाता की निचली अदालत ने उन्हें 19 जनवरी तक एसटीएफ की कस्टडी में भेज दिया है। मिली जानकारी के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए आरोपी में एक आलिया यूनिवर्सिटी में मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहा है जबकि दूसरा उसके साथ रहता था।

शुरुआती जाँच से पता चला है कि दोनों आईएस में शामिल करने के लिए मुस्लिम नौजवानों का ब्रेनवॉश कर रहे थे। साथ ही अपने नेटवर्क को बड़ा करने के लिए धन जुटा रहे थे। दोनों मुस्लिमों को देश के खिलाफ लड़ाई छेड़ने के लिए सोशल मीडिया पर भड़काऊ वीडियो और पोस्ट शेयर करते थे। अधिकारियों को शक है कि कुछ नौजवान उनके बातों में आ गए हैं। एजेंसियों को शक है कि उनके पीछे किसी बड़े इस्लामी आतंकी संगठन का हाथ है जो पाकिस्तान या किसी अन्य देश से ऑपरेट कर रहे हैं।

‘नग्न घूमते रहते हैं जैन मुनि, बहन-बेटियों को झुकानी पड़ती है नज़र’: JMM नेता ने माँगा पशु बलि का अधिकार, कहा – जनजातीय समाज का है सम्मेद शिखर, होगा आंदोलन

झारखंड के पारसनाथ पहाड़ी में स्थित जैन समाज की आस्था के केंद्र सम्मेद शिखर को लेकर शुरू हुआ विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस विवाद को नई हवा देते हुए झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के विधायक लोबिन हेम्ब्रम ने कहा है कि पार्श्वनाथ पर्वत पर जनजातियों का हक है, इसके लिए जनजातीय वर्ग आंदोलन करेगा।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जनजातीय संगठन पारसनाथ पहाड़ी को मराँग बुरु देवता बताते हुए पहाड़ी में पशु बलि के अधिकार की माँग रहे हैं। इन माँगों को आगे बढ़ाते हुए, जेएमएम विधायक लोबिन हेम्ब्रम ने कहा है कि पारसनाथ पर्वत शुरू से ही जनजातियों का रहा है। उन्होंने कहा कि जैन समुदाय सम्मेद शिखर पर अपना अधिकार जता रहा है, लेकिन इसे स्वीकार नहीं किया जाएगा। देश भर के जनजातीय इसका विरोध करेंगे।

लोबिन हेम्ब्रम ने आगे कहा है कि पारसनाथ की पहाड़ियों में जनजातियों को अधिकार देने के लिए झारखंड के मुख्यमंत्री को 25 जनवरी तक का समय दिया गया है। यदि समय रहते अधिकार नहीं मिलते तो 30 जनवरी को उलिहातु (बिरसा मुंडा की जन्मस्थली) और 2 फरवरी को भोगनाडीह (संताल विद्रोह जहाँ से शुरु हुआ) में अपनी माँगों के लिए उपवास करेंगे। इस मामले में राज्य और केंद्र सरकार का ध्यान आकर्षित करने के लिए 10 जनवरी को जनजातीय वर्ग पारसनाथ में एकजुट होगा।

उन्होंने आगे कहा है, “आज यह हाल क्यों हुआ। उस जगह पर सालों से जनजातीय समाज के लोग रह रहे है। लेकिन उस 10 किलोमीटर की परिधि में उन्हें बलि चढ़ाने से रोका जा रहा है। यहाँ तक कि जंगलों से लकड़ी तक नहीं काटने दी जा रही। जमीन हमारी पहाड़ हमारे और कब्जा किसी और का यह अब नहीं चलेगा।”

झामुमो विधायक हेम्ब्रम ने यह भी कहा है कि गिरिडीह में जैन मुनि नग्न होकर घूमते हैं, इससे बहन-बेटियों और बहुओं को सर झुका कर चलना पड़ता है। लेकिन किसी ने भी इस पर सवाल नहीं उठाया। धार्मिक भावनाओं को देखते हुए उनका सम्मान किया।

बता दें कि जैन समाज के लोगों के विरोध प्रदर्शन और उनकी माँगों को ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार ने झारखंड सरकार के उस फैसले पर रोक लगा दी है, जिसमें सम्मेद शिखर को पर्यटन स्थल घोषित करने का ऐलान किया गया था। इस मामले को लेकर केंद्र सरकार ने एक कमेटी बनाई है और झारखंड सरकार से कहा है कि इस समिति में वह 2 सदस्यों को शामिल करे। इस समिति में एक सदस्य स्थानीय जनजातीय समुदाय से शामिल किया जाए। 

‘हमें जानवर समझा’: कपड़े उतरवा कर ब्रा-अंडरवियर में महिलाओं को खड़ा करवाया, रोती निकलीं बाहर: एयर होस्टेस के लिए ‘कुवैत एयरवेज’ का इंटरव्यू

कुवैत की एक एयरलाइन में एयर होस्टेस की भर्ती के लिए आयोजित इंटरव्यू को लेकर चौंकाने वाले दावे किए गए हैं। कहा जा रहा है कि इंटरव्यू के दौरान महिलाओं को अपने कपड़े उतारने के लिए मजबूर किया गया। साक्षात्कार के लिए पहुँची महिलाओं में से एक ने कहा कि उनकी जाँच जानवरों की तरह की जा रही थी। एक महिला तो रोते हुए कमरे से बाहर चली गई थी।

स्पैनिश मीडिया के हवाले से प्रकाशित ‘डेली स्टार‘ की रिपोर्ट के मुताबिक, मैड्रिड एयरपोर्ट के पास मेलिया बाराजस होटल में ‘कुवैत एयरवेज’ के लिए इंटरव्यू का आयोजन हुआ। इस दौरान महिला आवेदकों से ब्रा और अंडरवियर में प्रस्तुत होने के लिए कहा गया। 23 साल की महिला आवेदक मारियाना ने दावा किया कि साक्षातकार के दौरान महिला जो नोटपैड पर आवेदकों के बारे में लिख रही थी उसने अंडरवियर में उम्मीदवारों का इंस्पेक्शन किया।

निरीक्षण के बाद सबसे पहले उन लोगों को रिजेक्ट किया गया, जिनका वजन ज्यादा था। उसके बाद उन्हें निकाला गया, जिन्होंने चश्मे पहने थे या जिनके शरीर पर नजर आने वाले निशान थे। साक्षात्कार के दौरान एक महिला ने ऐलान किया कि उनलोगों को भर्ती नहीं किया जाएगा, जिनके शरीर पर किसी तरह का निशान है।

मारियाना ने कहा कि सात भाषाओं की जानकार लड़की को इसलिए रिजेक्ट कर दिया गया क्योंकि उसकी भौंह के ऊपर एक छोटा सा निशान था। इंटरव्यू में शामिल हुई 23 साल की बियांका नाम की उम्मीदवार ने स्थानीय मीडिया को बताया कि इंटरव्यू में उससे पहले वाली एक उम्मीदवार रोते हुए बाहर आई थी। उस उम्मीदवार को उसकी ड्रेस ऊपर उठाने के लिए कहा गया था। उसने ड्रेस ऊपर किया लेकिन इंटरव्यू लेने वाले और अधिक देखना चाहते थे। आखिरकार महिला को ब्रा और अंडरवियर में सामने आना पड़ा।

बियंका ने कहा, “एक महिला ने मुझसे मुँह खोलने के लिए कहा और अंदर झाँकने लगी जैसे मैं कोई कुत्ता हूँ। महिला ने मेरे दाँत देखने के लिए अपनी आँखें लगभग मेरे मुँह के भीतर ही घुसा दीं थी। इस व्यवहार से मुझे बेहद अपमानित महसूस हुआ। बियंका ने कहा कि उसे चिड़ियाघर के किसी जानवर सा महसूस हो रहा था।

रिपोर्ट के अनुसार एक तीसरी उम्मीदवार मारिया (19 साल) ने बताया कि कुछ आवेदकों से वजन कम करने के लिए कहा गया जबकि कुछ को वजन बढ़ाने के लिए कहा गया। जानकारी के मुताबिक इन आरोपों पर फिलहाल कुवैत एयरवेज या Meccti Ltd. की तरफ से कोई टिप्पणी नहीं की गई है।

TRF ने जारी की कश्मीरी पंडितों की नई हिट लिस्ट, MHA घोषित कर चुका है आतंकी संगठन: इस हफ्ते मारे जा चुके हैं 6 हिन्दू

आतंक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए केंद्रीय गृह मंत्रालय ने गुरुवार (5 जनवरी 2023) को द रेसिस्टेंस फ्रंट (TRF) को आतंकी संगठन घोषित किया था। इसके बाद अब, आतंकी संगठन ने एक ‘हिट-लिस्ट’ जारी करते हुए कहा है कि जिन लोगों के नाम लिस्ट में हैं उन पर आतंकी हमले किए जाएँगे। टीआरएफ पाकिस्तानी आतंकी संगठन ‘लश्कर ए तैयबा’ का सहयोगी संगठन है

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, शनिवार (7 जनवरी 2023) को आतंकी संगठन द रेसिस्टेंस फ्रंट की इस लिस्ट में कश्मीरी हिंदू सरकारी कर्मचारियों के नाम हैं। इस लिस्ट के साथ, टीआरएफ ने इन लोगों की हत्या करने की धमकी दी है। इस धमकी भरी लिस्ट के सामने आने के बाद, सुरक्षा व जाँच एजेंसियाँ अलर्ट पर हैं। साथ ही, साथ ही कश्मीरी हिंदू सरकारी कर्मचारियों की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं।

गौरतलब है कि केंद्रीय गृह मंत्रालय ने गुरुवार (5 जनवरी, 2023) को ‘द रेसिस्टेंस फ्रंट’ पर बैन लगाया था। इस बैन को लेकर गृह मंत्रालय की ओर से कहा गया था कि शेख सज्जाद गुल टीआरएफ का एक कमांडर है जिसे गैरकानूनी गतिविधियाँ रोकथाम अधिनियम, 1967 के तहत आतंकवादी घोषित किया गया। टीआरएफ की गतिविधियाँ भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा और संप्रभुता के लिए खतरा हैं। इसके सदस्यों और सहयोगियों के खिलाफ बड़ी संख्या में मामले दर्ज किए हैं।

गृह मंत्रालय के नोटिफिकेशन के अनुसार, टीआरएफ सोशल मीडिया के सहारे जम्मू-कश्मीर के लोगों को उकसाकर आतंकी संगठनों में शामिल कर रहा था। इसके अलावा, आतंकियों की घुसपैठ व पाकिस्तान से जम्मू-कश्मीर में हथियारों और मादक पदार्थों की तस्करी के लिए भी लोगों को तैयार कर रहा था। 

यही नहीं, गृह मंत्रालय ने कहा है कि, द रेजिस्टेंस फ्रंट पाकिस्तानी आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा का सहयोगी संगठन है। यह संगठन साल 2019 में प्रतिबंधित संगठन लश्कर की शाखा के रूप में सामने आया था। लश्कर-ए-तैयबा 26/11 आतंकी हमले से लेकर अनेकों देश विरोधी गतिविधियों में संलिप्त रहा है।

बता दें कि हाल के दिनों में जम्मू-कश्मीर में आतंकी घटनाओं में तेजी से इजाफा हुआ है। नए साल की शुरुआत यानी 1 जनवरी 2023 को ही आतंकियों ने राजौरी जिले के डाँगरी में 3 हिंदू घरों को निशाना बनाते हुए फायरिंग की थी। इस फायरिंग में 4 लोग मारे गए थे। वहीं, 6 अन्य घायल हुए थे। इसके बाद, 2 जनवरी को डाँगरी में ही हिंदू घरों के पास बम धमाका हुआ था। इस धमाके मेंएक बच्चे सहित 2 लोगों की मौत हो गई थी। वहीं, 5 अन्य घायल हो गए थे।

हिन्दू नाम से फेक आईडी बना कर ब्राह्मणों-RSS को गाली देता था अफजल, जाति के नाम पर लड़ाने की कोशिश: यूथ कॉन्ग्रेस के आईटी सेल में है संयोजक

गुजरात में यूथ कॉन्ग्रेस आईटी सेल के संयोजक अफजल लखानी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराया गया है। आरोप है कि अफजाल सोशल मीडिया पर हिंदू नाम से फेक आईडी बना कर सनातन धर्म, जाति और संस्थाओं को बदनाम करने वाले पोस्ट किया करता था। अफजल इसके पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की माँ को लेकर भी विवादित बयान दे चुका है। इसके लिए उसे गिरफ्तार भी किया गया था।

हिंदू सेना और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से जुड़े एक व्यक्ति ने अफजल के खिलाफ जामनगर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत मिलने के बाद गुजरात के जामनगर पुलिस ने अफजल के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है।

अफजल पर दर्ज एफआईआर की एक कॉपी ऑपइंडिया के पास भी उपलब्ध है। दर्ज कराए गए एफआईआर के मुताबिक, अफजल ने ‘जिगर ठक्कर’ नाम से फर्जी आईडी बनाई। इस आईडी का इस्तेमाल वह हिंदुओं खासकर ब्राह्मणों और आरएसएस के बारे में अपमानजनक टिप्पणी पोस्ट करने के लिए करता था।

फोटो साभार: फेसबुक

जिगर ठक्कर नाम से किए गए सभी पोस्ट निराधार, दुर्भावनापूर्ण और गलत जानकारियों से भरे हुए हैं। मुस्लिम आरोपित ने हिंदू ठक्कर समुदाय को सोच समझकर चुना। आरोप है कि आईडी का इस्तेमाल दूसरे जाति के लोगों को ब्राह्मणों के खिलाफ भड़काने व दुश्मनी पैदा करने की कोशिश के लिए भी किया जाता था।

इतना ही नहीं, ‘जिगर ठक्कर’ नाम के अकाउंट से किए गए एक पोस्ट में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) को एक आतंकवादी संगठन बताया गया। इस पोस्ट में जिगर ठक्कर बने अफजल ने आरएसएस पर प्रतिबंध लगाने की माँग की है।

फोटो साभार: फेसबुक

जिगर ठक्कर नाम के अकाउंट से किए गए एक पोस्ट में RSS पर धार्मिक आयोजनों में ज़हर घोलने का आरोप लगाया गया था।

फोटो साभार: फेसबुक

शिकायतकर्ता ने कहा है, “इस फर्जी अकाउंट से जाति और धर्म को लेकर किए गए पोस्ट से मेरी भावनाएँ आहत हुई हैं और मैं इससे अपमानित महसूस कर रहा हूँ।” शिकायत करने वाले ने पुलिस को इन सभी पोस्ट के स्क्रीनशॉट उपलब्ध करवा दिए हैं। जामनगर पुलिस ने अफजल लखानी के खिलाफ आईपीसी की धारा 153ए, 295ए, 298, 499, 500, 501 और 505(2) के तहत मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है।

गौरतलब है कि कॉन्ग्रेस आईटी सेल में काम करने वाले अफजल लखानी ने पीएम मोदी की माँ हीरा बा के निधन के बाद अपने फेसबुक पेज पर पीएम और उनकी माँ के बारे में भद्दी और अपमानजनक पोस्ट की थी। इसके लिए अफजल के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार भी किया गया था। अफजल फिलहाल पुलिस हिरासत में है और उसके खिलाफ अब दूसरी शिकायत भी दर्ज हो गई है।

‘हिंदू समाज में तुम्हारी वैल्यू नहीं, हमसे निकाह कर मुस्लिम बन जा’: MP में नाबालिग लड़कियों को धमकी, वाहिद और अमान ने की अश्लील हरकत

मध्य प्रदेश के महू में नाबालिग हिंदू लड़कियों को निकाह और धर्मांतरण की धमकी देने का मामला सामने आया है। आरोपितों की पहचान वाहिद और अमान के तौर पर बताई गई है। इन पर लड़कियों को शादी कर मुस्लिम बनने की धमकी देने और अश्लील हरकत करने का आरोप है।

‘नई दुनिया’ की रिपोर्ट के अनुसार, पीड़िताओं की उम्र 16 साल है। घटना महू के ट्रेंचिंग मैदान की है। महू पुलिस ‘मध्य प्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम, पॉक्सो एक्ट’ के तहत मामला दर्ज कर आरोपित युवकों की तलाश कर रही है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि पीड़िताओं ने शिकायत में कहा है कि आरोपित युवकों ने अश्लील हरकतें करते हुए उन पर शादी का दबाव बनाया। शादी से इनकार करने पर आरोपितों ने उनसे कहा है कि हिंदू समाज में तुम्हारी कोई वैल्यू नहीं है, हमसे शादी करके मुस्लिम बन जाओ। कथित तौर पर इसी दौरान वाहिद ने एक लड़की को जबरन पकड़ लिया। जब दूसरी लड़की ने इसका विरोध किया तो अमान ने उसे भी दबोच लिया। पीड़िताओं का कहना है कि दोनों युवकों ने उन्हें धमकी देते हुए कहा है कि अगर उनकी बात नहीं मानी और धर्म बदलकर शादी नहीं की तो समाज में मुँह दिखाने लायक नहीं रहेंगी।

इससे पहले मध्य प्रदेश के भोपाल से ‘लव जिहाद’ का मामला सामने आया था। इस मामले में आरोपित फैजल सैय्यद अब्बास और पीड़िता का गर्भपात कराने वाले डॉक्टर को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक 13 दिसंबर, 2022 को दलित लड़की ने थाने में फैजल सैय्यद अब्बास नाम के शख्स के खिलाफ शिकायत दी। लड़की ने अपनी शिकायत में कहा कि फैजल नाम के शख्स ने शान पंडित बनकर उससे दोस्ती की।

आरोपित के पास शान पंडित नाम से फर्जी आधार कार्ड भी बनवाया हुआ था, जिससे पीड़िता को उसपर यकीन हो गया। तीन साल पहले आरोपित ने उसे जन्मदिन के बहाने होटल में बुला लिया। जहाँ पहली बार उसके साथ दुष्कर्म हुआ।

पीड़िता ने बताया कि दुष्कर्म के बाद फैजल ने अपनी असलियत लड़की को बता दी। उसने कहा, “मेरा नाम फैजल अब्बास है मैं कोई हिंदू नहीं हूँ। मैंने तुम्हारा वीडियो बना लिया है अब मैं तुम्हें जब भी, जहाँ बुलाऊँगा, तुम्हें आना पड़ेगा। अगर तुमने यह सब बातें किसी को भी बताई, तो ये वीडियो तुम्हारे घर वालों को दिखा दूँगा, इसे सोशल मीडिया पर अपलोड कर दूँगा।”