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कोरोना से स्पेनी राजकुमारी की मौत, संक्रमण से जान गॅंवाने वाली पहली शाही सदस्य हैं मारिया टेरेसा

एक दिन पहले सिर्फ़ 24 घंटे में स्पेन में 834 लोगों की मौत ने पूरे यूरोप को दहला दिया था। अधिकारियों का कहना है कि अब नए मामले नहीं मिल रहे हैं, लेकिन स्थिति अभी भी काफ़ी ख़राब है।

कोरोना वायरस के संक्रमण से आम आदमी से लेकर खास तक हलकान हैं। राजपरिवार के लोग भी इससे अछूते नहीं हैं। हाल ही में ब्रिटेन के प्रिंस चार्ल्स कोरोना वायरस पॉजिटिव पाए गए थे। अब स्पेन की राजकुमारी की इस खतरनाक वायरस की वजह से मृत्यु हो गई है। 86 वर्षीय प्रिंसेस मारिया टेरेसा इस संक्रमण संक्रमण से जान गॅंवाने वाली किसी भी राजपरिवार की पहली सदस्य हैं। वो बर्बन-परमा रॉयल परिवार की प्रिंसेज थीं। उनके भाई प्रिंस सिक्सटस हेनरी ने बहन की मृत्यु की जानकारी दी है।

स्पेन में कोरोना वायरस की वजह से हालात काफ़ी बिगड़े हुए हैं। अभी तक वहाँ लगभग 6000 लोगों की मौत हो चुकी है। हालाँकि, 12,000 से अधिक मरीज ठीक भी हुए हैं, लेकिन 73,235 कोरोना मामलों के साथ स्पेन इस वायरस के संक्रमण से दुनिया का चौथा सबसे ज्यादा प्रभावित देश बन गया है। एक दिन पहले सिर्फ़ 24 घंटे में स्पेन में 834 लोगों की मौत ने पूरे यूरोप को दहला दिया था। अधिकारियों का कहना है कि अब नए मामले नहीं मिल रहे हैं, लेकिन स्थिति अभी भी काफ़ी ख़राब है।

जहाँ तक राजकुमारी टेरेसा की बात है, उनका जन्म जुलाई 28, 1933 को पेरिस में हुआ था। वो प्रिंस जेवियर और मैडेलिन की 6 संतानों में से एक थीं। बर्बन-परमा रॉयल परिवार स्पेन के राजपरिवार का कैडेट ब्रांच है। ये लोग ‘फ्रेंच कैपेटियन डायनेस्टी’ से ताल्लुक रखते हैं। रॉयल परिवार के उन सदस्यों को कैडेट कहा जाता है, जो गद्दी के उत्तराधिकारी नहीं होते। उन्हें संपत्ति और पदवी दी जाती है।

प्रिंसेस मारिया की कोई संतान नहीं हैं। लेकिन उनके कई भतीजा-भतीजी और भाँजे-भाँजियाँ हैं। उनका अंतिम संस्कार रॉयल फैमिली के प्रबुद्ध लोगों की मौजूदगी में किया जाएगा। कोरोना वायरस के खतरों को देखते हुए ज्यादा जुटान नहीं होगा। बता दें कि स्पेन में भी अभी लॉकडाउन चल रहा है, जिसे कुछ और दिनों के लिए आगे बढ़ा दिया गया था। वहाँ की अर्थव्यवस्था ठप्प पड़ी हुई है और बाजार वगैरह बंद होने के कारण लोग परेशान हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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