Monday, July 26, 2021
HomeराजनीतिAAP की लड़ाई WhatsApp से Twitter पर आई, अलका ने माँगा केजरीवाल का इस्तीफा

AAP की लड़ाई WhatsApp से Twitter पर आई, अलका ने माँगा केजरीवाल का इस्तीफा

विधायक अलका लांबा ने आरोप लगाया है कि ओडिशा के सीएम को जीत की बधाई देने की वजह से उन्हें व्हाट्सऐप ग्रुप से हटा दिया गया। जिसके बाद से अलका लगातार ट्वीट करके आप को निशाने पर ले रही हैं और साथ ही नसीहतें भी दे रही है और अब तो उन्होंने सीएम केजरीवाल का इस्तीफा ही माँग लिया।

आम आदमी पार्टी के व्हाट्सएप ग्रुप से निकाले जाने के बाद से अलका लांबा ट्विटर पर पार्टी के खिलाफ मोर्चा खोल चुकी हैं। चाँदनी चौक से आप विधायक ने एक के बाद एक कई ट्वीट कर पार्टी और अरविंद केजरीवाल पर हमला बोला। अलका लांबा ने एक ट्वीट करते हुए लिखा कि वो भले ही पार्टी के भीतर नहीं हैं, लेकिन एक शुभचिंतक के तौर पर वो बाहर से पार्टी की भलाई के लिए सुझाव देती रहेंगी। उसे मानना या ना मानना उनकी मर्जी होगी। उन्होंने कहा कि अगर दिल्ली में चुनाव जीतना है, तो अरविंद जी को दिल्ली पर फोकस करना चाहिए और संविधान के मुताबिक पार्टी के संयोजक का पद संजय सिंह जी को सौंप देना चाहिए, क्योंकि उनके पास संगठन का अनुभव भी है। इसके साथ ही अलका ने सवाल भी उठाया कि क्या चुनाव में पार्टी की हार के लिए केजरीवाल को इस्तीफा नहीं देना चाहिए?

अलका लांबा ने कहा कि शनिवार (मई 25, 2019) को अरविंद केजरीवाल ने विधायकों के व्हाट्सएप ग्रुप पर एक मैसेज किया कि हार के बाद अब सभी विधायकों को दिल्लीवालों के बीच जाकर माफी माँगनी चाहिए। लोगों से एक मौका देने की अपील करनी चाहिए। अलका का कहना कि इस दौरान उन्होंने पूछा कि इस चुनाव में उनसे गलती क्या हुई है, इस पर भी चर्चा हो जानी चाहिए, जिससे दोबारा से ऐसी कोई गलती न हो। जिसके बाद उन्हें ग्रुप से हटा दिया गया।

अलका यहीं पर नहीं रुकी, उन्होंने तो व्हाट्सएप ग्रुप कहा कि बात समस्याओं की नहीं, बल्कि सभाओं की हो रही है और साथ ही उन्होंने आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता और ग्रेटर कैलाश से विधायक सौरभ भारद्वाज को मोहरा और चमचा तक कह दिया।

इसके साथ ही अलका ने एक और ट्वीट करते हुए लिखा, “2013 में आप के साथ शुरू हुआ मेरा सफ़र 2020 में समाप्त हो जायेगा। मेरी शुभकामनाएंँ पार्टी के समर्पित क्रांतिकारी जमीनी कार्यकर्ताओं के साथ हमेशा रहेंगी, आशा करती हूँ आप दिल्ली में एक मजबूत विकल्प बने रहेगें। आप के साथ पिछले 6 साल यादगार रहगें।आप से बहुत कुछ सीखने को मिला।”

गौरतलब है कि अलका लांबा को शनिवार (मई 25, 2019) को आम आदमी पार्टी के व्हाट्सऐप ग्रुप से निकाल दिया गया। इस ग्रुप में पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं के अलावा सीएम अरविंद केजरीवाल भी हैं। विधायक अलका लांबा ने आरोप लगाया है कि ओडिशा के सीएम को जीत की बधाई देने की वजह से उन्हें व्हाट्सऐप ग्रुप से हटा दिया गया। जिसके बाद से अलका लगातार ट्वीट करके आप को निशाने पर ले रही हैं और साथ ही नसीहतें भी दे रही है और अब तो उन्होंने सीएम केजरीवाल का इस्तीफा ही माँग लिया।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

यूपी के बेस्ट सीएम उम्मीदवार हैं योगी आदित्यनाथ, प्रियंका गाँधी सबसे फिसड्डी, 62% ने कहा ब्राह्मण भाजपा के साथ: सर्वे

इस सर्वे में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को सर्वश्रेष्ठ मुख्यमंत्री बताया गया है, जबकि कॉन्ग्रेस की उत्तर प्रदेश प्रभारी प्रियंका गाँधी सबसे निचले पायदान पर रहीं।

असम को पसंद आया विकास का रास्ता, आंदोलन, आतंकवाद और हथियार को छोड़ आगे बढ़ा राज्य: गृहमंत्री अमित शाह

असम में दूसरी बार भाजपा की सरकार बनने का मतलब है कि असम ने आंदोलन, आतंकवाद और हथियार तीनों को हमेशा के लिए छोड़कर विकास के रास्ते पर जाना तय किया है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
111,226FollowersFollow
393,000SubscribersSubscribe