Homeदेश-समाजकॉन्ग्रेस की मशाल रैली में 8 झुलसे, BJP बोली - स्वार्थ सिद्धि के लिए...

कॉन्ग्रेस की मशाल रैली में 8 झुलसे, BJP बोली – स्वार्थ सिद्धि के लिए किया जा रहा बच्चों का इस्तेमाल: छत्तीसगढ़ की घटना

छत्तीसगढ़ के भाजपा नेता केदार कश्यप ने हादसे में घायल हुए लोगों की तस्वीरें शेयर की हैं। उन्होंने घायल लोगों को जवाहरलाल नेहरू हॉस्टल के छात्र बताया है।

छत्तसीगढ़ के जगदलपुर में कॉन्ग्रेस की मशाल रैली में 8 शामिल 8 लोगों के झुलसने की खबर है। घायलों में 2 लोग अधिक प्रभावित बताए जा रहे है जिन्हे रायपुर भेजने की तैयारी है। हादसे से पहले रैली में आगे-आगे 2 युवक मशाल ले कर चले रहे थे। घायलों का स्थानीय अस्पताल में इलाज चल रहा है जबकि गंभीर रूप से झुलसे कॉन्ग्रेसियों को रायपुर रेफर करने की तैयारी है। यह मशाल जुलूस राहुल गाँधी की सदस्य्ता खत्म होने के विरोध में निकाला गया था। घटना शुक्रवार (31 मार्च, 2023) की है।

छत्तीसगढ़ के भाजपा नेता केदार कश्यप ने हादसे में घायल हुए लोगों की तस्वीरें शेयर की हैं। उन्होंने घायल लोगों को जवाहरलाल नेहरू हॉस्टल के छात्र बताया है। इसी के साथ उन्होंने कॉन्ग्रेस पार्टी पर अपनी राजनीतिक स्वार्थ सिद्धि के बच्चों के प्रयोग का आरोप लगाया है। इस दौरान एक घायल छात्र इलाज के दौरान दबी आवाज में कुछ कह भी रहा है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक घायलों का इलाज कर रहे जगदलपुर के महारानी अस्पताल के डाक्टर के मुताबिक, 4 लोग 10 से 15 प्रतिशत के बीच जले हैं। इनके अलावा एक युवक 30% से अधिक झुलस गया है। बताया जा रहा है कि इस रैली में लोकतंत्र बचाओ के नारे लग रहे थे। इस मशाल में भरे गए ज्वलनशील पदार्थ की मात्रा जरूरत से अधिक थी। ये पाँचों युवक जलाए जा रही मशाल के पास ही खड़े थे। अचानक उठी आग से ये सभी उसकी चपेट में आ गए। फिलहाल सभी पीड़ित खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं।

गौरतलब है कि अदालत द्वारा 2 साल की सजा पाने के बाद खत्म हुई राहुल गाँधी की लोकसभा सदस्यता के बाद पूरे देश में कॉन्ग्रेस पार्टी विरोध प्रदर्शन कर रही है। कहीं इसे सत्याग्रह का नाम दिया गया है तो कही मशाल जुलूस निकाले जा रहे हैं।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

12 वर्ष पहले गोरखनाथ पीठ के पीठाधीश्वर, फिर देश के सबसे बड़े सूबे के CM: जनता तक पहुँच और समस्याओं पर तत्काल प्रतिक्रिया –...

योगी आदित्यनाथ की गोरखनाथ पीठाधीश्वर से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री तक की यात्रा, विरासत को आगे बढ़ाने से लेकर विकसित होते UP की पूरी कहानी।

अखिलेश सरकार में हुए 62+ हत्याओं को याद करा रहा ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ पोस्टर: मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर...

मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर उत्तर प्रदेश के कई शहरों में ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ लिखे पोस्टर लगा गए हैं। इन पोस्टर्स ने 2013 की उस भयावह हिंसा की याद फिर ताजा कर दी है।
- विज्ञापन -