हैदराबाद निकाय चुनाव के नतीजों ने साफ कर दिया है कि हिंदी पट्टी से बाहर निकल कर उत्तर-पूर्व में दबदबा बनाने वाली बीजेपी अब बंगाल और दक्षिण में एंट्री ले रही है।
हैदराबाद के सहारे भाजपा को दक्षिण में मिलेगी एंट्री? GHMC के चुनाव में भाजपा ने नड्डा, योगी और शाह को क्यों उतारा? समझिए, इस दिलचस्प चुनाव का पूरा गणित।
जिस विषय में संविधान निर्माताओं को 1949 से पता था, उस पर कानून बनाने में इतनी देर आखिर क्यों? नियम बनने शुरू भी हुए हैं तो क्या ये काफी हैं, या हमें बहुत देर से और बहुत थोड़ा देकर बहलाया जा रहा है?
बात यह है कि हर मामले में खास मजहब का लड़का ही क्यों होता है? ईसाई या सिक्ख लड़के आखिर किसी हिन्दू लड़की को अपना नाम हिन्दू वाला बता कर प्रेम करते क्यों नहीं पाए जाते?
लव जिहाद कोई काल्पनिक राक्षस नहीं है। ये वीभत्स हकीकत है। मेरठ में हुआ प्रिया का केस शायद जैनब ने पढ़ा ही नहीं या निकिता के साथ जो तौसीफ ने किया उससे वो आजतक अंजान हैं।