यूपी पुलिस की जाँच में यह पता चला है कि यह ऑडियो फेक था और जानबूझकर एडिट करके बनाया गया था। सोशल मीडिया मैनेजमेंट का कार्य करने वाले अतुल कुशवाहा ने इस मामले में थाने में शिकायत दर्ज कराई थी।
राणा आयूब का यह पहला कैम्पेन नहीं है जो संदेह के दायरे में आया है। इससे पहले उन्होंने महाराष्ट्र, बिहार और असम में राहत कार्यों के लिए कैम्पेन चलाया गया था। इस कैम्पेन में 68 लाख रुपए इकट्ठा हुए थे।