2017 में सुप्रीम कोर्ट की तरफ से पटाखों पर लगाए गए प्रतिबंध के बाद इस तरह के पटाखों को बनाने के बारे में सोचा गया और इसी दिशा में काम करते हुए वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान परिषद (CSIR) ने ग्रीन क्रैकर्स के विकास में अहम भूमिका निभाई। इस चुनौतीपूर्ण कार्य में...
तहसीलदार फूलचंद कश्यप को 29 सितम्बर 2019 को अटरू तहसील ट्रांसफर किया गया। फिर एक संशोधित आदेश आया - उप-तहसील केलवाड़ा में भेजे जाने का। फिर एक और आदेश आया - वापस अटरू तहसील जाओ। ये सभी ट्रांसफर/आदेश 29 सितम्बर की तारीख को ही की गई।
DMCH में कार्यरत डॉक्टर प्रशांत वत्स 5 दिन कश्मीर में गुजार कर हाल ही में लौटे हैं। ऑपइंडिया ने उनसे बातचीत की, वहाँ का हाल जाना। डॉक्टर वत्स ने मीडिया के तमाम प्रोपेगेंडे को ध्वस्त करते हुए कुछ ऐसी बातें बताई, जिन्हें आप लोगों तक पहुँचाना ज़रूरी है।
कॉन्ग्रेस में ओल्ड गार्ड और न्यू गार्ड की लड़ाई 2007 में राहुल के पार्टी महासचिव बनने के बाद ही शुरू हो गई थी। पंजाब, राजस्थान और मध्य प्रदेश में इनके सामने राहुल को सरेंडर करना पड़ा था। अब सोनिया की वापसी के साथ ही ओल्ड गार्ड हिसाब चुकता करने में लग गए हैं।
इससे पहले आजम खान 2 अक्टूबर को अपने परिवार के साथ जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े मामले के संबंध में बयान दर्ज करवाने के लिए एसआईटी के सामने पेश हुए थे। इस दौरान जाँच टीम ने सपा सांसद से 150 सवाल पूछे थे। जिसके बाद उन्होंने बयान दिया था कि उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है।
"ऐसे कुछ लोग जो कि बजरंग दल और बीजेपी के पदाधिकारी थे और आज भी हैं। आईएसआई के लिए जासूसी करते हुए पकड़े गए थे। भाजपा के राज में उनकी जमानत हो गई। ये जमानत कैंसिल होना चाहिए। उन पर मुकदमा चलना चाहिए। देशद्रोह का मुकदमा चलना चाहिए।"
'गे फॉर जेके' के कार्यकर्ताओं ने कविता कृष्णन सहित अन्य वामपंथियों को आइना दिखाते हुए उन्हें बताया कि भारत का संविधान उन्हें मान्यता देता है कि जम्मू कश्मीर के संविधान में उनके लिए कोई जगह नहीं थी।
योगी ने विपक्षियों पर तंज कसते हुए कहा कि हमारे देश में राम का नाम लेते ही कुछ लोगों को हाई-वोल्टेज करंट लगता है। उन्होंने कहा कि भारत तभी तक बना रहेगा और मानव कल्याण का मार्ग यहाँ से गुजरता रहेगा, जब तक यह देश मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम से ख़ुद को जोड़ कर उनसे प्रेरणा लेता रहेगा।
खुद तमिल होने के बावजूद स्वामी हिंदी-संस्कृत को भारत की आधिकारिक और राष्ट्रीय भाषाएँ बनाए जाने की वकालत करते रहे हैं। उनके मुताबिक भारत की राष्ट्रीय भाषा संस्कृत होनी चाहिए, जिसे शनैः-शनैः बढ़ावा दे कर आधिकारिक भाषा बनने की तरफ़ ले जाना चाहिए।