CM योगी द्वारा बाटला आतंकियों से सम्बन्ध पर उठाए सवाल से बौखलाए सलमान खुर्शीद ने कहा, "मुझे खुशी है योगी मुझसे लड़ाई मानते हैं, अगर उन्होंने मेरे बारे में कुछ कहा है तो जब चाहे जहाँ चाहे मुझसे बहस कर लें।"
श्रीलंका में ईस्टर के मौके पर रविवार को गिरजाघरों और पांच सितारा होटलों में एक के बाद एक सीरियल बम धमाकों में अब तक कम से कम 290 लोगों की मौत को पुष्टि हो चुकी है।
होटल के एक कर्मचारी ने बताया कि हमलावर मोहम्मद अज्जाम मोहम्मद ब्लास्ट के एक दिन पहले ही आकर ठहरा था। सुबह के समय होटल की कैंटीन लोगों से भरी हुई थी, ऐसे में वो नाश्ते की लाइन में आकर सबसे आगे खड़ा हो गया।
"भारत ने पाकिस्तान की धमकियों से डरने की नीति को छोड़ दिया है, वर्ना आए दिन बोलते रहते थे, हमारे पास न्यूक्लियर बटन है... हमारे पास न्यूक्लियर है बटन... तो हमारे पास क्या है भाई... क्या हमने इसे दिवाली के लिए रखा है?"
इंदौर भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का विषय है क्योंकि यहाँ लगातार पिछले 8 चुनावों से ताई के नाम से पुकारी जाने वाली सुमित्रा महाजन का कब्ज़ा है और 30 वर्षों में ऐसा पहली बार हो रहा है जब वो चुनाव नहीं लड़ रही हैं। कैलाश विजयवर्गीय ने पश्चिम बंगाल की संगठनात्मक जिम्मेदारियों का हवाला देकर इस सीट से न लड़ने की बात कही थी।
पिछले दिनों महागठबंधन के मंच से भी कन्हैया कुमार को देशद्रोही कहा गया था, जिस पर वामपंथी धड़े में आक्रोश की लहर है। वहीं बेगूसराय की जनता भी उनके 'देश-विरोधी' विचारों की वजह से उनसे नाराज़ चल रही है, जिससे चुनाव प्रचार के दौरान झड़प और हाथापाई की खबरें आ जाती हैं।
क्या अपूर्वा शुक्ला और उनका परिवार रोहित शेखर तिवारी की प्रॉपर्टी हड़पना चाहता था? पुलिस के शक की सूई घूम-फिर कर रोहित की पत्नी अपूर्वा पर ही जा रही है। दोनों का प्रेम विवाह हुआ था। चर्चा है कि रोहित के किसी महिला के साथ अवैध सम्बन्ध थे और अपूर्वा से इसी को लेकर झगड़ा हुआ था।
MCU के 19 प्रोफेसरों व एक पूर्व कुलपति के ख़िलाफ़ आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) द्वारा एफआईआर दर्ज की गई। इनमें से 4 दलित हैं और 1 अनुसूचित जाति के हैं। सभी प्रोफेसरों पर धोखाधड़ी एवं आपराधिक षड़यंत्र का आरोप दर्ज किया गया।
अभी तो चुनाव प्रचार के चार महत्वपूर्ण चरण बाकी हैं। पता नहीं बीजेपी ने अभी कितने रहस्य बचाकर रखे हैं। लेकिन जो भी हो 2019 का लोकसभा चुनाव धीरे-धीरे और दिलचस्प होता जा रहा है।
अखिलेश यादव की तस्वीर उनकी मैनपुरी में हुई रैली से वायरल हुई है। इस रैली में वहाँ से लोकसभा चुनाव लड़ रहे मुलायम सिंह यादव और बसपा सुप्रीमो मायावती भी शामिल थी। जहाँ से इन नेताओं को भाषण देना था, वहीं पर दो एसी एक के ऊपर एक लगाए गए थे।