Homeदेश-समाजबलात्कार आरोपित बिशप मुलक्कल के विरोध में उतरी एक और नन का तबादला

बलात्कार आरोपित बिशप मुलक्कल के विरोध में उतरी एक और नन का तबादला

समूह प्रमुख ने आरोप लगाया है कि सिस्टर समुदाय और इसके रोजमर्रा के धार्मिक जीवन का हिस्सा बने रहने से इनकार कर बगावत के रास्ते पर जा रही हैं।

बलात्कार के आरोपित बिशप फ्रैंको मुलक्कल के ख़िलाफ़ प्रदर्शन में शामिल रही एक नन को उनके समूह ने तबादला आदेश जारी कार दिया है। केरल में 4 अन्य ननों को अपना कान्वेंट छोड़ने के लिए कहे जाने के आदेश के कुछ ही दिनों बाद यह फ़ैसला लिया गया है।

बलात्कार पीड़िता नन के साथ रह रहीं सिस्टर नीना रोज को ‘मिशनरीज़ ऑफ जीसस’ समूह के जालंधर कान्वेंट को रिपोर्ट करने और सुपीरियर जनरल सीनियर रेगीना कंदमथोट्टू से 26 जनवरी को मिलने के लिए कहा गया है।

केरल की एक नन ने रोमन कैथलिक चर्च के बिशप मुलक्कल पर 2014 से 2016 के बीच दुष्कर्म और अप्राकृतिक सेक्स करने का आरोप लगाया था। जून में कोट्टयम पुलिस को दी गई शिकायत में नन ने आरोप लगाया था कि बिशप ने मई 2014 में कुराविलंगा गेस्ट हाउस में उसके साथ दुष्कर्म किया और लंबे समय तक यौन शोषण करते रहे।

आज की रिपोर्ट के अनुसार, समूह प्रमुख ने आरोप लगाया है कि सिस्टर समुदाय और इसके रोजमर्रा के धार्मिक जीवन का हिस्सा बने रहने से इनकार कर बगावत के रास्ते पर जा रही हैं। इससे पहले, प्रमुख ने प्रदर्शन में भाग लेने वाली 4 ननों को तबादला आदेश जारी किया था।

नीना रोज को लिखे अपने पत्र में समूह के सुपीरियर जनरल ने चेतावनी दी है कि आदेश का अनुपालन करने में नाकाम रहने को आदेश का जानबूझ कर किया गया उल्लंघन माना जाएगा।

ज्ञात हो कि कथित पीड़िता नन और 4 अन्य ने मुख्यमंत्री पिनराई विजयन को पत्र लिख कर अपने तबादला आदेश के क्रियान्वयन पर मामले की सुनवाई पूरी होने तक रोक सुनिश्चित करने का अनुरोध किया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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