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पादरी के रेप और टॉर्चर से परेशान महिला ने खाई 40 से ज्यादा नींद की गोलियाँ, अस्पताल में जिंदगी-मौत के बीच झूल रही; तमिलनाडु की घटना

इस घटना के बाद कई लोगों ने महिला के समर्थन में आवाज उठाई है। उन्होंने यौन उत्पीड़न के खिलाफ कार्रवाई करने और पीड़ितों को न्याय दिलाने की माँग की है। एक महिला कार्यकर्ता ने कहा, "यह बहुत ही दुखद घटना है। यह याद दिलाता है कि यौन उत्पीड़न एक गंभीर समस्या है। हमें इस समस्या के खिलाफ आवाज उठाने और पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए काम करने की जरूरत है।"

तमिलनाडु के तिरुनेलवेली में एक महिला ने नींद की 40 गोलियाँ खाकर आत्महत्या का प्रयास किया है। महिला ने पादरी के यौन शोषण और प्रताड़ना से तंग आकर ये कदम उठाया है। आरोपित पादरी का नाम जगन (39) है, जो स्थानीय चर्च में पादरी है। उसका महिला से संपर्क चर्च में प्रार्थना के लिए आने-जाने के दौरान हुआ था।

महिला की हालत नाजुक

पुलिस के अनुसार, 40 वर्षीय महिला एक प्रार्थना सभा में शामिल हुई थी, जहाँ उसका पादरी जगन ने यौन उत्पीड़न किया। उत्पीड़न से दुखी होकर महिला ने आत्महत्या का प्रयास किया। महिला को बेहोशी की हालत में परिजनों ने तिरुनेलवेली सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया है। उसे आईसीयू में भर्ती कराया गया है और उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है।

आरोपित पादरी जगन पुलिस की गिरफ्त से बाहर

महिला के परिजनों ने पुलिस को शिकायत दर्ज करा दी है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने जगन के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की जाँच कर रही है। पुलिस ने पादरी द्वारा यौन उत्पीड़न की इस घटना को गंभीर बताया है। फिलहाल पादरी की तलाश की जा रही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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