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नंदीग्राम में केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के सामने BJP नेता का सिर फोड़ा, MP अर्जुन सिंह के घर पर बमबाजी: TMC पर आरोप

अर्जुन सिंह के आवास सह कार्यालय ‘मजदूर भवन’ को निशाना बनाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि इलाके में करीब 15 जगहों पर टीएमसी कैडरों ने बम फेंके। सीसीटीवी कैमरों को भी तोड़ दिया गया।

पश्चिम बंगाल में 27 मार्च को होने वाले पहले चरण के मतदान से पहले हिंसा तेज हो गई है। नंदीग्राम में केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की पदयात्रा पर हमला किया गया। वहीं नॉर्थ 24 परगना के भाटपाड़ा में बीजेपी सांसद अर्जुन सिंह के आवास सह कार्यालय पर बमबारी की गई। बीजेपी (BJP) ने दोनों घटनाओं के लिए तृणमूल कॉन्ग्रेस (TMC) को जिम्मेदार ठह​राया है। हालाँकि टीएमसी ने इन आरोपों को खारिज कर दिया है।

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार नंदीग्राम के सोनचुरा में गुरुवार (18 मार्च 2021) को केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की रैली थी। इस दौरान अचानक से हिंसा होने लगी। कुछ लोगों ने बीजेपी कार्यकर्ताओं को पीट दिया। आरोप है कि हमला करने वाले टीएमसी से जुड़े थे।

धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि ममता बनर्जी को लोकतांत्रिक तरीके से चुनाव लड़ना चाहिए। शुभेंदु अधिकारी की पदयात्रा शुरू होने के बाद बीजेपी युवा मोर्चा के नेता पर उनके सामने हमला किया गया। उन्होंने कहा कि मैं चुनाव आयोग से अर्धसैनिक बलों की तैनाती की अपील करता हूँ। रिपोर्ट में बताया गया है कि बीजेपी कार्यकर्ता का हमले में सिर फट गया।

नंदीग्राम वही सीट है जहाँ से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी खुद मैदान में हैं। यहीं नामांकन के बाद उनके पैर में चोट लगी थी, जिसे टीएमसी ने ‘हमले’ के तौर पर प्रचारित करने की कोशिश की थी। ममता का मुकाबला बीजेपी के शुभेंदु अधिकारी से है, जिन्होंने कुछ महीने पहले ही ममता कैबिनेट और टीएमसी से इस्तीफा दिया था।

बंगाल के मंत्री और टीएमसी नेता फिरहाद हाकिम ने बीजेपी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि वह अपने कार्यकर्ताओं को काबू में नहीं रख पा रही है। इसकी वजह से बीजेपी के पुराने और नए कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हुई। उन्होंने इसे शुभेंदु बीजेपी बनाम पुरानी बीजेपी का झगड़ा बताया। हाकिम ने कहा कि बीजेपी राजनीति को सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश कर रही है। अपनी अंदरुनी लड़ाई छिपाने के लिए टीएमसी पर आरोप लगा रही है।

इधर भाटपाड़ा के जगदाल इलाके में बुधवार को अर्जुन सिंह के आवास सह कार्यालय ‘मजदूर भवन’ को निशाना बनाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि इलाके में करीब 15 जगहों पर टीएमसी कैडरों ने बम फेंके। सीसीटीवी कैमरों को भी तोड़ दिया गया।

बीजेपी सांसद ने ट्विटर पर एक वीडियो साझा करते हुए कहा है कि बम हमलों के बाद से स्थानीय लोग दहशत में है। उन्हें स्थानीय पुलिस से कोई मदद नहीं मिल रही।

एक अन्य ट्वीट में तस्वीर साझा करते हुए उन्होंने आरोप लगाया है कि बंगाल पुलिस की मौजूदगी में हमलावरों ने उनकी गाड़ी पर बम फेंके। पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मुकुल रॉय ने कहा है कि इस घटना से चुनाव आयोग को अवगत कराया जाएगा।

गौरतलब है कि यह पहला मौका नहीं है जब बंगाल में बीजेपी कार्यकर्ताओं और नेताओं को निशाना बनाने के आरोप टीएमसी पर लगा है। बीते दिसंबर में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के काफिले तक को निशाना बनाया गया था। वहीं गुरुवार को बंगाल के पुरुलिया में एक रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि इन चुनावों में टीएमसी साफ हो जाएगी

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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