मृतक मनोज सेंगर के ख़िलाफ़ पीड़िता के सड़क हादसे की घटना में सीबीआई में मुक़दमा दर्ज है। जबकि उन्नाव दुष्कर्म कांड के आरोपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर इस समय जेल में बंद है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद मामले की सुनवाई अब दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट में हो रही है।
"बिशप फ्रैंको के ख़िलाफ़ शिक़ायत दर्ज करने के बाद, क्रिश्चियन टाइम्स नामक एक यूट्यूब चैनल लगातार मुझे और मेरी साथी बहनों को बदनाम कर रहा है। हमें संदेह है कि चैनल बिशप फ्रैंको और उनके साथी कार्यकर्ताओं द्वारा चलाया जाता है।"
बीते दिनों पीड़ित नन का समर्थन करने वाली पाँच ननों में से चार को कुराविलंगद कॉन्वेंट छोड़ने को भी कहा गया था। जाहिर है कि आरोपी बिशप के ख़िलाफ़ विरोध-प्रदर्शन करने वाले ननों की सामूहिक ताकत को तोड़ने की साजिश रची जा रही है।
अदालत ने तत्कालीन एएसपी पीरजादा नावीद के ख़िलाफ़ भी एफआईआर दर्ज करने का निदेश दिया है, जो अब रिटायर हो चुके हैं। आरोप है कि एसआईटी ने झूठे बयान देने के लिए गवाहों को प्रताड़ित किया था।
"इसके बाद सुदीप्तो ने मुझे आँखे बंद कर लेट जाने को कहा। साथ ही ऊपर के रेप सीन संबंधी डायलॉग बोलने को कहा। इसके बाद उन्होंने मुझे उंगलियों से छूना शुरू किया और कहा कि उनकी छुअन को सेंस करते हुए डायलॉग बोलूँ। फिर अचानक से उस शख्स ने..."
इलाके में करीब 600 घरों में से 65%, यानी 400 के आस-पास समुदाय विशेष के हैं। कथित तौर पर बलात्कारियों ने पीड़िता का कुरता नहीं उतारा- क्योंकि वह अनुसूचित जाति पासी की थी, जिसे स्थानीय समुदाय विशेष वालेअपने से 'नीचे' देखते हैं।
अगस्त में सुप्रीम कोर्ट ने तरुण तेजपाल के ख़िलाफ़ लगे आरोपों को खारिज करने से इनकार कर दिया था। तेजपाल को नवंबर 2013 में क्राइम ब्रांच ने गिरफ़्तार किया था। मई 2014 के बाद से वह जमानत पर बाहर हैं।
शक्ति की आराधना का पर्व शुरू हो गया है। ऐसे में बुद्ध-महावीर की धरती से इस वीडियो का सामने आना और इसमें पीड़िता द्वारा गिड़गिड़ाते हुए कही गई 2 पंक्तियाँ पूरे देश-समाज को झकझोड़ देने वाली है। सवाल है कि एक ग़रीब मजदूर अपनी बेटी के लिए न्याय माँगते हुए कहाँ-कहाँ भटकेगा?
पीड़िता का मेडिकल करवा कर आरोपितों को पॉक्सो एक्ट के तहत नामजद किया गया है। नाबालिग लड़की जिस जगह मिट्टी लेने गई थी, वह उसके घर से महज 300 मीटर दूर है। लौटते वक्त वह दादी के पीछे-पीछे चल रही थी। तभी आरोपितों ने अचानक से उसका मुॅंह कपड़े से दबा कर...
आरोपित पादरी वसई में एक प्रार्थना सेंटर चलाता है और तरह-तरह के रोगों को ठीक करने के दावे करता रहा है। वह इसके एवज में रुपए लिया करता था। लोग उसके प्रेयर सेंटर में आकर प्रार्थना करते थे और फिर वहाँ उनका 'उपचार' किया जाता था।