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ईरान की गोला-बारूद फैक्ट्री में ड्रोन हमले से हुआ जोरदार धमाका, इस्लामी मुल्क और इजरायल की चलती है दुश्मनी

"ईरान के रक्षा मंत्रालय का कहना है कि इस्फहान में गोला-बारूद की फैक्ट्री को तीन ड्रोन द्वारा टारगेट किया किया गया था। इसमें से एक ड्रोन सेना ने गोली मारकर गिरा दिया।"

ईरान के इस्फहान शहर में स्थित गोला बारूद की फैक्ट्री में जोरदार धमाका हुआ। यह धमाका ड्रोन हमले के कारण हुआ। ईरान के रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि हमले में 3 ड्रोन शामिल थे। इसमें से 2 ड्रोन एयर डिफेंस सिस्टम में फँस गए। वहीं, 1 को मार गिराया गया। इस हमले में किसी प्रकार के जान-माल के नुकसान होने की पुष्टि नहीं हुई।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस्फान में यह हमला शनिवार (28 जनवरी, 2023) को स्थानीय समयानुसार करीब साढ़े दस बजे हुआ। इस हमले को लेकर ईरान इंटरनेशनल ने रक्षा मंत्रालय के हवाले से कहा है कि ड्रोन हमला असफल रहा। इसमें किसी की जान नहीं गई। गोला-बारूद बनाने वाली फैक्ट्री की छत को थोड़ा-बहुत नुकसान हुआ है। इस हमले में फैक्ट्री में चल रहे काम में किसी प्रकार की रुकावट पैदा नहीं हुई। सभी उपकरण भी सुरक्षित हैं।

ईरान इंटरनेशनल ने एक अन्य ट्वीट में कहा है, “ईरान के रक्षा मंत्रालय का कहना है कि इस्फहान में गोला-बारूद की फैक्ट्री को तीन ड्रोन द्वारा टारगेट किया किया गया था। इसमें से एक ड्रोन सेना ने गोली मारकर गिरा दिया। वहीं, दो अन्य एयर डिफेंस सिस्टम में फँस गए, जिससे इनमें विस्फोट हो गया।”

ऐसा ही दावा इस्फहान प्रांत के सुरक्षा उप प्रमुख मोहम्मद रजा जन-नेसारी भी किया है। उन्होंने कहा है, “रक्षा मंत्रालय से जुड़े सैन्य केंद्र में एक में विस्फोट हुआ है। हालाँकि विस्फोट से कुछ नुकसान हुआ है। लेकिन इसमें कोई हताहत नहीं हुआ।”

न्यूज एजेंसी एएनआई ने ईरान की सरकारी न्यूज एजेंसी आईआरएनए के हवाले से कहा है कि हमले में इस्तेमाल किए गए ड्रोन काफी छोटे थे। ईरान के सैन्य ठिकाने पर यह हमला ऐसे समय हुआ है जब अमेरिका और इजरायल के साथ उसके संबंध तनावपूर्ण बने हुए हैं। यही नहीं, इजरायल ने साल 2015 के परमाणु समझौते के उल्लंघन पर ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की धमकी भी दी है। हालाँकि, न तो ईरान ने इस हमले के इजरायल को जिम्मेदार ठहराया है और ना ही इजरायल ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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