राष्टपति कोविंद विज्ञान भवन में आयोजित एक अवॉर्ड समारोह में हिस्सा ले रहे थे। इस दौरान मंच के सामने एक महिला सुरक्षाकर्मी का पैर मुड़ने की वजह से संतुलन बिगड़ गया और वो नीचे गिर पड़ीं। जब ऐसा हुआ, तब राष्ट्रगान चल रहा था। जैसे ही राष्ट्रगान खत्म हुआ तो...
परिवार नियोजन कार्यक्रम न आज का है और न इससे जुड़े विज्ञापनों में हिंदू वेशभूषा वालों को दिखाने का चलन। पर, इससे कभी हिंदू भावना आहत नहीं होती। केवल समुदाय विशेष को 'हम दो' धर्म पर हमला दिखता है।
"शिवसेना के 45 विधायक भाजपा के सम्पर्क में हैं और भाजपा के नेतृत्व में सरकार गठन को समर्थन देने के लिए तैयार हैं। 56 में से 45 शिवसेना विधायक भाजपा के संपर्क में हैं।" - भाजपा के राज्यसभा सांसद संजय काकडे ने बताया कि...
गुजरात दंगों में कई ऐसे लोगों को फँसाया गया, जो बाद में निर्दोष साबित हुए। लेकिन तब तक उनकी ज़िंदगी, उनका परिवार और करियर- सब तबाह हो चुका था। शशिकांत को निजी खुन्नस में फॅंसाया गया और बाद में हर्ट अटैक से उनकी मौत हो गई।
कॉन्ग्रेस का काम व्हाट्सएप्प से चल रहा है। एक तरह से जमीन पर उतरने की बजाए नेता Whatsapp से 'वर्क फ्रॉम होम' कर रहे। प्रियंका गॉंधी की सांगठनिक क्षमता का इससे बेहतर नमूना और क्या हो सकता है।
बीजेपी अल्पमत की सरकार बना सकती है, जैसा उसने 2014 के विधानसभा चुनावों के बाद किया था। पिछले दिनों जिस तरह कर्नाटक और गोवा में कॉन्ग्रेस विधायक दल में टूट हुई थी, वैसा ही कुछ महाराष्ट्र में होने के भी कयास लगाए जा रहे हैं।
1 नवंबर को जम्मू-कश्मीर रीआर्गेनाईजेशन बिल के लागू होते ही इन कश्मीरी नेताओं को मिल रही सारी सरकारी सुख-सुविधाएँ अपने-आप हट जाएँगी। उमर अब्दुल्ला के बंगले में तो अत्याधुनिक जिम सहित कई अन्य सुविधाओं पर करोड़ों ख़र्च किए गए हैं।
"आज मैंने खबर पढ़ी कि कोर्ट ने संघीय और प्रांतीय सरकारों से पूछा है कि क्या वे कल नवाज शरीफ की जिंदगी की गारंटी ले सकते हैं। मैं तो कल तक के लिए अपनी ही जिंदगी की गारंटी नहीं ले सकता, तो मैं किसी अन्य की जिंदगी की गारंटी कैसे दे सकता हूॅं?"
'बगदादी फुटबॉल के स्टार थे' से लेकर 'बगदादी अंतर्मुखी थे' तक, बीबीसी ने ISIS के सरगना को ऐसे सम्मान दिया, जैसे उसने उसकी रूह की शांति के लिए तर्पण की जिम्मेदारी ली हो। आतंकी बगदादी की मौत से शोकग्रस्त बीबीसी के प्रोपेगेंडा का काला चिट्ठा पढ़ें उसके ही शब्दों में।
जब दीपावली के दिन हिन्दू पटाखे फोड़ रहे थे, तभी अचानक से लगभग 60 की संख्या में मुस्लिम भीड़ पहुँची और उन्होंने हिन्दुओं पर हमला कर दिया। भारी पथराव के कारण कई लोग घायल हो गए। जब मुस्लिमों ने पत्थरबाजी की तो कई लोगों ने इसका वीडियो भी बना लिया।