ऑक्सफैम की रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि जब गुलाम बनाए गए देशों को आजादी भी मिली तो सत्ता ऐसे लोगों को सौंप दी गई, जो कि उन्हीं के चुने हुए कुछ अभिजात्य थे।
साल 2017 से मार्च 2024 तक के बीच में मोदी सरकार 1167 पाकिस्तानी नागरिकों को भारतीय नागरिकता का प्रमाण पत्र दे चुकी है और इन 55 लोगों को मिलाकर ये संख्या 1222 पहुँच गई है।