प्लानिंग पूरी होने के बाद सोमवार (मई 6, 2019) अंजुम ने अमीर को शहर के तोरणा होटल में बुलाया। यहाँ इंतजार में खड़े अमीर पर अंजुम ने अचानक तेजाब से हमला किया और भागने में कामयाब हो गई।
सामाजिक समारोह में इस प्रकार की झड़प और हिंसा जौनपुर-जौनसार में आम बात है और यही वजह है कि समय-समय पर यहाँ पर 10-15 गाँव मिलकर शादी-विवाह में शराब और DJ को प्रतिबंधित करते आए हैं लेकिन ऐसे में किसी व्यक्ति की मृत्यु होना बेहद चौंकाने वाला प्रकरण है।
पीड़िता के पिता द्वारा दी गई शिकायत के मुताबिक, छोटू और सूरज दोनों उनके घर गए और बेटी का विश्वास जीतकर उसे अगवा कर ले गए। यह घटना मार्च के पहले सप्ताह में हुई थी।
उसके सीने के बीचो-बीच में नक्सलियों ने गोली मारी है। मृतक के बारे में जानकारी मिलते ही घर में मातम छा गया। जिसके बाद परिजनों ने इसकी जानकारी नजदीकी पुलिस थाने में दी। मृतक के शव को पखांजुर हॉस्पिटल में पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है।
कुछ दिन पहले सड़क पार करते समय एक पूर्व सैनिक ने मुस्लिम समझकर उसके परिवार पर अपनी कार से हमला कर दिया था। इसके बाद महज 8 दिनों के भीतर क्राउड-फंडिंग के जरिए धृति के इलाज के लिए 6 लाख डॉलर (करीब 4.17 करोड़ रुपये) से ज्यादा जुटाए जा चुके हैं।
चुनावों के बीच गैंगरेप के इस मामले ने पूरे इलाके में रोष का माहौल पैदा कर दिया है। आरोपितों की गिरफ्तारी और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई को लेकर जगह-जगह प्रदर्शन हो रहे हैं। लेकिन अभी तक इस मामले में राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत या उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट का बयान नहीं आया है।
इन लड़कियों से पहले तो फ़र्ज़ी शादी का कॉन्ट्रैक्ट किया जाता है, फिर इन्हें चीन ले जाकर देह व्यापार की काली इंडस्ट्री में धकेल दिया जाता है। पाकिस्तान की इस कार्रवाई को चीन द्वारा मसूद अज़हर मामले में भारत के सामने झुकने से जोड़ कर देखा जा रहा है।
जब जूनागढ़ के जंगलों में एटीएस की महिलाओं व इस अपराधी का आमना-सामना हुआ, तो वह थोड़ी देर भी टिक नहीं सका। अपनी जान बचाने के लिए उसने तुरंत ही घुटने टेक दिए। इसके बाद महिला अधिकारियों ने उसे गिरफ़्तार कर लिया।
ज़मानत मिलने के बाद उक्त युवक और उग्र हो गया और उसने रिटायर्ड स्टेशन मास्टर के घर पहुँच कर उनसे मारपीट की। विरोध करने पर उसने फायरिंग भी की। सूचना पर पुलिस फिर पहुँची लेकिन आरोपित तब तक फरार हो गया था।
4 मई को बच्ची का जन्मदिन था और उसके लिए ज़ोर-शोर से तैयारियाँ चल रही थीं। केक और कपड़ों तक के ऑर्डर दे दिए गए थे। बलात्कारी ने बताया कि उसने बदनामी के डर से लड़की को मार दिया। उसने शव को छिपाने के लिए उसके ऊपर 2 भारी और बड़े पत्थर भी रख दिए।