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मिट्टी में मिला कॉन्ग्रेस नेता हाजी अली का करोड़ों का महल: पैगंबर मुहम्मद के अपमान का आरोप लगा इस्लामी भीड़ ने किया था दंगा, पत्थर चलने के बाद अब चला बुलडोजर

महाराष्ट्र के नासिक में प्रवचन के दौरान सरला द्वीप के महंत रामगिरि ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार की बात कही थी। इसका उदाहरण देेते हुए उन्होंने इस्लाम के पैगंबर मुहम्मद का भी जिक्र किया था। मुस्लिम कट्टरपंथियों ने इसे ईशनिंदा और उनके पैगंबर मुहम्मद का अपमान बताकर उनके खिलाफ कई जगहों पर एफआईआर दर्ज करवाई है।

मध्य प्रदेश के छतरपुर में इस्लाम के पैगंबर मुहम्मद की बेअदबी के नाम कट्टरपंथियों की भीड़ ने बुधवार (21 अगस्त 2024) को जमकर हिंसा की। यह भीड़ बेअदबी के मामले में थाने में ज्ञापन देने गई थी, लेकिन वहाँ पहुँचते ही थाने पर पथराव कर दिया। इस हमले में थाना प्रभारी सहित तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए। हिंसा में शामिल लोगों पर प्रशासन ने बुलडोजर की कार्रवाई की है।

हिंसा में शामिल कॉन्ग्रेस के जिला उपाध्यक्ष एवं पूर्व सदर मोहम्मद हाजी शहजाद अली के आलीशान बंगले को बुलडोजर लगाकर ढहा दिया गया है। इसकी अनुमानित कीमत 5 करोड़ रुपए से अधिक है। हिंसा में शामिल लोगों का नेतृत्व हाजी अली ही कर रहा था। इस मामले में पुलिस ने हाजी अली सहित 50 लोगों और 200 अज्ञात लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट लिखी है।

दरअसल, छतरपुर की अंजुमन इस्लामिया कमिटी के सदर हाजी अली के नेतृत्व में मुस्लिम भीड़ 21 अगस्त को सिटी कोतवाली थाना पहुँची थी। वहाँ महाराष्ट्र के अहमदनगर में महंत रामगिरि महाराज द्वारा पैगंबर पर की गई टिप्पणी के विरोध में ज्ञापन सौंपा गया। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने महंत रामगिरि पर कार्रवाई करते हुए तत्काल गिरफ्तारी की माँग की थी।

इतना ही नहीं, ज्ञापन में चेतावनी भी दी गई थी। कहा गया था कि अगर महंत रामगिरि कोे गिरफ्तार करके उन पर कार्रवाई नहीं की गई तो महाराष्ट्र के साथ-साथ मध्य प्रदेश में भी शांति भंग की आशंका है। इस दौरान बड़ी संख्या में मुस्लिम भीड़ कोतवाली थाने का घेराव किया। फिर भीड़ हिंसक हो गई और थाने एवं पुलिसकर्मियों पर पथराव कर दिया।

इस पथराव में कोतवाली थाना प्रभारी अरविंद कुजूर सहित तीन पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। इसके अलावा, थाने के वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गए। आखिरकार हिंसक भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को आँसू गैस के गोले दागने पड़े। घटना सामने आने के बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से बात करके आरोपितों पर कठोर कार्रवाई करने का निर्देश दिया।

बता दें कि महाराष्ट्र के नासिक में प्रवचन के दौरान सरला द्वीप के महंत रामगिरि ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार की बात कही थी। इसका उदाहरण देेते हुए उन्होंने इस्लाम के पैगंबर मुहम्मद का भी जिक्र किया था। मुस्लिम कट्टरपंथियों ने इसे ईशनिंदा और उनके पैगंबर मुहम्मद का अपमान बताकर उनके खिलाफ कई जगहों पर एफआईआर दर्ज करवाई है।

इतना ही नहीं, अहमदनगर और नासिक सहित महाराष्ट्र के कई इलाकों में कट्टरपंथी मुस्लिमों की भीड़ ने सड़कों पर निकल कर हिंसा फैलाई। उन्होंने जगह लोगों पर हमला किया, दुकानों में तोड़फोड़ की और वाहनों में तोड़फोड़ एवं आग लगाई। इसको देखते हुए महाराष्ट्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। अब नूपुर शर्मा मामले की तरह इसे भी कट्टरपंथियों द्वारा देश के अन्य हिस्सों फैलाने की कोशिश की जा रही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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