Sunday, January 24, 2021
Home विविध विषय अन्य ऑपइंडिया टॉप 10: साल भर की वो खबरें जो सबसे ज्यादा पढ़ी गईं, जिसे...

ऑपइंडिया टॉप 10: साल भर की वो खबरें जो सबसे ज्यादा पढ़ी गईं, जिसे वामपंथियों ने छुपाया

रवीश के ऑपइंडिया और एडिटर अजीत भारती पर निजी हमले से ले कर मंदिरों की मूर्तियाँ तोड़ने, कश्मीर के मस्जिदों से हिन्दू औरतों की माँग, सिख नरसंहार की फाइलों के दोबारा खुलने और मेरठ से 125 हिन्दू परिवारों के पलायन की खबरें, इस साल सबसे ज्यादा पढ़ी गईं।

वर्ष 2019 जाने वाला है और इसी के साथ ऑपइंडिया हिन्दी के भी एक साल पूरे हो रहे हैं। इस साल राजनीति और समाज से ले कर न्यायपालिका और मीडिया से जुड़ी कई ऐसी खबरें थीं जिन्हें पाठकों ने खूब पढ़ा और पसंद किया। रवीश के ऑपइंडिया और एडिटर अजीत भारती पर निजी हमले से ले कर मंदिरों की मूर्तियाँ तोड़ने, कश्मीर के मस्जिदों से हिन्दू औरतों की माँग, सिख नरसंहार की फाइलों के दोबारा खुलने और मेरठ से 125 हिन्दू परिवारों के पलायन की वो खबरें जो इस साल सबसे ज्यादा पढ़ी गईं। 

हम आपके लिए उन खबरों को संक्षिप्त तरीके से दोबारा रख रहे हैं: 

फिर से खुलेंगी 1984 सिख नरसंहार से जुड़ी फाइल्स, कई नेताओं की परेशानी बढ़ी: गृह मंत्रालय का अहम फैसला

इस खबर में प्रमुख बात ये थी कि दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमिटी के प्रतिनिधियों की बातें सुनने के बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने जाँच का दायरा बढ़ा दिया। गृह मंत्रालय ने कहा कि 1984 सिख विरोधी दंगे के वीभत्स रूप को देखते हुए इससे जुड़े सभी ऐसे गंभीर मामलों में जाँच फिर से शुरू की जाएगी, जिसे बंद कर दिया गया था या फिर जाँच पूरी कर ली गई थी। बता दें कि एसआईटी ने क़ानूनी सलाह लेने के बाद सिख नरसंहार से जुड़े उन मामलों की सूची तैयार करनी शुरू कर दी है, जिनमें आरोपितों को बरी कर दिया गया या फिर दोषमुक्त कर दिया गया।

शिवसेना विधायकों ने उद्धव ठाकरे के खिलाफ खोला मोर्चा, पूछा- सीएम पद के लिए क्यों लगाया दाँव पर

खबर केंद्रित है उस घटनाक्रम पर जब शिवसेना ने अपने विधायकों को मुंबई के मलाड स्थित रिट्रीट होटल में कैद कर रखा था। टाइम्स नाउ की रिपोर्ट के मुताबिक होटल में कैद विधायक बगावत पर उतर आए थे। उनके तेवर ने उद्धव ठाकरे को भी होटल आने पर मजबूर कर दिया था। बागी विधायक खुद अपने निर्वाचन क्षेत्र में जाना चाहते थे। इन विधायकों का कहना था कि ठाकरे परिवार निजी फायदे के लिए सीएम पद की मॉंग पर अड़ी रही। कुछ विधायकों ने एनसीपी से हाथ मिलाने के फैसले का भी ये विरोध करते हुए कहा था- सारी मलाई खुद हड़प जाएँगे शरद पवार।

प्रिय रवीश जी, छोटे रिपोर्टर को अपमानित करने से आपका कब्ज नहीं जाएगा, चाहे कितना भी कुथिए

अयोध्या में दिवाली मनाया जा रहा था जिसकी भव्यता देखकर रिपोर्टर ने लिखा था कि यह दृश्य ऐसा था जिसे महसूस किया जा सकता है, बयाँ करना मुश्किल है। इसी लाइन से रवीश जी की सबसे ज़्यादा सुलग गई थी क्योंकि अयोध्या में लाखों दीपक जल रहे थे और उसके ताप को रवीश ने ऐसा महसूस किया कि बयाँ करने से रह नहीं पाए! इस खबर में रवीश कुमार ने एक रिपोर्टर के रिपोर्ट का मजाक सिर्फ इसलिए उड़ाया क्योंकि वो रिपोर्टर उनके जितना बड़ा पत्रकार नहीं है और दूसरी बात उसने रिपोर्ट अयोध्या के दीपोत्सव पर लिखी। और गलती से सरकार के आयोजन की तारीफ कर दी।

मुस्लिमों ने हिन्दू परिवार को दिवाली मनाने से रोका: प्रताड़ित किया, घर की लाइट्स तोड़ीं, FIR दर्ज

रिपोर्ट एक व्यथा की कथा है, जिसमे पीड़ित अपना दर्द खुद बयान करता है, “हर साल की तरह, मेरी पत्नी प्रियंका शर्मा को मोमबत्ती जलाने और दिवाली पर अपनी रंगोली बनाने से रोका गया है। असामाजिक तत्व जो सोसायटी में रहते हैं, रेहान पेटीवाला, सलीम और मुस्तफा ने लाइट्स तोड़ दीं। हर साल वे ऐसा करते हैं और यहाँ तक कि हमारे भगवान और देवी-देवताओं का भी मजाक उड़ाते हैं। बकरा ईद पर, वे हमें अपना दरवाज़ा खुला रखने के लिए मजबूर करते हैं और वे हमारे घर के सामने बकरियों का वध करते हैं। लेकिन, मैंने कभी कुछ नहीं कहा क्योंकि यह उनका त्योहार है। क्योंकि हम हिन्दू हैं, हमारा मज़ाक उड़ाया जाता है, दबाव डाला जाता है और ऐसी स्थिति बनाई जाती है कि हम जल्द ही इस क्षेत्र को छोड़ दें।”

ख़ुद में ‘ढुका लाग के’ देखिए रवीश जी, दूसरों को ‘लबरा’ बता कर नेतागिरी करना बंद कर देंगे

स्टोरी में रवीश कुमार केंद्र में हैं और जगह हैं पूर्वी चम्पारण में स्थित सोमेश्वरनाथ महादेव की धरती- अरेराज। रवीश ने अपने गृहक्षेत्र में भोजपुरी में झूठ बोल कर दूसरों को ‘लबरा’ बताया था। हमेशा की तरह प्रधानमंत्री पर गंभीर आरोप लगाए थे। रवीश कुमार ने पत्रकारिता के साथ नेतागिरी की शुरुआत करते हुए एक नमूना पेश किया था, “जे हमरा दिमाग में आई से कहेब लेकिन लबरई ना कहेब। काहे कि हमरा सरकार बनावे के त नइखे। त ना हम लबरई ढिलेम आ ना रउआ लोगन लबरई लपेटेम।”

‘मंदिर में प्रतिमाएँ तोड़ीं, लगाए ‘अल्लाहु-अकबर’ के नारे’: स्थानीय लोगों में गुस्सा, तनाव के बीच वीडियो वायरल

मामला दिल्ली के चाँदनी चौक इलाक़े में मुस्लिम समाज के लोगों द्वारा मंदिर में तोड़फोड़ करने का था, प्रमुखता से जोर इस बात पर था कि “ये पाकिस्तान नहीं बल्कि दिल्ली के चावड़ी बाजार का हिन्दू मंदिर है। जहाँ धर्म विशेष की भीड़ ने मंदिर में घुसकर वहाँ की मूर्तियों को तोड़ा है।” रिपोर्ट में स्थानीय लोगों के अनुसार लिखा गया था कि पहले साज़िश के तहत यह अफवाह फैलाई गई कि एक मुस्लिम व्यक्ति की भीड़ द्वारा हत्या कर दी गई है और उससे जबरदस्ती ‘जय श्री राम’ बुलवाया गया है। इस अफवाह के बाद मुस्लिम मॉब मंदिर में घुस आई और मूर्तियों को तोड़-फोड़ दिया।

‘हमें सिर्फ़ हिंदू औरतें चाहिए, हिंदू मर्द नहीं’– कश्मीर की हर मस्जिद से 19/1/1990 की रात आ रही थी यही आवाज

“उस रात इस्लामी आतंकियों ने 3 विकल्प दिए थे- कश्मीर छोड़ दो, धर्मांतरण कर लो या मारे जाओ। इसके बाद गिरिजा टिक्कू का सामूहिक बलात्कार कर टुकड़ों में काट दिया गया। बीके गंजू को गोली मारी गई और उनकी पत्नी को खून से सने चावल (वो भी पति के ही खून से सने) खाने को मजबूर किया गया।” इतना ही नहीं पीड़िता ने यह भी बताया, “मेरे दादाजी रसोई की चाकू और जंग लगी कुल्हाड़ी लेकर हमें मारने के लिए खड़े थे, ताकि वो हमें उस बर्बरता से बचा सकें, जो जिंदा रहने पर हमारा आगे इंतजार कर रही थी।”

10 गलियाँ हुईं सुनसान, 125 हिन्दू परिवारों के पलायन के बाद मेरठ बन रहा दूसरा कैराना

खबर उत्तर प्रदेश के मेरठ से है जो नया कैराना बन रहा था। यहाँ से हिन्दू पलायन करने को मज़बूर थे वजह वही समुदाय विशेष। वहाँ के स्थानीय हिन्दुओं का कहना था, “समुदाय विशेष के लोग स्टंटबाजी, छेड़खानी, लूटपाट, अवैध पार्किंग, हूटिंग और हुड़दंग करते हैं। आपत्ति जताने पर कहते हैं यब सब उनका अधिकार है। अब तक पलायन से 10 गालियाँ सुनसान हो चुकी हैं।” लोगों ने तो यह भी बताया था कि थोड़ी-थोड़ी सी बात पर शरारती तत्व भीड़ लगा देते हैं और हुड़दंग चालू कर देते हैं। समुदाय विशेष के लोग बहुसंख्यकों के मकान के सामने अपनी गाड़ी खड़ी कर देते हैं और मना करने पर गाली-गलौज करते हैं। एक स्थानीय महिला ने कहा कि विरोध करने पर वो कहते हैं कि यह सब उनका अधिकार है।

मेरी अंतिम इच्छा है कि मरने से पहले इस मामले को अंजाम तक पहुँचा दूँ: रामलला के 92 वर्षीय वकील

कहानी है, 2012 से 2018 तक राज्यसभा सांसद रह चुके पराशरण के बारें में जो 70 के दशक से ही अधिकतर सरकारों के फेवरिट वकील रहे हैं। धार्मिक पुस्तकों का उन्हें इतना ज्ञान है कि वह अदालत में बहस के दौरान भी उनका जिक्र करते रहते हैं। उन्हें हिंदुत्व का विद्वान माना जाता है। धार्मिक पुस्तकों का उन्हें इतना ज्ञान है कि वह अदालत में बहस के दौरान भी उनका जिक्र करते रहते हैं। तभी तो मद्रास HC के पूर्व मुख्य न्यायाधीश उन्हें ‘भारतीय वकालत के पितामह’ कहते हैं। अयोध्या के फैसले में उनकी भूमिका भगवान राम के प्रति समर्पण और उनकी आस्था का प्रमाण भी है। उन्होंने अदालत में कहा, “मैं अपने श्रीराम के लिए इतना तो कर ही सकता हूँ।

खिसियाया रवीश ऑपइंडिया नोचे: न्यूज़लॉन्ड्री का लेख रवीश ने ही लिखवाया, एडिट किया, नहीं चला तो खुद शेयर किया
बात यहाँ हो रही है उस प्रपंची पत्रकार की जो हर उस आदमी को गोदी मीडिया, आईटी सेल, व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी बोल देते हैं, जो उनके पाखंड की पोल खोलने की जुर्रत करता है। लेखक ने इस बात पर जोर देते हुए कहा है, “मुझे भरोसा है कि रवीश जी सबका नाम किसी कॉपी में लिखकर रख रहे होंगे कि जब राहुल गाँधी प्रधानमंत्री बनेंगे तो उनसे बोलकर सबको जेल भिजवाएँगे।” इसी रिपोर्ट में इस बात का भी खुलासा है कि ऑपइंडिया के खिलाफ एक लेख रवीश जी ने ही पोस्ट करवाया है। उसका ड्राफ़्ट भी उनसे चेक कराया गया था। वेबसाइट पर जब अपलोड किया गया तो तीन दिन तक जब कोई रिस्पॉन्स नहीं आया। तब रवीश जी ने परेशान होकर ख़ुद ही फ़ेसबुक पर शेयर किया ताकि ऑपइंडिया की पोल खुल जाए। लेकिन हो गया उल्टा।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

Editorial Deskhttp://www.opindia.com
Editorial team of OpIndia.com

 

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

जय श्री राम के उद्घोष से भड़कीं ममता बनर्जी, PM मोदी से कहा- बुलाकर बेइज्जती करना ठीक नहीं

जैसे ही ममता बनर्जी मंच पर भाषण देने पहुँचीं बीजेपी कार्यकर्ता तुरंत जय श्री राम और भारत माता की जय के नारे लगाने लगे, जिससे वो खफा हो गईं।

ये पल भावुक करने वाला, नेताजी के नाम से मिलती है नई ऊर्जा: जानिए PM मोदी ने ‘पराक्रम दिवस’ पर क्या कहा

“मैं नेता जी की 125वीं जयंती पर कृतज्ञ राष्ट्र की ओर से उन्हें नमन करता हूँ। मैं आज बालक सुभाष को नेताजी बनाने वाली, उनके जीवन को तप, त्याग और तितिक्षा से गढ़ने वाली बंगाल की इस पुण्यभूमि को भी नमन करता हूँ।”

पुलिस को बदनाम करने के लिए रची गई थी साजिश, किसान नेताओं ने दी थी हत्या की धमकी: योगेश सिंह का खुलासा

साथ ही उन्होंने उसे बुरी तरह धमकाया कि अगर उसने उनका कहा नहीं माना तो उसे गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे। उसकी पिटाई की गई। ट्रॉली से उलटा लटका कर उसे मारा गया।

मुनव्वर फारूकी ने कोई ‘जोक क्रैक’ नहीं किया तो जैनब सच-सच बतलाना कमलेश तिवारी क्यों रेता गया

कितनी विचित्र विडंबना है, धार्मिक भावनाएँ आहत होती हैं और उनका विरोध होता है तो साम्प्रदायिकता! लेकिन मज़हबी जज़्बात आहत होते हैं तो...।

‘किसान’ नेताओं के मर्डर की कहानी को दमदार बनाने के लिए ‘नकाबपोश’ योगेश के मोबाइल में डाली 4 तस्वीरें

जिस नकाबपोश को शूटर बता किसान नेताओं ने देर रात मीडिया के सामने पेश किया था उसने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं।

सेना राष्ट्रवादी क्यों, सरकार से लड़ती क्यों नहीं: AAP वाले रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल ने ‘द प्रिंट’ में छोड़ा नया शिगूफा

लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) HS पनाग पनाग चाहते हैं कि सेना को लेकर जम कर राजनीति हो, उसे बदनाम किया जाए, दुष्प्रचार हो, लेकिन सेना को इसका जवाब देने का हक़ नहीं हो क्योंकि ये राजनीतिक हो जाएगा।

प्रचलित ख़बरें

नकाब हटा तो ‘शूटर’ ने खोले राज, बताया- किसान नेताओं ने टॉर्चर किया, फिर हत्या वाली बात कहवाई: देखें Video

"मेरी पिटाई की गई। मेरी पैंट उतार कर मुझे पीटा गया। उलटा लटका कर मारा गया। उन्होंने दबाव बनाया कि मुझे उनका कहा बोलना पड़ेगा। मैंने हामी भर दी।"

मटन-चिकेन-मछली वाली थाली 1 घंटे में खाइए, FREE में ₹1.65 लाख की बुलेट ले जाइए: पुणे के होटल का शानदार ऑफर

पुणे के शिवराज होटल ने 'विन अ बुलेट बाइक' नामक प्रतियोगिता के जरिए निकाला ऑफर। 4 Kg की थाली को ख़त्म कीजिए और बुलेट बाइक घर लेकर जाइए।

मदरसा सील करने पहुँची महिला तहसीलदार, काजी ने कहा- शहर का माहौल बिगड़ने में देर नहीं लगेगी, देखें वीडियो

महिला तहसीलदार बार-बार वहाँ मौजूद मुस्लिम लोगों को मामले में कलेक्टर से बात करने के लिए कह रही है। इसके बावजूद लोग उसकी बात को दरकिनार करते हुए उसे धमकाते हुए नजर आ रहे हैं।

‘नकाब के पीछे योगेंद्र यादव’: किसान नेताओं को ‘शूट करने’ आए नकाबपोश की कहानी में लोचा कई

किसान नेताओं ने एक नकाबपोश को मीडिया के सामने पेश किया, जिसने दावा किया कि उसे किसान नेताओं को गोली मारने के लिए रुपए मिले थे।

‘कोहली के बिना इनका क्या होगा… ऑस्ट्रेलिया 4-0 से जीतेगा’: 5 बड़बोले, जिनकी आश्विन ने लगाई क्लास

अब जब भारत ने ऑस्ट्रेलिया में जाकर ही ऑस्ट्रेलिया को धूल चटा दिया है, आइए हम 5 बड़बोलों की बात करते हैं। आश्विन ने इन सबकी क्लास ली है।

शाहजहाँ: जिसने अपनी हवस के लिए बेटी का नहीं होने दिया निकाह, वामपंथियों ने बना दिया ‘महान’

असलियत में मुगल इस देश में धर्मान्तरण, लूट-खसोट और अय्याशी ही करते रहे परन्तु नेहरू के आदेश पर हमारे इतिहासकारों नें इन्हें जबरदस्ती महान बनाया और ये सब हुआ झूठी धर्मनिरपेक्षता के नाम पर।
- विज्ञापन -

 

अमित शाह ने किया ‘आयुष्मान CAPF’ का शुभारंभ: 28 लाख से अधिक जवान देश में कहीं भी करा पाएँगे इलाज

आयुष्मान CAPF योजना के तहत CAPF के लगभग 10 लाख जवान और अधिकारी और 50 लाख के आसपास उनके परिवार और परिजन देश के अंदर 24 हज़ार अस्पतालों में सिर्फ कार्ड लेकर उसे स्वैप करके इलाज करा सकते हैं।

बहन को फुफेरे भाई कासिम से था इश्क, निक़ाह के एक दिन पहले बड़े भाई फिरोज ने की हत्या: अश्लील फोटो बनी वजह

इस्लामुद्दीन की 19 वर्षीय बेटी फिरदौस के निक़ाह की तैयारियों में पूरा परिवार जुटा हुआ था। तभी शनिवार की सुबह घर में टूथपेस्ट कर रही फिरदौस को अचानक उसके बड़े भाई फिरोज ने तमंचे से गोली मार दी।

योगेंद्र यादव का दावा- गणतंत्र दिवस के दिन ट्रैक्टर रैली की मिली अनुमति, दिल्ली पुलिस ने किया इनकार

“बैरिकेड्स हटाए जाएँगे और हम दिल्ली में प्रवेश करेंगे। किसानों के ट्रैक्टर परेड से गणतंत्र दिवस के परेड या सुरक्षा इंतजाम पर किसी तरह का कोई असर नहीं पड़ेगा। किसानों का ट्रैक्टर परेड ऐतिहासिक होगा।”

कॉन्ग्रेस ने योगी सरकार को घेरने के लिए शेयर किया महिला का वीडियो, यूपी पुलिस पर लगाए झूठे आरोप: जानें क्या है सच

जिस भ्रामक दावे के साथ कॉन्ग्रेस पार्टी ने उत्तरप्रदेश सरकार को बदनाम करने के लिए चित्रित करने का प्रयास किया वह असल में उनकी सोच के बिल्कुल विपरीत निकला।

मदरसा सील करने पहुँची महिला तहसीलदार, काजी ने कहा- शहर का माहौल बिगड़ने में देर नहीं लगेगी, देखें वीडियो

महिला तहसीलदार बार-बार वहाँ मौजूद मुस्लिम लोगों को मामले में कलेक्टर से बात करने के लिए कह रही है। इसके बावजूद लोग उसकी बात को दरकिनार करते हुए उसे धमकाते हुए नजर आ रहे हैं।

गणतंत्र दिवस के पहले नोएडा, गाजियाबाद सहित इन 6 जगहों पर बम रखे जाने की अफवाह: यूपी पुलिस अलर्ट

गणतंत्र दिवस से पहले उत्तर प्रदेश में भय और आतंक का माहौल है। उत्तर प्रदेश के नोएडा, गाजियाबाद, कानपुर और इलाहाबाद में इस सप्ताह 6 फर्जी बम रखे जाने की अफवाह के बाद पुलिस सतर्क हो गई है।

किसानों के समर्थन में कॉन्ग्रेस का राजभवन मार्च: दिग्विजय समेत 20 नेता गिरफ्तार, उत्तराखंड में भी हाथापाई पर उतरे कॉन्ग्रेसी

देहरादून में भी कृषि विरोधी प्रदर्शनकारियों ने राजभवन पहुँचने के लिए पुलिस बैरिकेट्स तोड़ने की कोशिश की। जब पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो प्रदर्शनकारी पुलिस अधिकारियों के साथ हाथापाई पर उतर गए।

जय श्री राम के उद्घोष से भड़कीं ममता बनर्जी, PM मोदी से कहा- बुलाकर बेइज्जती करना ठीक नहीं

जैसे ही ममता बनर्जी मंच पर भाषण देने पहुँचीं बीजेपी कार्यकर्ता तुरंत जय श्री राम और भारत माता की जय के नारे लगाने लगे, जिससे वो खफा हो गईं।

ये पल भावुक करने वाला, नेताजी के नाम से मिलती है नई ऊर्जा: जानिए PM मोदी ने ‘पराक्रम दिवस’ पर क्या कहा

“मैं नेता जी की 125वीं जयंती पर कृतज्ञ राष्ट्र की ओर से उन्हें नमन करता हूँ। मैं आज बालक सुभाष को नेताजी बनाने वाली, उनके जीवन को तप, त्याग और तितिक्षा से गढ़ने वाली बंगाल की इस पुण्यभूमि को भी नमन करता हूँ।”

पुलिस को बदनाम करने के लिए रची गई थी साजिश, किसान नेताओं ने दी थी हत्या की धमकी: योगेश सिंह का खुलासा

साथ ही उन्होंने उसे बुरी तरह धमकाया कि अगर उसने उनका कहा नहीं माना तो उसे गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे। उसकी पिटाई की गई। ट्रॉली से उलटा लटका कर उसे मारा गया।

हमसे जुड़ें

272,571FansLike
80,695FollowersFollow
385,000SubscribersSubscribe