कुंभ 1954 के दूसरे शाही स्नान (मौनी अमावस्या) में खुद नेहरू के शामिल होने के फैसले ने प्रयाग में लाशों के ढेर लगा दिए। भगदड़ में करीब 1000 लोगों की जान गई।
एस मारुथुपंडियन ने आरोप लगाया था कि उनकी बेटी की मर्जी के बिना कॉपर टी लगा दिया गया। महिला के पिता का यह भी दावा था कि कॉपर टी लगाने के दौरान उनकी बेटी को काफी ब्लीडिंग हुई।
मोहम्मद करार ने बच्ची को एनल गैंग रेप के लिए तैयार किया था और बाद में 5 से 6 लोग उसपर टूट पड़े थे। इस दौरान बच्ची के गुदाद्वार को फैलाने के लिए पंप तक का इस्तेमाल किया गया था।