कानपुर में भगत सिंह को गणेश शंकर विद्यार्थी जैसा गुरु मिल चुका था, तो चंद्रशेखर आज़ाद और बटुकेश्वर दत्त जैसा साथी भी मिला था। मनीष श्रीवास्तव ने 'क्रांतिदूत' श्रृंखला की 'घर वापसी' में बताई है सारी कहानी।
"इन वैज्ञानिक उपकरणों को देखिए। ये काफी सस्ते हैं। बनाने में भी आसान और तकनीक में बहुत ज़्यादा समृद्ध। आपने इन्हें कैसे बनाया? आप अमेरिका को ये तकनीक क्यों नहीं बेचते?"
इजरायल ने भारत की जीत के बाद पाकिस्तान पर कसा तंज। शोएब अख्तर को सचिन तेंदुलकर ने जवाब देकर याद दिलाए पुराने दिन। मोदी-योगी ने रोहित एन्ड कंपनी को दी बधाई।