एक और देश में कोरोना की दूसरी लहर बेकाबू हो गई है। हर रोज कोरोना वायरस की चपेट में आकर लोग मर रहे हैं। दूसरी तरफ हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में कुदरत का कहर देखने को मिला है।
जिसने खुलेआम एक संत का गला काटने की बात की, उसका हैंडल सस्पेंड नहीं हुआ। जिसने रोहित सरदाना के निधन का जश्न मनाया, वो भी ट्विटर पर मौजूद है। बंगाल हिंसा का विरोध करने पर कंगना का हैंडल हटाया गया।