30 अक्टूबर और 2 नवम्बर 1990, आज़ादी के बाद के इतिहास कि वह दो काली तारीखें है, जब रामजन्मभूमि पर खड़े निहत्थे कारसेवकों पर सेक्युलर स्टेट ने गोली चलवाई थी।
आरोपी अब्दुल मतीन पश्चिम बंगाल के बर्दवान में हुए विस्फोट के मुख्य अभियुक्तों में से एक था। इस हमले के पीछे जमात-उल-मुजाहिदीन बांग्लादेश (जेएमबी) का हाथ होने का संदेह था और इसी आतंकी संगठन से मतीन के संबंध हैं।
जिन आतंकवादी गतिविधियों में सिमी के सदस्य शामिल रहे हैं, उनमें बिहार के गया में 2017 का विस्फोट, 2014 में बेंगलुरू के चिन्नास्वामी स्टेडियम में विस्फोट और 2014 में ही भोपाल में जेल ब्रेक की घटना शामिल है।
ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) ने कोर्ट में दावा किया है कि इस संपत्ति के मालिक रॉबर्ट वाड्रा है। साथ ही ईडी ने कोर्ट को यह भी बताया कि यह सम्पत्ति रॉबर्ट ने मनोज की मदद से ख़रीदी है।