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एक साथ 5 नौकरी, ₹2.5 लाख रोजाना की कमाई… ‘मूनलाइटिंग’ के ‘एक्सपर्ट’ सोहम पारेख पर अब बन रहे मीम्स: CEO ने किया ‘फ्रॉड’ का खुलासा, कहा- पहले सप्ताह ही नौकरी से निकाल दिया था

सोहम पारेख के नाम से इंटरनेट पटा पड़ा है। कोई उनके मीम्स बना रहा है तो कोई उन्हें जॉब ऑफर कर रहा है। अमेरिका उद्यमी सुहैल दोशी ने पारेख के एक साथ कई कंपनियों में काम करने के राज को उजागर किया।

भारतीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर और कंसल्टेंट सोहम पारेख इनदिनों इंटरनेट की सनसनी बन गए हैं। सोशल मीडिया में ट्रेंडिंग टॉपिक में उनका नाम आ रहा है। इसकी वजह है उनका एक साथ 5 नौकरियाँ करना और हर दिन करीब 2.5 लाख रुपए कमाना। अचानक सोहम पारेख की क्षमता के बारे में मीम्स इंटरनेट पर छा गए हैं और हर तकनीकी क्षेत्र की शख्सियत उन पर पोस्ट लिख रहा है।

कौन है सोहम पारेख ?

जॉर्जिया इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से मास्टर की डिग्री हासिल करने वाले भारतीय टेकी सोहम पारेख पर ‘टेक-ठगी’ करने का आरोप है। उस पर कई अमेरिकी स्टार्टअप कंपनियों में एक ही वक्त में काम करने के आरोप लगे हैं।

Mixpanel कंपनी के को-फाउंडर और पूर्व सीईओ सुहैल दोशी ने सोहम पारेख पर आरोप लगाया है कि वह एक-साथ कई कंपनियों के लिए काम कर रहा था।

प्लेग्राउंड एआई के संस्थापक ने पारेख का रिज्यूम भी सोशल मीडिया पर शेयर किया। उन्होंने कहा है कि सीवी की 90% बातें मनगढ़ंत है और लिखे गए लिंक अब एक्टिव भी नहीं हैं। उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने सोहम के साथ चर्चा कर समझने की कोशिश की लेकिन परिणाम नहीं निकला। कभी कभी ऐसा होता है कि अपनी बात समझाने के लिए बात करने की जरूरत पड़ती है।

छह से अधिक अन्य कंपनियों ने एक ट्वीट के जवाब में दोशी ने पारेख के धोखे की जानकारी दी और कहा कि उन्होंने कोई सही काम करने के बजाय लगातार धोखाधड़ी की। इस दौरान मूनलाइटिंग का जिक्र किया।

पारेख ने अपने आवास को लेकर भी भ्रम में रखा। दोशी को लगा कि वे अमेरिका के किसी व्यक्ति को नौकरी पर रख रहे हैं। उन्होंने उसके बताए पते पर लैपटॉप भेजा। लेकिन लैपटॉप वापस आ गया। दोषी के मुताबिक शायद यह उनकी बहन का पता था।

किसी के लिए अपने तौर-तरीके बदलना काफी चुनौतीपूर्ण होता है, लेकिन ये असंभव नहीं है। खासकर तब जब कोई धोखाधड़ी में लगा हुआ है। दोशी को अपनी गलतियों का एहसास तभी हुआ जब पारेख की धोखाधड़ी का भंडाफोड़ हुआ।

उद्योगपति दोशी से लोगों ने पूछा

इस बीच, दोशी को कई लोगों के मैसेज मिले। ये लोग दोशी के शुभचिंतक और स्टार्टअप शुरू करने वाले लोग थे। उन्होंने कहा कि पारेख को उनके बायोडाटा के आधार पर उन लोगों ने नौकरी पर रखा था। मामला सामने आने के बाद सोहम को कंपनियों ने नौकरी से निकाल दिया।

फ्लीट एआई के सह-संस्थापक और सीईओ निकोलई ओपोरोव ने एक मीम पर टिप्पणी करते हुए पारेख के धोखे को समझने के लिए वाईसी समुदाय की प्रशंसा की गई। ओपोरोव के मुताबिक उन्होंने सिर्फ सप्ताहभर ही सोहम पारेख के साथ काम किया। जबकि उनके दोस्तों ने उन्हें कई वर्षों तक काम पर रखा था। उन्होंने कहा कि पारेख लंबे समय से यही काम कर रहे हैं और एक साथ चार से अधिक स्टार्टअप से जुड़े हुए थे। इस पर दोशी ने जवाब दिया, “इसे रोकना होगा।”

AIVideo के सह-संस्थापक जस्टिन हार्वे खुद को भाग्यशाली महसूस कर रहे होंगे, क्योंकि वे पारेख को अब तक जॉब पर नहीं रखा था, हालाँकि वो बस रखने ही वाले थे। पारेख ने इंटरव्यू से वो काफी प्रभावित हुए थे और कहा कि वाकई में उसने बेहतरीन प्रदर्शन किया।

कई यूजर्स ने पोस्ट पर जवाब दिया है और दोशी का समर्थन करते हुए बताया कि पारेख को बाहर कर दिया गया है।

इस बीच ये बात भी सामने आई है कि पारेख ने अपनी संभावित कंपनियों को जो ईमेल भेजा था, वह भी सोशल मीडिया पर सामने आया। इन सब का पैटर्न एक समान था।

पारेख की तमाम आलोचनाओं के बीच एक अकाउंट ने उन्हें इंटरव्यू के लिए टेक्नोलॉजी के डेली शो से संपर्क करने की सलाह दी। उसने कहा, ‘यह जिम्मेदारी उन पर है कि वे सब कुछ ठीक करने का एक मौका खोज लें।

दोशी ने जिस घोटाले को “सोहम-गेट” कहा था, उसे लेकर हँसी-मजाक भी हुआ। किसी ने कहा कि सोहम की धोखाधड़ी को नजरअंदाज करते हुए समाजवादी उन्हें नहीं निकालेंगे

सोहम-गेट पर बन रहे मीम-फेस्ट

सोशल मीडिया पर सोहम गेट नाम से मीम्स की बौछार हो गई है। एक व्यक्ति ने इस बात पर चुटकी ली कि उसने कंपनियों को आकर्षित करने के लिए अपने ईमेल को उसी तरह बनाने की कोशिश की है जैसा सोहम पारेख का है। उसने घोषणा की कि अगर किसी का सीवी उतना आकर्षक नहीं है, तो उससे संपर्क कर सकता है।

एक नेटिजन ने कई कंप्यूटरों लगे एक डेस्क की तस्वीर साझा की, जिसमें लिखा था कि आप सोहम पारेख हैं जो दिन के लिए चेक इन कर सकते हैं क्योंकि एक साथ यहाँ कई काम संभालने होंगे।

एक व्यक्ति ने मजाकिया अंदाज में बताया कि कैसे पारेख आधुनिक डिजिटल का विकास करने वाली सभी प्रौद्योगिकी कंपनियों के सबसे पसंदीदा व्यक्ति हैं।

एक यूजर्स ने लिखा कि पारेख को कई नौकरियाँ हासिल करने का तजुर्बा है इसलिए इंटरव्यू में अच्छा परफॉर्म करने के लिए उनसे संपर्क करें।

एक यूजर ने पारेख को “10x इंजीनियर बताया जो हर YC कंपनी चला सकता है” उसने मजाक उड़ाया कि वह अपने योगदान से 10 से अधिक स्टार्टअप की सहायता कर रहे हैं।

तकनीकी कंपनियाँ सोहम पारेख की धोखाधड़ी उजागर होने के बाद हैरान हैं और इस तरह की घटना दोबारा न हो, इसके लिए जरूरी कदम उठाने की माँग कर रहे हैं। वहीं सोशल मीडिया इस पर मीम्स के मजे ले रहा है।

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Rukma Rathore
Rukma Rathore
Accidental journalist who is still trying to learn the tricks of the trade. Nearing three years in the profession.

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