चौंकाने वाली बात यह है कि इंडिया टुडे को इसमें कुछ भी गलत नहीं लगा। ऐसा लगता है कि यह उनके लिए पूरी तरह स्वीकार्य है कि मुस्लिम पुरुष आरएसएस की वर्दी पहने लोगों को जंजीरों में जकड़ के ले जा रहे हैं।
दिल्ली की सीमाओं पर ‘किसान विरोध प्रदर्शन’ का नेतृत्व कर रहे BKU के नेता राकेश टिकैत को महाराष्ट्र के यवतमाल जिले में एक मेगा रैली करनी थी। लेकिन, एक अज्ञात फर्जी कॉल की वजह से यात्रा को मजबूरन रद्द करना पड़ा।
सूची के बारे में बात करते हुए TIME-100 के एडिटोरियल डायरेक्टर डैन मैक्सी ने कहा, “सूची में शामिल हर नाम इतिहास बनाने के लिए तैयार है, बल्कि कुछ ने बना भी दिया है।”
इस रैली के कई वीडियो और फोटो सामने आए हैं, जिसमें देखा जा सकता है कि इस दौरान अल्लाह-हू-अकबर, ला इलाहा इल्लल्लाह मुहम्मदुर रसूलुल्लाह जैसे कई अन्य इस्लामिक नारे लगाए गए।
माँ नर्मदा की जयंती के एक कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शिवराज अपनी पत्नी संग शामिल हुए और मंच से उन्होंने होशंगाबाद का नाम बदलकर नर्मदापुरम रखने की बात भी कह दी।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में दोनों लड़कियों के साथ किसी भी प्रकार के बलात्कार की पुष्टि नहीं हुई है। ऊपर से सच्चाई ये है कि शवों को जलाया भी नहीं गया है, उन्हें दफनाया गया है।