इकबाल मिर्ची की पत्नी हाजरा मेनन के साथ पूर्व केंद्रीय मंत्री और एनसीपी नेता प्रफुल्ल पटेल की एक संपत्ति को लेकर डील होने की बात सामने आई है। पटेल ने इसे स्वीकार करते हुए मिर्ची से संबंधों से इनकार किया है।
कमलेश तिवारी ने फेसबुक पर एक पोस्ट अपनी मौत से करीब दो दिन पहले साझा किया था। उन्होंने उस पोस्ट में लिखा था कि कैसे उन्हें यूपी आईबी से फोन कर इस सन्दर्भ में बताया गया था। इसी से यह भी पता चलता है कि कमलेश पहले से ही जिहादियों के निशाने पर थे।
J&K के डीजीपी ने कहा, विरोध-प्रदर्शन की अनुमति देने से पहले प्रशासन का ध्यान पूरी तरह शांति कायम करने पर है। उन्होंने कहा कि कुछ महिलाओं के हाथ में जो पोस्टर थे, वह बहुत अच्छे नहीं थे। निश्चित रूप से वे कानून और व्यवस्था के हित में नहीं थे।
AMUOSAK की ओर से पद्मश्री मुहम्मद को सम्मानित करने के लिए समारोह का आयोजन किया गया था। कई मुस्लिम छात्र संगठन इसका विरोध कर रहे थे। समारोह का उद्धाटन राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान को करना था।
हिंदू पक्षों ने मंदिर निर्माण और उसके प्रबंधन की देखरेख को शीर्ष अदालत को सुझाव दिए हैं। वहीं, मुस्लिम पक्षकारों ने यह बताया है कि यदि विवादित भूमि का मालिकाना अधिकार उन्हें नहीं मिलता है तो उस सूरत में क्या किया जा सकता है।
शर्मा को भूमाफियाओं से जान का खतरा था। करोड़ों रुपए की 70 बीघा ज़मीन को लेकर माफिया उन्हें कई बार जान से मरने की धमकी दे चुके थे। मेरठ पुलिस ने पाँच आरोपितों को गिरफ़्तार किया है।
1. अगर कोर्ट सजा नहीं देगा तो भारत के मु*#मान खुद तेरी सजा तय करेंगे। 2. तुम्हारे पैरों के नीचे कोई जमीन नहीं होगी। 3. यदि कानून हमारे प्रति वफादार नहीं होगा तो इसे अपने हाथों में लेना होगा। - वो 3 धमकी, जो कमलेश तिवारी को खुलेआम दी गई थी।
सूरत के मौलवी मोसिन सलीम शेख, फैजान पठान और शमीम रशीद को हिरासत में लिया गया है। रशीद को कंप्यूटर का ज्ञान है और वो दर्जी का काम करता है। इस मामले में कुछ और लोगों को हिरासत लिया गया था जिन्हें...
"तुम एक कॉल-गर्ल हो, मेरा बेटा तुमसे शादी नहीं करेगा, हम अपने बेटे की शादी दूसरी जगह करेंगे।" - यह सुनने के अगले ही दिन पीड़िता ने आत्महत्या कर ली। आत्महत्या करने से पहले पीड़िता ने सुसाइड नोट में...
“कमलेश तिवारी राह का काँटा था और जो कोई भी इस्लाम और मुस्लिमों की तरफ उँगली उठाएगा, उसका यही अंजाम होगा। अलहिंद ब्रिगेड जिम्मेदारी लेता है। और ज्यादा देखने के लिए तैयार हो जाओ। युद्ध शुरू हो गया है। अलहिंद ब्रिगेड कमलेश तिवारी की हत्या की जिम्मेदारी लेता है, जिसने इस्लाम और मुस्लिमों को बदनाम किया था।”