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Fact Check: पुलवामा अटैक पर मोदी के ठहाके! झूठ बोलती कविता कृष्णन को कौवे ने काटा

बड़े शर्म की बात है कि कविता कृष्णन ने देश की भावुकता को तार-तार करके देशहित से परे एक ग़ैर-ज़िम्मेदाराना रवैया अपनाया। इस तरह की ख़बरों का असर लोगों पर कई बार विपरीत भी पड़ सकता है।

जम्मू-कश्मीर में हुए आत्मघाती हमले की आग अभी देशवासियों के दिल में बुझी भी नहीं थी कि झूठ फैलाने वाले लोग जनता को भ्रमित और उन्हें बरगलाने का भरसक प्रयास कर रहे हैं। ऐसे भ्रष्ट लोग इसी ताक में रहते हैं कि कैसे इस ग़मगीन मौक़े का फ़ायदा उठाकर जनता को मोदी सरकार के ख़िलाफ़ ला खड़ा किया जाए।

ऐसी ही विकृत सोच के साथ कविता कृष्णन अपने ट्विटर हैंडल पर दिखीं। इन्होंने अपने ट्वीट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की हँसते हुए एक फोटो अपलोड की और उलाहना दिया कि पुलवामा हमले के बाद पूरा देश रो रहा है पर मोदी और उनके दोस्त नीतीश और साक्षी महाराज मुस्कुरा रहे हैं। बता दें कि यह फोटो वर्तमान की नहीं बल्कि दो साल से भी अधिक (मार्च 1, 2016) पुरानी है, जिसे कविता कृष्णन ने वर्तमान परिदृश्य से जोड़कर दिखाया।

कविता कृष्णन की यह ओछी हरक़त उनकी भ्रष्ट बुद्धि और विचारधारा को स्पष्ट करता है। अपने इस निंदनीय आचरण से वो देश की जनता को भड़काने के उद्देश्य को पूरा करती दिखीं।

भले ही देश आज अपने जवानों को खो देने की पीड़ा से गुज़र रहा हो, लेकिन वो सही और ग़लत को समझने में पूरी तरह से सक्षम हैं। इसी के चलते तमाम ट्विटर यूज़र्स ने कविता कृष्णन के इस ट्वीट का पुरज़ोर विरोध किया और अपनी प्रतिक्रिया दर्ज की।

अपने ट्विटर हैंडल से चिंतन शाह ने लिखा कि कविता कृष्णन, मोदी विरोधी एजेंडी को पूरा कर रही हैं।

कविता कृष्णन के द्वारा फैलाया गया झूठ ख़ुद उन्हीं पर भारी पड़ा, जब लोगों ने उन्हें सच से वाक़िफ़ कराया। एक ट्विटर यूजर ने तो उन्हें जिहादी मैम तक लिख दिया और बताया कि जो फोटो आप अपने एजेंडे को फैलाने के लिए इस्तेमाल कर रही हैं वह 2016 की है। कुछ शर्म करो और हमारे सैनिकों के बलिदान पर राजनीति करना बंद करो।

सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री मोदी को ग़लत रूप से चित्रित करके फैलाया गया यह झूठ कविता कृष्णन को काफ़ी महँगा पड़ गया। वो इसलिए क्योंकि लोगों ने उन्हें उनके किए के लिए काफ़ी खरी-खोटी सुनाई। एक ट्विटर यूज़र ने उन्हें Godmother कहते हुए लिखा कि @kavita_krishnan सेना-विरोधी कश्मीरियों की रक्षा में व्यस्त हैं, उनकी पार्टी के कार्यकर्ता अपना एजेंडा चलाने के लिए मोदी-नीतीश की पुरानी तस्वीरें फैला रहे हैं।

बता दें कि कविता कृष्णन ऑल इंडिया प्रोगेसिव वुमेन एसोसिएशन की सेक्रेटरी और CPM (ML) पोलित ब्यूरो की सदस्य हैं। बड़े शर्म की बात है कि इन्होंने देश की भावुकता को तार-तार करके देशहित से परे एक ग़ैर-ज़िम्मेदाराना रवैया अपनाया। इस तरह की ख़बरों का असर लोगों पर कई बार विपरीत पड़ सकता है और इसका ख़ामियाजा कविता कृष्णन जैसे कुटिल लोग नहीं बल्कि देश की भोली-भाली जनता भुगतती है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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