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मुगलों को असली राष्ट्र निर्माता बताने वाले कबीर खान अब ‘जय श्रीराम’ पर बोले, राष्ट्रवाद को देशभक्ति से अलग बताया

कबीर खान ने कहा है कि देशभक्ति और राष्ट्रवाद में फर्क होता है और 83 उस अंतर को खूबसूरती से दर्शाती है।

मुगलों को असली राष्ट्र निर्माता बता चुके फिल्म डायरेक्टर कबीर खान ने अब कहा है कि ‘जय श्रीराम कहना’ कभी मुस्लिमों के लिए मुद्दा नहीं रहा है। साथ ही उन्होंने देशभक्ति और राष्ट्रवाद को भी अलग-अलग बताया है। भारतीय क्रिकेट टीम की पहली विश्व कप जीत पर बनी फिल्म 83 का निर्देशन कबीर खान ने ही किया है। बॉक्स ऑफिस पर इस फिल्म का प्रदर्शन ठंडा रहा है। बजरंगी भाईजान का यह निर्देशक अब सलमान खान के साथ पवन पुत्र भाईजान की तैयारी में लगा है।

कबीर खान ने नवभारत टाइम्स को दिए इंटरव्यू में बताया कि उनके घर में सेकुलरिज्म का कॉनसेप्ट है, क्योंकि उऩकी माँ हिंदू और पिता मुस्लिम हैं। उनका कहना है कि जब दिल्ली में उनकी परवरिश हो रही थी तो ‘जय श्रीराम’ बोलना उनके लिए मुद्दा ही नहीं था, क्योंकि यह सभी बोलते थे। फर्रुखाबाद में रहने वाले उनके रिश्तेदार भी ‘जय श्री राम’ बोलते थे।

वहीं उन्होंने देशभक्ति और राष्ट्रवाद पर बात करते हुए कहा कि इन दोनों में फर्क होता है और 83 उस अंतर को खूबसूरती से दर्शाती है। देशभक्ति वो होती है, जब आप अपने देश पर गर्व मह्सूस करते हैं, उसके लिए आपको किसी दुश्मन की जरूरत नहीं होती, वो आपके अंदर होती है। कपिल देव और उनकी टीम ने कोई नारे नहीं लगाए, उन्होंने किसी दुश्मन के खिलाफ जंग नहीं लड़ी। फिल्म आखिर में क्या दर्शाती है? वो खिलाड़ी किसी भी धर्म के रहे हों, कुछ भी खाते हों, मगर आखिरकार वे एकजुट होकर जब देश के लिए खेले, तो विश्व कप जीत कर लाए।

उल्लेखनीय है कि फिल्म ’83’ बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप हो चुकी है। लेकिन कबीर खान का दावा है कि फिल्म देखने जितने भी लोग पहुँचे उन सबको ये फिल्म पसंद आ रही है और इस बात के कई कारण हो सकते हैं कि समीक्षकों ने जिस फिल्म को इतना सराहा उसे देखने लोग सिनेमाघरों तक क्यों नहीं आए। इसके साथ ही उन्होंने अगली फिल्म ‘पवन पुत्र भाईजान’ को लेकर भी खुलासा किया।

इसमें वह सलमान खान के साथ काम कर रहे हैं। पिछले दिनों उन्होंने कहा कि वह इस फिल्म को लेकर उत्साहित हैं और सलमान खान के साथ काम करने के लिए वह अपना दाहिना हाथ भी दे सकते हैं, क्योंकि अभिनेता के साथ काम करना उनके करियर के लिए काफी अच्छा रहा है और उन्होंने उनसे काफी कुछ सीखा है। बता दें कि ‘बजरंगी भाईजान’ से पहले कबीर खान और सलमान खान ‘एक था टाइगर’ में काम कर चुके हैं।

गौरतलब है कि कबीर खान ने पिछले दिनों कहा था कि मुगल असली राष्ट्र-निर्माता थे। उन्होंने कहा था, “सबसे आसान तरीका है मुगलों को और मुस्लिम शासकों को बुरा दिखाना। ये सब बहुत परेशान करने वाला है। हालाँकि ये मेरे निजी विचार हैं और मैं एक बहुत बड़े समुदाय के लिए नहीं बोल सकता, लेकिन हाँ मैं फिल्मों में इस तरह की चीजों से परेशान हूँ।” कबीर खान का यह बयान डिज्नी प्लस हॉटस्टार की नई वेब सीरीज ‘द एम्पायर’ का ट्रेलर सामने के बाद आया था। अपने इस बयान के बाद वह सोशल मीडिया पर बुरी तरह ट्रोल हो गए थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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