तीन दिनों में 100 से अधिक वक्ताओं ने भाग लिया, 40 से ज्यादा पुस्तकों का विमोचन हुआ, लोकनृत्य, भक्ति संगीत और ओपन माइक जैसे कार्यक्रमों ने युवाओं को आकर्षित किया।
बेंगलुरु के जे.जे. नगर के कुछ हिस्सों में तनाव फैल गया है। यहाँ के वी.एस. गार्डन के पास ओम शक्ति मंदिर से निकाली जा रही देवी की रथयात्रा पर पत्थरबाजी हुई।