Wednesday, January 27, 2021
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हॉन्गकॉन्ग में चीन के खिलाफ बढ़ता आक्रोश देखकर TikTok ने कहा अलविदा, अमेरिका भी कर रहा है चीनी ऐप बैन की तैयारी

पिछले दिनों हॉन्गकॉन्ग में चीन द्वारा थोपे जा रहे क़ानून के ख़िलाफ़ बड़ी संख्या में लोगों ने सड़क पर उतर कर विरोध प्रदर्शन किया था। जून माह में तो इस विरोध प्रदर्शन में लगभग 10 लाख लोग काले कपड़ो में सड़कों पर उतरे थे और बीजिंग द्वारा प्रदेश पर थोपे जा रहे कानून के खिलाफ़ सड़कें जाम की थीं।

चीन के कब्जे वाले हॉन्गकॉन्ग में चीन सरकार के खिलाफ पिछले दिनों कई विरोध प्रदर्शन देखने को मिले। सैंकड़ों की तादाद में लोगों ने सड़कों पर उतरकर अपना आक्रोश जाहिर किया। इसी बीच खबर आई कि टिकटॉक ने हॉन्गकॉन्ग के मार्केट से बाहर निकलने के संदेश दे दिए हैं।

विदेशी मीडिया के अनुसार, सोमवार को देर शाम एक प्रवक्ता ने यह जानकारी रॉयटर्स को दी। कहा जा रहा है फेसबुक समेत अन्य टेक्नॉलजी कंपनियाँ भी अब क्षेत्र में अपना काम सस्पेंड कर रही हैं। दरअसल, यहाँ की सरकार द्वारा दिए गए निर्देशों के आधार पर यह फैसला लिया गया है।

मार्केट के प्रति अपनी प्रतिबद्धताओं के बारे में सवाल किए जाने पर टिकटॉक के प्रवक्ता ने कहा, “हाल के कुछ इवेंट्स को देखते हुए हमने हॉन्गकॉन्ग में टिकटॉक ऐप के ऑपरेशन को बंद करने का फैसला लिया है।”

कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में कंपनी का हवाला देते हुए कहा जा रहा है कि हॉन्गकॉन्ग का बाजार टिकटॉक के लिए एक छोटा और नुकसान वाला सौदा है। हॉन्गकॉन्ग में पिछले साल इस ऐप को 1,50,000 डाउनलोड मिले थे।

वहीं दुनियाभर में इसे 2 बिलियन डाउनलोड्स मिल चुके हैं। कंपनी ने यह फैसला इसलिए किया है क्योंकि यहाँ के हालात बिगड़े हुए हैं और यह साफ नहीं है कि यह देश पूरी तरह से चीन के हाथों आ जाएगा।

गौरतलब है कि पिछले दिनों हॉन्गकॉन्ग में चीन द्वारा थोपे जा रहे क़ानून के ख़िलाफ़ बड़ी संख्या में लोगों ने सड़क पर उतर कर विरोध प्रदर्शन किया था। जून माह में तो इस विरोध प्रदर्शन में लगभग 10 लाख लोग काले कपड़ो में सड़कों पर उतरे थे और बीजिंग द्वारा प्रदेश पर थोपे जा रहे कानून के खिलाफ़ सड़कें जाम की थीं।

यहाँ बता दें कि हॉन्गकॉन्ग में चीन के ख़िलाफ़ चल रहा विरोध प्रदर्शन उसी कानून के ख़िलाफ़ है। जिससे वहाँ के लोगों को गलत तरीके से फँसा कर गिरफ्तार करना उसके लिए आसान हो गया है।

चीन ने इस क़ानून का ‘परीक्षण’ भी किया है, जिसके तहत एक गिरफ्तार किया गया। इसके बाद हॉन्गकॉन्ग में लोग चीन के खिलाफ सड़कों पर विरोध के लिए उतर आए और जम पर बवाल काटा।

ऐसे में मुमकिन है कि टिकटॉक का हॉन्गकॉन्ग के मार्केट को अलविदा कहना- बाइटडांस कंपनी के इसी डर का नतीजा हो कि कहीं जिस प्रकार हॉन्गकॉन्ग में चीन के ख़िलाफ़ माहौल तैयार हो रहा है, कहीं उसकी गाज टिकटॉक पर न गिर पड़े? और भारत की तरह वहाँ भी टिकटॉक के ख़िलाफ़ एक्शन ले लिया जाए!

अमेरिका भी कर रहा TikTok बैन पर विचार

भारत द्वारा टिकटॉक समेत 59 चीनी ऐप बैन किए जाने के बाद अमेरिका भी अलर्ट हो गया है। ताजा अपडेट के मुताबिक अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने सोमवार देर रात इस संबंध में ऐलान किया।

उन्‍होंने कहा कि हम निश्चित रूप से चीनी ऐप पर प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रहे हैं। उधर, ऑस्‍ट्रेलिया में भी चीनी ऐप पर प्रतिबंध लगाने की माँग तेज होती जा रही है। खबरों के अनुसार ऑस्ट्रेलिया में संसदीय समिति जल्द इस पर अपनी मुहर लगा सकती है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

 

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