होली के रंगों से सराबोर देश में दिल्ली के उत्तम नगर की तर्ज पर एटा के मोहल्ला काजी में एक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। मुस्लिम समुदाय के तीन सगे भाइयों ने होली खेल रहे ST हिंदू युवक आकाश को कपड़ों पर रंग गिरने के बहाने गंदी गालियाँ दीं, फिर लाठी-डंडे और पिस्तौल की बट से पीट-पीटकर अधमरा कर दिया। पीड़ित की बहन और भाभी बचाने आईं तो उनके साथ भी मारपीट की गई।
आरोपितों ने पीड़ित दलित परिवार इलाका छोड़ने की धमकी देते हुए कहा, “तुम्हें यहाँ रहने नहीं देंगे, जान से मार देंगे।” यह घटना ठीक दिल्ली के उत्तम नगर वाली हत्या की तरह है, जहाँ होली के पानी के गुब्बारे के विवाद में मुस्लिम युवकों ने 26 वर्षीय तरुण कुमार की पत्थर मारकर हत्या कर दी थी।
रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली की तर्ज पर एटा जिले के सकीट थाना क्षेत्र के मोहल्ला काजी में 4 मार्च 2026 को रात 8 बजे ठीक वैसी ही घटना घटी। 22 वर्षीय आकाश पुत्र विनोद अपने घर के बाहर होली खेल रहा था। इसी दौरान मोहल्ले के ही अरबाज, शाहबाज और मुस्तफा (तीनों सगे भाई, अब्बू का नाम मुइल्तयार अली) उधर से गुजरे। गलती से रंग उनके कपड़ों पर गिर गया। इसके बाद तीनों ने आकाश की माँ-बहन को गंदी-गंदी गालियाँ देना शुरू कर दिया।
आकाश ने गालियाँ बंद करने को कहा तो आरोपियों ने उसे जमीन पर गिराकर लाठी-डंडों से जमकर पीटा। अरबाज ने अपने पास रखी तमंचे की बट से आकाश के सिर पर जोरदार वार किया। सिर फट गया, नाक में गंभीर चोट आई। खून से लथपथ आकाश की चीख सुनकर बहन और भाभी बचाने पहुँचीं तो मुस्तफा और अरबाज ने उनके साथ भी मारपीट की। काफी भीड़ इकट्ठा हो गई तो आरोपितों ने धमकाते हुए कहा, “च**रो, तुम्हें यहाँ रहने नहीं देंगे” और जान से मारने की धमकी देकर भाग गए।

पीड़ित आकाश ने शुक्रवार (6 मार्च 2026) को सकीट थाने में लिखित तहरीर दी। इसमें भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2) (स्वेच्छा से गंभीर चोट पहुँचाना), 351(3) (हमला), 352 (मारपीट) और अनुसूचित जाति एवँ जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 की धारा 3(2)(va) लगाई गई। पीड़ित दलित समुदाय से है, इसी कारण SC/ST एक्ट भी दर्ज किया गया है।
FIR की कॉपी के मुताबिक, पीड़ित ने बताया, “प्रार्थी के माँ-बहन की गंदी गाली देने लगे… जमीन पर गिराकर लाठी डंडे से जमकर मारा पीटा… अरबाज ने तमंचे की बट से सिर पर वार किया… बहन बीना व भाभी वर्षा बचाने आईं तो मुस्तफा व अरबाज ने मारपीट की… चमारो तुम्हें यहाँ रहने नहीं देगें… जान से मारने की धमकी देते हुए भाग गए।”
थाना प्रभारी विदेश राठी ने बताया, “होली के दिन मोहल्ला काजी में मारपीट हुई, आकाश पुत्र विनोद को गंभीर चोटें आई हैं। चिकित्सकीय परीक्षण कराया गया। तहरीर के आधार पर FIR दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है। आरोपितों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज है, जाँच चल रही है।”
दिल्ली और एटा की घटनाओं का पैटर्न एक जैसा
मोहल्ला काजी में दोनों समुदायों के लोग रहते हैं। घटना के बाद हल्का तनाव है, लेकिन पुलिस ने भारी फोर्स तैनात कर स्थिति नियंत्रण में रखी है। आकाश का परिवार डरा हुआ है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि छोटी सी बात पर इस कदर बेरहमी से पीटा गया, जैसे दिल्ली में तरुण के साथ हुआ। दोनों मामलों में सगे भाइयों का गिरोह, होली का बहाना, गाली-गलौज से शुरू होकर हत्या/अधमरा करने तक का पैटर्न एक जैसा है। दिल्ली में उमरुद्दीन, कमरुद्दीन जैसे भाइयों ने तरुण को मार डाला, तो एटा में अरबाज, शाहबाज, मुस्तफा ने आकाश को निशाना बनाया।

दोनों घटनाएँ त्योहार के मौके पर सांप्रदायिक हमलों के मामलों को उजागर करती हैं। हिंदू युवक छोटी सी गलती या बहाने पर निशाने पर आ जाते हैं। एटा पुलिस ने आश्वासन दिया है कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह घटना सिर्फ एक FIR नहीं, बल्कि पूरे देश में होली जैसे त्योहारों पर बढ़ते सांप्रदायिक हमलों का प्रतिबिंब है।


