यहाँ कई मंदिर भी थे, जिसे इस्लामी आक्रांताओं ने ध्वस्त कर दिया। कुव्वतुल इस्लाम मस्जिद के लिए मुख्यतः इन्हीं ध्वस्त मंदिरों के पत्थरों का इस्तेमाल किया गया था।
नेहरू के खोखलापन के बारे में आरके लक्ष्मण ने 60 साल पहले बता दिया था। पर भगेरन तिवारी के बेटे और अभिराम दास न होते तो हम और आप यह जान भी नहीं पाते कि जन्मस्थान में बाल मूर्ति का होना भी नेहरू को खटकता था।
13 नवंबर को होने वाले दीपोत्सव को लेकर अयोध्या में तैयारियाँ जोरों पर हैं। सीएम योगी आदित्यनाथ खुद श्रीरामजन्मभूमि पहुँचकर रामलला के दर्शन करेंगे और वहां दीप प्रज्ज्वलित करेंगे।
चौकों-छक्कों की बरसात करने सूर्यकुमार यादव के लिए एक मौका ऐसा भी आया, जब भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली (जो RCB के भी कप्तान हैं) से उनका आमना-सामना हुआ।