केंद्रीय मंत्री की गाड़ी पर कॉन्ग्रेसियों का पथराव: राजस्थान के मंत्री का करप्शन उजागर करने से थे नाराज

बेनीवाल के साथ केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी जागरण में भाग लेने पहुॅंचे थे जब यह घटना हुई। जिस इलाके में पथराव हुआ वह राजस्थान के राजस्व मंत्री हरीश चौधरी का ही विधानसभा क्षेत्र है।

राजस्थान के बाड़मेर जिले में कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं ने मंगलवार (नवंबर 12, 2019) की रात केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी के वाहन पर पथराव किया। हालाँकि इस पथराव में किसी को चोट नहीं आई, लेकिन मंत्री के वाहन और पुलिस की जीप को खासा नुकसान पहुँचा।

इस दौरान कैलाश चौधरी के साथ राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के संयोजक तथा सांसद हनुमान बेनीवाल भी थे। कहा जा रहा है कि कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं के निशाने पर बेनीवाल ही थे। उन्होंने हाल ही में राज्य के राजस्व मंत्री हरीश चौधरी पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे।

बेनीवाल ने मंगलवार को एक प्रेस वार्ता में मंत्री हरीश चौधरी पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए थे। जिसके बाद से ही कॉन्ग्रेस कार्यकर्ता उनसे नाराज चल रहे थे। बेनीवाल के बयान के बाद कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं ने कार्यालय में बैठक भी बुलाई थी और लगभग सौ लोग उनका विरोध करने फलसूंड चौराहे पर भी पहुँचे थे। यहाँ करीब आधे घंटे तक इन लोगों ने बेनीवाल के ख़िलाफ़ नारेबाजी की थी।

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

ऐसे में जब कैलाश चौधरी के साथ बेनीवाल बाड़मेर में बायतु के उपखंड मुख्यालय पर आयोजित वीर तेजाजी और खेमाबाबा की जागरण में भाग लेने पहुँचे, तो वहाँ मौजूद कॉन्ग्रेसी कार्यकर्ताओं ने उन पर हमला कर दिया। बता दें बायतू राजस्व मंत्री हरीश चौधरी का ही विधानसभा क्षेत्र है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस मामले में पुलिस अधीक्षक शदर चौधरी ने कहा, “कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं में नाराजगी थी, वे बीती रात बायतू के पास इकट्ठा हुए और कहा कि सांसद को कार्यक्रम में शामिल नहीं होने दिया जाएगा।”

पुलिस के अनुसार मौक़े पर मौजूद आला अधिकारियों ने उनकों समझा-बुझाकर शांत करवाया, लेकिन जैसे ही कैलाश चौधरी की गाड़ी वहाँ पहुँची तो उनमें से कुछ लोगों ने वाहन पर पथराव किया। पुलिस ने हालात को काबू में कर लिया और दोनों नेताओं ने जागरण में भाग लिया। इस घटना पर हनुमान बेनीवाल ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “मैं भी इनकी तरह कर सकता हूँ, लेकिन यहाँ सभी मेरे अपने हैं, इसलिए मैं ऐसा नहीं कर रहा हूँ। “

शेयर करें, मदद करें:
Support OpIndia by making a monetary contribution

बड़ी ख़बर

शरजील इमाम
“अब वक्त आ गया है कि हम गैर मुस्लिमों से बोलें कि अगर हमारे हमदर्द हो तो हमारी शर्तों पर आकर खड़े हो। अगर वो हमारी शर्तों पर खड़े नहीं होते तो वो हमारे हमदर्द नहीं हैं। असम को काटना हमारी जिम्मेदारी है। असम और इंडिया कटकर अलग हो जाए, तभी ये हमारी बात सुनेंगे।"

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं ख़बरें

ताज़ा ख़बरें

हमसे जुड़ें

144,052फैंसलाइक करें
36,145फॉलोवर्सफॉलो करें
164,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

ज़रूर पढ़ें

Advertisements
शेयर करें, मदद करें: